ताजा खबर

18-Oct-2021 10:50 PM (41)

शासन के तर्क को माना कि धार्मिक आधार पर नहीं हो रहा भेदभाव

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बिलासपुर, 18 अक्टूबर।
बिलासपुर कलेक्टर के ईद पर जुलूस निकालने पर रोक के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका को हाईकोर्ट ने खारिज कर दी है। हाईकोर्ट ने राज्य शासन के इस तर्क को माना है कि हिन्दू मुस्लिम समुदाय के बीच ऐसे आदेश में कोई भेदभाव नहीं किया जा रहा है।

मालूम हो कि भाजपा के अल्पसंख्यक मोर्चे ने बीते दिनों बिलासपुर कलेक्ट्रेट में एक आवेदन देकर मांग की थी कि ईद पर उन्हें जुलूस निकालने की अनुमति दी जाये। इस संबंध में जिला प्रशासन ने राज्य सरकार से राय मांगी थी। राज्य सरकार ने राज्य के वक्फ बोर्ड से सुझाव मांगा था, जिसमें बोर्ड ने जुलूस निकालने पर रोक लगाने की सहमति दी थी।

इस पर रायपुर, बिलासपुर व विभिन्न जिलों के कलेक्टर्स ने ईद पर जुलूस निकालने के आवेदनों को खारिज किया था। इसके विरुद्ध बिलासपुर की उसकी दीन कमेटी के हाजी गफूर हुसैन और अन्य ने एक रिट पिटीशन हाईकोर्ट में दायर की, जिसमें वक्फ बोर्ड व शासन के निर्देश को चुनौती दी गई।

शासन की ओर से याचिका में शामिल इस तथ्य को गलत बताया गया कि धार्मिक आधार पर जुलूस निकालने की अनुमति देने में भेदभाव किया जा रहा है। महाधिवक्ता सतीश चंद्र वर्मा ने शासन की ओर से बताया कि दुर्गोत्सव, दशहरा व इस बीच आये अन्य हिंदू त्यौहारों में कोविड-19 के चलते अनेक प्रतिबंध लगाये गये है। यही प्रतिबंध ईद पर निकाले जाने वाले जुलूस पर भी है।

हाईकोर्ट में सुनवाई के बाद राजेंद्र सिंह सामंत रे सामंत की सिंगल बेंच ने जुलूस निकालने की अनुमति देने की याचिका खारिज कर दी।


18-Oct-2021 10:09 PM (98)

गिरजा शंकर नारायण पुर एसपी

'छत्तीसगढ़' संवाददाता
रायपुर, 18 अक्टूबर।
भारतीय पुलिस सेवा के तीन अफसरों को इधर से उधर किया गया है l इस कड़ी में गिरजा शंकर जायसवाल को नारायणपुर एसपी बनाया गया है l
 आईपीएस विवेक शुक्ला को सीएम का सुरक्षा अधिकारी बनाया गया है l उदय किरण को एआईजी पुलिस मुख्यालय में पदस्थ किया गया हैl


18-Oct-2021 9:50 PM (107)

 

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 18 अक्टूबर। राज्य में आज रात 09.00 बजे तक 27 कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। इनमें सबसे अधिक 10 रायपुर जिले से हैं। राज्य के स्वास्थ्य विभाग के इन आंकड़ों के मुताबिक आज रात तक किसी भी जिले में 15 से अधिक कोरोना पॉजिटिव नहीं मिले हैं। वहीं 18 जिलों में आज कोई संक्रमित नहीं मिले हैं।

आज कोई मौत नहीं हुई है।

राज्य शासन के स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक दुर्ग 4, राजनांदगांव 3, बालोद 0, बेमेतरा 0, कबीरधाम 0, रायपुर 10, धमतरी 0, बलौदाबाजार 1, महासमुंद 0, गरियाबंद 0, बिलासपुर 3, रायगढ़ 0, कोरबा 2, जांजगीर-चांपा 0, मुंगेली 1, जीपीएम 0, सरगुजा 0, कोरिया 0, सूरजपुर 0, बलरामपुर 0, जशपुर 1, बस्तर 0, कोंडागांव 0, दंतेवाड़ा 0, सुकमा 1, कांकेर 1, नारायणपुर 0, बीजापुर 0, अन्य राज्य 0 कोरोना पॉजिटिव मिले हैं।


18-Oct-2021 9:45 PM (23)

नई दिल्ली: भारत बायोटेक की कोवैक्सीन को आपात इस्तेमाल के लिए सूचीबद्ध करने के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन 26 अक्टूबर को एक विशेष बैठक करने वाला है. इस बीच आज विश्व स्वास्थ्य संगठन की तरफ से कहा गया कि कोवैक्सीन निर्माता कंपनी भारत बायोटेक लगातार डब्ल्यूएचओ को डेटा सबमिट कर रही है और WHO के विशेषज्ञों ने इन डेटा की समीक्षा की है. विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा कि हम आज कंपनी से कुछ और अतिरिक्त जानकारी की उम्मीद कर रहे हैं.

26 अक्टूबर को हो सकता है बड़ा फैसला
इससे पहले रविवार को डब्ल्यूएचओ की चीफ साइंटिस्ट सौम्या स्वामीनाथन ने ट्वीट करके बताया था कि विश्व स्वास्थ्य संगठन का तकनीकी सलाहकार समूह भारत में कोविड-19 रोधी टीकाकरण अभियान में इस्तेमाल किए जा रहे कोवैक्सीन टीके को आपात इस्तेमाल के लिए सूचीबद्ध करने पर विचार करने के मकसद से 26 अक्टूबर को बैठक करेगा. माना जा रहा है कि इस बैठक में कोवैक्सीन को लेकर एक बड़ा फैसला हो सकता है.

हाल में भारत बायोटेक ने कहा था कि उसने आपात इस्तेमाल के उद्देश्य से सूचीबद्ध करने के लिए डब्ल्यूएचओ को कोवैक्सीन से जुड़े सभी आंकड़े दे दिए और वह वैश्विक स्वास्थ्य निगरानी संस्थान से जवाब का इंतजार कर रहा है.

दुनियाभर में टीकों के सबसे बड़े उत्पादक भारत ने अपने देश की आबादी को टीके लगाने के लिए इनका निर्यात निलंबित कर दिया था. पिछले महीने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया ने ऐलान किया था कि भारत विदेशों में टीके की आपूर्ति बहाल करेगा. (news18.com)


18-Oct-2021 9:44 PM (31)

नई दिल्‍ली. रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने नियामकीय निर्देशों का पालन नहीं करने के मामले में देश के सबसे बड़े कर्जदाता स्‍टेट बैंक ऑफ इंडिया पर 1 करोड़ रुपये का भारी-भरकम जुर्माना ठोका है. आरबीआई ने कहा कि एसबीआई की ओर से रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (फ्रॉड्स क्‍लासिफिकेशन एंड रिपोर्टिंग बाय कमर्शियल बैंक्‍स एंड सेलेक्‍ट फाइनेंशियल इंस्‍टीट्यूशंस) निर्देश 2016 का पालन नहीं करने पर जुर्माने की कार्रवाई की गई है.

एसबीआई ग्राहकों पर क्‍या होगा असर?
आरबीआई ने कहा कि एसबीआई ने कमर्शियल बैंकों और चुनिंद वित्‍तीय संस्‍थानों की ओर से ग्राहकों के साथ हुई धोखाधड़ी के वर्गीकरण और उनकी रिपोर्टिंग किए जाने के नियमों का उल्‍लंघन किया था. आरबीआई ने कहा कि उसने यह जुर्माना बैंकिंग विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा-47ए (1)(सी) के प्रावधानों के तहत मिली शक्तियों का इस्‍तेमाल करते हुए लगाया है. साथ ही कहा कि यह कार्रवाई नियामक अनुपालन में कमियों पर आधारित है. बैंक की ओर से ग्राहकों के साथ किए गए किसी भी लेनदेन या समझौते की वैधता पर असर नहीं होगा.

आरबीआई ने की एक ग्राहक खाते की जांच
रिजर्व बैंक ने एसबीआई की ओर से मेनटेन किए जाने वाले एक ग्राहक खाते की पड़ताल की. इसमें पता चला कि एसबीआई ने आरबीआई निर्देशों के अनुपालन में देरी की. आरबीआई ने ग्राहक खाते के साथ ही उससे संबंधित कॉरेस्‍पॉन्‍डेंस और अन्य बातों की भी पड़ताल की. इसमें पता चला कि खाते में धोखाधड़ी की सूचना आरबीआई को देरी से दी गई. इस मामले में बैंक को कारण बताओ नोटिस जारी कर पूछा गया कि निर्देशों का पालन नीरं करने पर उस पर जुर्माना क्यों न लगाया जाए? इस पर एसबीआई की ओर से दिए गए जवाब पर विचार करने के बाद आरबीआई ने देश के सबसे बड़े कर्जदाता एसबीआई पर 1 करोड़ रुपये का जुर्मान लगाने का फैसला किया.  (news18.com)


18-Oct-2021 9:44 PM (26)

-मनीष कुमार

लखनऊ. तिकुनिया कांड में सोमवार को पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी. पुलिस ने सुमित जायसवाल उर्फ मोदी को गिरफ्तार कर लिया है. जानकारी के अनुसार एसआईटी ने सुमित के साथ ही उसके साथी नंदन, शिशुपाल और एक अन्य व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया है. अब माना जा रहा है कि मामले में जल्द ही नए खुलासे हो सकते हैं. सूत्रों के अनुसार सुमित उसी थार जीप में सवार था जिसने किसानों को कुचला था. जीप से उतरकर भागते समय उसका वीडियो भी किसी ने बनाया था जो बाद में वायरल हो गया था. अब जीप में सवार ड्राइवर व अन्य की मौत के बाद ये माना जा रहा है कि सुमित जायसवाल ही अकेला मामले का चश्मदीद है जो उस समय जीप में मौजूद था.
गौरतलब है कि इससे पहले पुलिस ने केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आश्रीश मिश्रा और जीप के पीछे चल रही अन्य एक गाड़ी में सवार अंकित दास और उसके गनर को गिरफ्तार कर चुकी है.

फरार हो गया था सुमित
वारदात वाले दिन मौके से भागते हुए सुमित का वीडियो वायरल होने के बाद से ही वो फरार था. पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही थी लेकिन सूत्रों के अनुसार वो भूमिगत हो गया था और उसकी लोकेशन ट्रेस नहीं हो रही थी. अब पुलिस का मानना है कि सुमित की गिरफ्तारी के साथ ही मामले में कई बड़े राज खुलेंगे. साथ ही ये भी स्पष्ट हो सकेगा कि घटना के समय गाड़ी में कौन कौन मौजूद थे.

अंकित ने भी किया था बड़ा खुलासा
वहीं अंकित दास ने पुलिस को पूछताछ में बताया था कि घटना से पहले वो आशीष से मिला था और उसे किसानों के प्रदर्शन की जानकारी दी थी. इस पर आशीष ने किसानों को सबक सिखाने की बात कही थी. हालांकि अंकित ने इस बात पर कोई जवाब नहीं दिया था कि आशीष जीप में मौजूद था कि नहीं. वहीं पुलिस ने लखनऊ से अंकित की रिवाल्वर और उसके गनर काले की रिपीटर गन भी उसके फ्लैट से बरामद कर ली है. (news18.com)


18-Oct-2021 9:43 PM (35)

-अमिताभ सिन्हा

कुशीनगर. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 20 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश के कुशीनगर Kushinagar में होंगे. पीएम मोदी कुशीनगर में एक नए ग्रीनफील्ड अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट का उद्घाटन करेंगे. पीएम मोदी एयरपोर्ट के उद्घाटन के बाद महापरिनिर्वाण मंदिर में विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे, फिर दोपहर एक बजे के बाद कुशीनगर में ही विभिन्न विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे. कुशीनगर बौद्ध सर्किट के तहत आता है और ये एयरपोर्ट महात्मा बुद्ध के जीवन के चार प्रमुख पड़ावों को जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण केन्द्र बनेगा. कुशीनगर तक की सीधी विमान सेवा आस पास के सभी बौद्ध तीर्थस्थलों तक पहुंचने की राह आसान बनाएगी.

आपको बता दें कि कुशीनगर एक अत्यंत महत्वपूर्ण बौद्ध तीर्थस्थल है जो गोरखपूर से सिर्फ 50 किमी दूर है. केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने 2008 में इस हवाई अड्डे की योजना बनाई और 2010 में यूपी सरकार के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर हुए, जिसमें कुशीनगर में एक ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट बनाने की योजना को मंजूरी मिली. 2019 में एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने सरकार के साथ करार कर मौजूदा एयरपोर्ट को विकसित करने का काम अपने हाथों में ले लिया. साथ ही यूपी सरकार ने 588 एकड़ जमीन भी मुफ्त दे दी, ताकि इस एयरपोर्ट का विकास हो सके. केन्द्रीय मंत्रीमंडल ने 24 जून, 2020 को कुशीनगर एयरपोर्ट को अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा घोषित करने की मंजूरी भी दे दी. अब उड़ान योजना के तहत कुछ एयरलाइंसों को लखनऊ, गया, कानपूर, वाराणसी, प्रयागराज, हिंडन, बरेली और सहारनपुर से कुशीनगर तक की उड़ान को मंजूरी दे दी गई है.

कुशीनगर एयरपोर्ट के चालू होने से इस बौद्ध सर्किट के सांस्कृतिक विकास में मदद मिलेगी. इससे न सिर्फ स्थानीय और अंतर्राष्ट्रीय पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी बल्कि इस बौद्ध सर्किट में रोजगार के रास्ते भी खुलेंगे और आर्थिक विकास भी जोर पकड़ेगा. इस एयरपोर्ट के उद्घाटन के बाद कुशीनगर को एक बड़े बौद्ध स्थल के रूप में दुनिया भर में देखा जाने लगेगा. साथ ही बौद्ध थीम पर आधारित इस सर्किट का सर्वागींण विकास भी होगा. साथ ही भगवान बुद्ध और उनका शांति संदेश देश की जनता तक भी पहुंचेगा. सरकार का मानना है कि विचारों और मुल्यों को विचारों का आदान प्रदान एक भारत श्रेष्ट भारत थीम को आगे बढाने में मदद करेगा.

दरअसल, ये बौद्ध सर्किट एक ऐसा रूट है जिसपर भगवान बुद्ध नेपाल के लुम्बिनी इलाके में उनके जन्म के साथ शुरु हुए सफर को दर्शाता है. उसके बाद वह बिहार के बोध गया पहुंचे जहां उन्हें निर्वाण की प्राप्ति हुई. उसके बाद सारनाथ जहां उन्होंने अपने शिष्यों के पहला ज्ञान दिया और अंत में कुशीनगर जहां उनकी मृत्यु हुई जिसे महापरिनिर्वाण के रुप में जाना जाता है. कुशीनगर में तीन प्रमुख बौद्ध स्थल है. पहला है भगवान बुद्ध का परिनिर्वाण स्थल जहां एक परिनिर्वाण मंदिर बना, दूसरा इस मंदिर के पीछे बना स्तूप है, जिसे परिनिर्वाण स्तूप के रुप में जाना जाता है. तीसरा स्थल है रामभर स्तूप जहां भगवान बुद्ध का अंतिम संस्कार हुआ. चौथा है मठकौर, जहां से भगवान बुद्ध के अवशेष 8 राजाओं में बांटे गए थे. इन सबके अलावा दूसरे कई मंदिर कुशीनगर में बने हैं. इनमें महत्वपूर्ण हैं वाट थाई मंदिर, चीनी मंदिर, बुद्ध मंदिर, जापानी मंदिर जिसे देखने पर्यटक दूर दूर से आते रहते हैं. जाहिर है इस उद्घाटन से एयर कनेक्टिविटी में ऐसा सुधार होगा जिससे राष्ट्रीय और अंतराष्ट्रीय पर्यटकों को सीधा कुशीनगर पहुंचने में आसानी होगी.

बौद्ध धर्म एशिया में मौर्य काल में सम्राट अशोक के शासन काल में फैला. इतिहासकारों की मानें तो अशोक ने अपने पूरे सम्राज्य में 84000 स्तूप, पिलर और रॉक एडिक्ट लगवाए. ये तमाम इतिहास की अमुल्य धरोहर सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि नेपाल, बांग्लादेश, अफगानिस्तान, पाकिस्तान और श्रीलंका तक में पाए गए हैं. अब इनमें से सिर्फ 20 बचे हैं जो सीधे खड़े हैं और हमें अपनी अमूल्य विरासत की याद दिला रहे हैं. सम्राट अशोक की इतिहास में पहचान यही रही है कि बुद्ध धर्म के प्रचार और प्रसार में उनकी भूमिका अविस्मरणीय रही. बौद्ध धर्म को एशिया में फैलाने के लिए सिल्क रूट और स्पाइस रूट जो दुनिया के सबसे पुराने ट्रेडिंग रुट हैं का सहारा लिया और बौद्ध धर्म को चीन और फारस तक पहुंचा दिया.

बौद्ध सर्किट में इन चार स्थानों के साथ साथ इनसे जुड़े कई ऐसे स्थान हैं जो बौद्ध तीर्थ के रूप में इससे जुड़े हुए हैं. बिहार का वैशाली जिला भई बौद्ध धर्म से जुड़ा एक महत्वपूर्ण केन्द्र है. यहां भगवान बुद्ध ने अपना आखिरी ज्ञान अपने शिष्यों में बांटा था. साथ ही दूसरी बौद्ध काउंसिल भी इसी वैशाली में ही हुई. इसके बाद बिहार के राजगीर का नाम आता है जो ऐतिहासिक नालंदा से सिर्फ 19 किमी दूर है. नालंदा बौद्ध धर्म का एक महत्वपूर्ण प्रचीन शिक्षा केन्द्र था. सबको मिला कर एक बड़े बौद्ध सर्किट की कल्पना की गई है जिसे अंतिम रुप देने का काम पीएम मोदी कर रहे हैं. पीएम मोदी जानते हैं कि इस सर्किट के विकास से पूरे पूर्वांचल में विकास का काम होगा. क्योंकि देशी विदेशी पर्यटकों का आना ही पूरे इलाके की अर्थव्यवस्था को बदल देगा.  (news18.com)


18-Oct-2021 9:42 PM (31)

लखनऊ. केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी ने रविवार को लखीमपुर हिंसा में तीन बीजेपी कार्यकर्ताओं की निर्मम हत्या के लिए जिला प्रशासन और पुलिस को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा कि जिस तरह से तीन बीजेपी कार्यकर्ताओं की हत्या की गई वह दुर्भाग्यपूर्ण है. और जिस तरह पुलिस की मौजूदगी में पूरी वारदात घटित हुई यह दर्शाता है कि यह पूरी तरह से जिला प्रशासन और पुलिस की लापरवाही का ही नतीजा था. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि किसानों को सड़क पर कब्ज़ा करने की अनुमति दी गई और उसके बाद रूट को बैरिकेड भी नहीं किया गया. बीजेपी का एक कार्यकर्ता श्याम सुन्दर निषाद जो कि पुलिस के सामने जिन्दा था और वह एम्बुलेंस के पास भी पहुंच गया लेकिन उसे खींचकर मार दिया गया. दोषी पुलिस वाले बख्शे नहीं जाएंगे और सरकार को उनके खिलाफ भी जांच करनी चाहिए. मिश्रा ने ये बात सिघा खुर्द गांव में एक प्रार्थना सभा के दौरान कही.

केंद्रीय गृह राजयमंत्री ने लखीमपुर हिंसा में मारे गए हरी ओम मिश्रा, श्याम सुन्दर निषाद और शुभम मिश्रा को अपनी श्रद्धांजलि दी. इस मौके पर बीजेपी विधायक योगेश वर्मा, बीजेपी के पूर्व जिलाध्यक्ष श्यामजी पांडेय, विहिप के जिलाध्यक्ष संजय मिश्रा समेत अन्य लोग मौजूद रहे. बता दें इस मामले में मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है और एसआईटी जांच जारी है. इस कांड में अब तक छह लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है.

मृतक श्याम सुंदर के भाई ने मंत्री का जताया आभार
श्याम सुन्दर के भाई संजीव निषाद ने कहा कि वे खुश हैं कि मंत्री ने इस मुद्दे को उठाया कि पुलिस कस्टडी में उनके भाई की हत्या हुई. मुझे विश्वास है कि आरोपी जल्द गिरफ्तार होंगे और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई होगी. उधर एसपी विजय ढुल ने कहा कि उन्हें मंत्री के किसी बयान के बारे में जानकारी नहीं है. पूरे मामले की जांच एसआईटी कर रही है.

सपा ने योगी सरकार पर साधा निशाना 
उधर समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता और एमएलसी सुनील सिंह साजन ने योगी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “देश के गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा “टेनी” जिनका लड़का किसानों को कुचलने पर खुद जेल में है अब वो गृह राज्यमंत्री खुद बीजेपी की योगी सरकार को कह रहे हैं कि घटना के लिए जिले का कप्तान, जिलाधिकारी और प्रशासन दोषी हैं. इसका मतलब योगी सरकार दोषी है. जहां उनके गृह राज्यमंत्री खुद सरकार पर आरोप लगा रहे है तो आप समझ सकते हैं कि उत्तर प्रदेश में क्या हो रहा है. वास्तव में यहां किसानों को न्याय नहीं मिल रहा है. उत्तर प्रदेश में जंगलराज कायम है.” (news18.com)


18-Oct-2021 9:37 PM (19)

नई दिल्ली. ऐपल का इस साल 2021 का दूसरा सबसे बड़ा इवेंट आज है. इस इवेंट में ऐपल कई प्रोडक्ट्स लॉन्च करने वाला है. ऐपल ने हाल ही में iPhone 13 सीरीज को 120Hz प्रो-मोशन डिस्प्ले के साथ पेश किया है, जिसकी झलक आज के इवेंट में लॉन्च होने वाले मैकबुक में देखने को मिल सकती है. इस इवेंट में MacBook Pro के नए मॉडल पेश हो सकते हैं. इसके अलावा ऐपल के इस इवेंट में AirPods 3 भी लॉन्च हो सकता है.

कहां देख पाएंगे ये इवेंट
ऐपल के इस इवेंट को अनलीशड नाम दिया गया है. इस इवेंट का आयोजन वर्चुअली हो रहा है जिसे आप ऐपल की आधिकारिक वेबसाइट और ऐपल के यूट्यूब चैनल पर आज रात भारतीय समयानुसार 10.30 बजे से लाइव देख सकेंगे.

14 या 16 इंच का नया मैकबुक प्रो
अभी तक जो लीक रिपोर्ट सामने आई हैं उनके मुताबिक इस इवेंट में ऐपल 14 इंच और 16 इंच की साइज में MacBook Pro के नए मॉडल पेश कर सकता है. नए मैकबुक प्रो के साथ फ्लैट एज़ डिजाइन मिल सकती है. यह डिजाइन ठीक उसी तरह की होगी जैसा कि आईफोन 13 सीरीज में है. इसके अलावा बेजल पहले के मुकाबले कम मिलेंगे. आईफोन 13 सीरीज की तरह नए मैकबुक में नॉच को छोटा किया जा सकता है.

ऐपल ने इसी साल पहली बार मिनी एलईडी डिस्प्ले को 12.9 इंच वाले आईपैड प्रो के साथ पेश किया था और अब कहा जा रहा है कि MacBook Pro को भी इसी मिनी एलईडी डिस्प्ले के साथ लॉन्च किया जाएगा. नए मैकबुक प्रो के साथ कंपनी टच बार को हटा सकती है. इसके अलावा नए मैकबुक प्रो को Apple M1X चिपसेट के साथ पेश किया जाएगा.

एयरपॉड 3 की लॉन्चिंग
इस इवेंट में ऐपल AirPods 3 को लॉन्च कर सकता है. इसकी लॉन्चिंग पिछले महीने आईफोन 13 सीरीज के साथ होने वाली थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ. AirPods 3 के साथ छोटे पॉड्स मिल सकते हैं और चार्जिंग केस को नई डिजाइन के साथ लॉन्च किया जा सकता है. AirPods 3 की कीमत को लेकर भी कहा जा रहा है कि यह किफायती होगा. इसमें एक्टिव नॉइस कैंसेलेशन भी मिलेगा. (news18.com)


18-Oct-2021 9:12 PM (17)

 

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

जशपुर,18 अक्टूबर। विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा को लेकर ग्राम सरधापाठ पकरी टोली सरना ब्लॉक जिला जशपुर का मामला सामने आया है। यहां पिछले 6 महीने के अंदर 17 पहाड़ी कोरवा की मौत हो गई, वहीं इसी गांव के एक ही परिवार के चार सदस्यों ने 4 दिनों के अंदर दम तोड़ दिया।

गौरतलब है कि इस गांव में पहाड़ी कोरवा विशेष पिछड़ी जनजाति परिवार निवासरत हैं, जो कि सभी क्षेत्रों में बहुत पिछड़े हुए हैं। इनमें जागरूकता की अभाव है। पहाड़ी कोरवा एवं बिरहोर के विकास के लिए जिला जशपुर में पहाड़ी कोरवा एवं बिरहोर विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए अभिकरण स्थापित किया गया है। इन विशेष पिछड़ी जनजातियों के विकास एवं जन-जागरूकता, स्वास्थ्य शिविर, स्वास्थ्य परीक्षण शिविर एवं विभिन्न प्रकार के काम करने एवं रोजगार से जोडऩे के लिए प्रशिक्षण कराने का विशेष रूप से सरकार व्यवस्था करती है, परन्तु यह सभी काम कागजों में सिमटकर रह जाता है। पहाड़ी कोरवा एवं बिरहोर विलुप्त विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों का स्थिति ज्यों का त्यों है, बल्कि पहले से भी स्थिति दयनीय हो गयी है। पहाड़ी कोरवा विशेष पिछड़ी जनजाति परिवारों का पूर्वजों से काबिज जमीन भी सुरक्षित नहीं है। इनकी जमीन लूटी जा रही है। पानी पीने का व्यवस्था नहीं है, इनके घर तक जाने के लिए रोड तक नहीं है, बीमार पडऩे पर इलाज कराने के लिए रूपए नहीं है। जागरूकता एवं रूपयों के अभाव में पहाड़ी कोरवा परिवारों का असमय मृत्यु हो रही है।

ग्रामीणों का आरोप है कि इसके लिए जिला प्रशासन जशपुर एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला जशपुर द्वारा कोई पहल नहीं किया है। इस लापरवाही से पहाड़ी कोरवा परिवारों का आम बीमारियों से एक घर में चार- चार लोगों का मौत होने लगी है।

ज्यादातर लोगों की घर पर ही हुई मौत
इसमें मरने वाले पहाड़ी कोरवा परिवारों की मृत्यु का कारण कुपोषण, कमजोरी, शरीर में खून की कमी, उल्टी - दस्त, पेचिश, बुखार, निमोनिया, टीबी, लकवा, झटका आना, शरीर में सूजन, पेट दर्द , होने का बात सामने आ रही है। जागरूकता एवं इलाज के अभाव में समय से इलाज नहीं कराने पर मौत इनकी हो गयी। इनमें से अधिकांश लोगों का मृत्यु घर पर ही हुई है।

एक ही परिवार में 4 दिनों के अंदर 4 मौतें
पेट दर्द की शिकायत पर प्रमिला बाई पहाड़ी कोरवा पति उदरा राम पहाड़ी कोरवा उम्र- 22 वर्ष की मौत 8 अक्टूबर को हो गई थी। उल्टी दस्त से 11 अक्टूबर को सुरती बाई पहाड़ी कोरवा पति जेहला राम पहाड़ी कोरवा उम्र- 62 वर्ष, उल्टी दस्त से ही 12 अक्टूबर को जेहला राम पहाड़ी कोरवा पिता टंगना पहाड़ी कोरवा उम्र- 65 वर्ष व लडक़ा पिता अमरसाय उम्र- 01 दिन की मौत कमजोरी एवं जागरूकता के अभाव में हो गई। चारों एक ही परिवार के सदस्यों थे।

इन 13 अन्य पहाडी़ कोरवा की हुई मौत
ग्राम कुटमा कुतमा बगीचा ब्लॉक जिला जशपुर निवासी भोयो राम पहाड़ी कोरवा पिता चुटु राम पहाड़ी कोरवा उम्र- 60 वर्ष की मौत 17 अक्टूबर को उल्टी दस्त की शिकायत होने पर मिशन अस्पताल में इलाज के दौरान हो गई। इसके अलावा सनियो पहाड़ी कोरवा पति स्व मस्का राम पहाड़ी कोरवा उम्र- 65 वर्ष, पुरूषोत्तम पहाड़ी कोरवा पिता स्व जंगल साय पहाड़ी कोरवा उम्र-70 वर्ष, लडक़ी पिता मोहन राम पहाड़ी कोरवा उम्र-16 दिन कमजोर एवं कुपोषित थी। उसकी मौत 27 सितंबर को हो गई। लडक़ा पिता जयराम पहाड़ी कोरवा उम्र- 18 माह कमजोर एवं कुपोषित था। 20 जुलाई को उसकी मौत हो गई। अनमोल पहाड़ी कोरवा पिता अमरसाय पहाड़ी कोरवा उम्र-1 वर्ष को निमोनिया की शिकायत थी उसकी मौत 2 सितंबर को हो गई।

लडक़ी पिता संतोष पहाड़ी कोरवा उम्र 1 दिन कमजोर होने पर 19 अगस्त को मौत हो गई। आनंद राम पहाड़ी कोरवा पिता मोहन राम पहाड़ी कोरवा उम्र- 21 वर्ष की बीमारी से 7 अगस्त को इलाज के अभाव में मौत हो गई। चंदरसाय पहाड़ी कोरवा पिता मड़वारी पहाड़ी कोरवा उम्र-38 वर्ष की मौत 15 मई को बीमारी से हो गई। शिवलाल पहाड़ी कोरवा पिता मड़वारी उम्र 35 वर्ष की मौत टीवी की बीमारी से 19 मई को हो गई थी।लेंगड़ी पहाड़ी कोरवा पति ड़ोंगस पहाड़ी कोरवा उम्र 90 वर्ष की मौत 17 मई को हो गई थी। टहलु राम पहाड़ी कोरवा पिता दशरू पहाड़ी कोरवा उम्र-62 वर्ष की टीबी बीमारी के कारण 2 जून को मौत हो गई थी। संझिया पहाड़ी कोरवा पति लेटेराम पहाड़ी कोरवा उम्र 80 वर्ष की बीमारी के कारण 17 जुलाई को मौत हो गई थी। पिरली पहाड़ी कोरवा पिता महरू राम पहाड़ी कोरवा उम्र 100 वर्ष की बीमारी के कारण 2 सितंबर को मौत हो गई थी।


18-Oct-2021 8:29 PM (68)

नयी दिल्ली, 18 अक्टूबर। यूएई और ओमान में शुरू हुए टी20 वर्ल्ड कप में पहले दिन से ही वह देखने को मिल रहा है, जो बहुत ही  हैरानी भरा रहा है. पहले दिन दिन जहां स्कॉटलैंड ने बांग्लादेश जैसी टीम को हरा दिया, तो दूसरे दिन ऑयरलैंड और नीदरलैंड ने वह कारनामा बना, जो टूर्नामेंट के पिछले 14 साल के इतिहास में नहीं हुआ. ऑयरलैंड के कर्टिस कैंफर ने इस मुकाबले में हैट्रिक ही नहीं जड़ी, बल्कि लगातार चार गेंदों में चार विकेट लेने का कारनामा कर दिखाया. और इस रिकॉर्ड के सात ही कैंफर वेरी-वेरी स्पेशल खिलाड़ी बन गए. कर्टिस कैंफर का यह कारनामा देखते ही देखते सोशल मीडिया पर वारयल हो गया है, जो भी देख रहा है, वह हैरान रह जा रहा है. कैंफर से पहले टी20 विश्व कप में एक हैट्रिक जरूर बनी थी, लेकिन चार गेंदों पर चार विकेट के चौके के कारनामा पहली ही बार हुआ है.

मलिंगा हैं इकलौते बॉलर
टी20 फॉर्मेट में इससे पहले कैंफर से पहले राशिद खान और लसिथ मलिंगा ने लगातार चार विकेट चटकाए. राशिद ने साल 2019 में ऑयरलैंड और मलिंगा ने भी न्यूजीलैंड के खिलाफ इसी साल लगातार चार गेंदों में विकेट लिए थे. लसिथ मलिंगा टी20 में दो हैट्रिक बनाने वाले इकलौते गेंदबाज हैं

पहली हैट्रिक ब्रेट ली के नाम
वहीं, यह टी20 वर्ल्ड कप में कैंफर की सिर्फ दूसरी हैट्रिक रही. उनसे पहले ब्रेट ली इकलौते ऐसे बॉलर हैं, जो विश्व कप में हैट्रिक जड़ चुके हैं, लेकिन कैंफर ने ब्रेट ली को भी पीछे छोड़ते हुए लगातार चार गेंदों पर विश्व कप में चार विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज बन गए.

चमत्कार से ही टूटेगा रिकॉर्ड
फटाफट क्रिकेट में एक बार को लगातार पांच छक्के लग सकते हैं, लेकिन लगातार पांच गेदों पर इतने ही विकेट लेना किसी भी बॉलर के लिए चमत्कार से कम नहीं होगा. निश्चित ही, योजना बनाकर तो कैंफर का रिकॉर्ड नहीं तोड़ा जा सकता. जब भी ऐसा होगा, तो संयोगवश ही होगा और यह चमत्कार की कहलाएगा. (ndtv.in)


18-Oct-2021 7:54 PM (134)

रायपुर, 18 अक्टूबर। सरकार ने टीआई से डीएसपी के पद पर प्रमोट होने वाले अफसरों की नई पदस्थापना की गई है l रायपुर में बेहतर काम चुके वीरेन्द्र चतुर्वेदी, राजेश चौधरी और नवनीत पाटिल की पदोन्नति के बाद रायपुर में ही पोस्टिंग हुई है l


18-Oct-2021 7:47 PM (34)

-मृत्युंजय कुमार सिंह

सीवान. बिहार के सीवान में प्यार में पागल एक प्रेमिका ने प्रेमी के घर में ही फंदे से लटक कर आत्महत्या कर ली है. घटना जिले के नगर थाना क्षेत्र के रामनगर मोहल्ले की हैं. मृत प्रेमिका की पहचान रामनगर सतपोखरिया महादलित बस्ती के रहने वाली कुसुम कुमारी के रूप में हुई. बताया जा रहा है कि कुछ वर्षों से कुसुम कुमारी को राजन से प्रेम हो गया था लेकिन राजन की मां को ये बात मालूम नहीं थी, जिस वजह से राजन की मां ने अपने पुत्र की शादी किसी और से कर दी.

इधर जब राजन की शादी हुई तो कुसुम के भी परिजनों ने उसकी शादी कहीं और कर दी लेकिन शादी के बाद राजन की पत्नी विक्षिप्त थी जिसके कारण राजन ने उसे 3 वर्ष पूर्व ही छोड़ दिया. जब राजन ने अपनी पत्नी को छोड़ा तो इसकी भनक कुसुम को लगी और कुसुम ने भी अपना ससुराल छोड़ दिया और राजन से शादी करने की जिद पकड़ ली.

कुसुम कई वर्षों से राजन के घर सुबह आती थी और शाम को जाती थी. कुसुम राजन से शादी करना चाहती थी लेकिन राजन अभी शादी करना नहीं चाह रहा था. रविवार को भी राजन अपने घर में सोया हुआ था और कुसुम रोज की तरह उसके घर आई. उसने राजन के घर पर चौका बर्तन भी किया और इसी दौरान किसी बात को लेकर अनबन होने लगी. इसी बीच कुसुम ने फंदे से लटक कर आत्महत्या कर ली.

कुसुम के आत्महत्या करने की सूचना मिलते ही लोगों ने स्थानीय थाना को जानकारी दी जिसके बाद नगर थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और मामले की जांच में जुट गई. पुलिस फिलहाल पूरे मामले की पड़ताल में लगी है. (news18.com)


18-Oct-2021 7:46 PM (22)

-गौरव कुमार झा

गोड्डा. झारखंड के गोड्डा जिले में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. यहां एक महिला ने पांचवीं बार बेटी को जन्‍म दिया तो कथित तौर पर ससुराल वालों ने उनकी हत्‍या करने का प्रयास किया. आरोप है कि पांचवीं बार बेटी को जन्‍म देने से नाराज महिला की सास और ससुर ने उन्‍हें जबरन जहर पिलाकर उनकी हत्‍या करने का प्रयास किया. ग्रामीणों के सहयोग से महिला को तत्‍काल अस्‍पताल में भर्ती करवाया गया, तब जाकर उनकी जान बचाई जा सकी.

पीड़िता शामिल बीवी ने बताया कि उनकी शादी तकरीबन 13 वर्ष पहले हुई थी. इस दरम्‍यान उन्‍होंने 4 बेटियों को जन्‍म दिया. आरोप है कि इसके बाद उनके घरवालों ने उहें प्रताड़ि‍त करना शुरू कर दिया. सास ताना देती थीं और पति कहता था कि अगर इस बार भी लड़की हुई तो उन्‍हें जान से मार देंगे. आरोप है कि बकरीद के बाद जब महिला ने फिर से बच्‍ची को जन्म दिया तो पति गुलाम अंसारी और महिला के ससुर ने उन्‍हें पकड़ा और सास ने उन्‍हें जबरदस्ती जहर पिलाने का प्रयास किया.

इसकी सूचना जब ग्रामीणों को हुई तो ग्रामीणों ने पीड़ित महिला के मायके वालों को इसकी सूचना दी. आनन-फानन में पीड़ित महिला की मां और अन्‍य परिजन उनके ससुराल पहुंचे. महिला को तत्‍काल अस्पातल लाया गया, जिसके बाद उनकी बिगड़ती हालत पर काबू पाया जा सका. पीड़िता की मां कुरैशा बीवी ने बताया कि 5 बेटियां होने पर उनका पति उन्‍हें प्रताड़ि‍त करता था. पिछले दिनों भी इसकी सूचना उसे मिली थी, पर जब वो घर पहुंचीं तो उन्‍हें घर के अंदर नहीं जाने दिया गया. आरोप है कि पीड़ि‍ता का पति पांचवीं बेटी होने पर तलाक देने की धमकी भी देता था. नगर थाना प्रभारी मुकेश पांडेय ने घटना की पुष्टि करते हुए उचित कार्रवाई की बात कही है. (news18.com)


18-Oct-2021 7:44 PM (30)

-गौरव कुमार झा

गोड्डा. जिसपर कमजोरों और बेबसों की रक्षा की जिम्‍मेदारी हो और उसी पर आतातायी बन जाने का आरोप लगने लगे तो आम इंसान का विश्‍वास डगमगा जाता है. कुछ इसी तरह का मामला झारखंड के गोड्डा जिले में सामने आया है. यहां अंचल कार्यालय में तैनात होमगार्ड के 2 जवानों पर एक बेबेस मूकबधिर महिला से सामूहिक दुष्‍कर्म करने का आरोप लगा है. मामले के सामने आने के बाद पुलिस महकमे में खलबली मची हुई है. वहीं, पीड़िता के परिजनों ने न्‍याय की गुहार लगाई है.

जानकारी के अनुसार, गोड्डा के मेहरमा आंचल कार्यालय में कार्यरत होमगार्ड के दो जवानों पर गांव की ही एक मूकबधिर महिला से रेप करने का आरोप लगा है. पीड़ित महिला की मां ने बताया कि उनकी मूकबधिर बेटी रविवार देर शाम बकरी चराने के लिए अंचल कार्यालय के समीप गई थी, जहां अंचल कार्यालय में तैनात गार्ड ने उसके साथ गलत काम किया. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, होमगार्ड के दो जवानों ने इस करतूत को अंजाम दिया था. दोनों आरोपी जवान की पहचान भी कर ली गई है. एक का नाम रामप्रवेश यादव और दूसरे का नाम बाबूलाल रजक है.

पीड़ित की नाबालिग बेटी ने बताया कि रविवार शाम को वह भी अपनी मां के साथ थी, जब उनकी मां के साथ दुर्व्यवहार किया जा रहा था. नाबालिग की माने तो होमगार्ड के जवान ने उसे कमरे के बाहर ही रखा और कहा कि किसी के आने पर वह उन्‍हें बताए. मामले के सामने आने के बाद पुलिस छानबीन में जुट गई है. इंस्पेक्टर आरके तिवारी ने बताया कि पीड़िता मूकबधिर हैं, ऐसे में एक्सपर्ट की मदद से उनका बयान लिया जाएगा. आरोपियों में से एक रामप्रवेश यादव से पुलिस पूछताछ कर रही है. दूसरा आरोपी बाबूलाल रजक फरार हैं.मेहरमा के BDO इस मामले पर बयान से बचते रहे. (news18.com)


18-Oct-2021 7:44 PM (49)

    कल्याण कारी योजनाओं की वजह से मिली लोकप्रियता      

रायपुर, 18 अक्टूबर। आईएएनएस-सी वोटर गवर्नेंस इंडेक्स के अनुसार  छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल देश में सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले मुख्यमंत्री हैं। श्री बघेल को सभी मुख्यमंत्रियों के बीच सर्वोच्च लोकप्रियता रेटिंग प्राप्त हुई है।

आईएएनएस ने अपनी सर्वे रिपोर्ट जारी करते हुए कहा है कि श्री बघेल ने छत्तीसगढ़ में कई कल्याणकारी योजनाएं शुरू की हैं,  जिनमें निजी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को मुफ्त शिक्षा प्रदान करना शामिल है, जिन्होंने कोविड -19 के लिए माता-पिता / अभिभावकों को खो दिया है। महतारी दुलार योजना के तहत ऐसे बच्चों की पढ़ाई का खर्च छत्तीसगढ़ सरकार वहन कर रही है।

नीति आयोग की एसडीजी इंडिया इंडेक्स रिपोर्ट 2020-21 के अनुसार,  सतत् विकास लक्ष्यों के लैंगिक समानता पैरामीटर पर छत्तीसगढ़ भारत में शीर्ष प्रदर्शन करने वाला राज्य है। नीति आयोग 115 संकेतकों पर सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की प्रगति को ट्रैक करता है। पिछले साल, छत्तीसगढ़ ने लैंगिक समानता पैरामीटर पर 43 अंक हासिल किए और भारत में सातवें स्थान पर था। इस साल,  छत्तीसगढ़ ने 61 स्कोर किया और चार्ट में शीर्ष स्थान पर रहा।

सी वोटर के संस्थापक यशवंत देशमुख ने कहा, "ऐसे मुख्यमंत्रियों को लोगों ने पसंद किया है जिनमें निर्णय लेने की क्षमताएं हैं और जिनके काम करने की शैली सीईओ जैसी है।


18-Oct-2021 7:41 PM (34)

हैदराबाद. जिन कुछ जानवरों को इंसानों के सबसे नजदीक माना जाता है, उनमें बिल्लियां भी शामिल हैं. लोगों को बिल्ली पालने का शौक भी खूब होता है. लेकिन कई बार बिल्लियों और उनकी प्रजाति के जानवरों को लेकर भ्रम भी पैदा हो जाता है. YSR तेलंगाना पार्टी के नेता राघव रेड्डी के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ है. दरअसल राघव रेड्डी ने सड़क पर ऐसी बिल्ली देखी जिसके सिर में लोटा फंस गया था. इस बिल्ली को देखकर राघव रेड्डी चौंके और उसकी तरफ बढ़कर गोद में उठा लिया. कुछ भी नहीं दिखाई देने के कारण बिल्ली घबराई और गोद से कूद गई. उस बिल्ली को बचाने के चक्कर में राघव रेड्डी को मामूली चोट भी आई और सच्चाई भी पता चली! दरअसल वो बिल्ली नहीं तेंदुए का बच्चा था.

ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और कुछ टीवी चैनल्स पर भी चला है. दरअसल जैसे ही राघव रेड्डी को ये अंदाजा हुआ कि ये बिल्ली नहीं बल्कि तेंदुआ है तो उसे छोड़कर अपनी गाड़ी की तरफ भागे. राघव रेड्डी ने ये उम्मीद नहीं की थी और वो सिर्फ जानवर को पीछे देखकर उसे बचाने पहुंच गए थे. हालांकि तेंदुए का बच्चा महज कुछ हफ्तों का ही था और वो खतरनाक नहीं था.

वन विभाग को दी जानकारी
बाद में राघव रेड्डी ने इसकी जानकारी वन विभाग को दी. राघव रेड्डी ने अधिकारियों से कहा कि जल्द से जल्द इस तेंदुए के बच्चे को पकड़ा जाए. इससे आम लोगों को खतरा भी हो सकता है. उन्हें आशंका है कि अगर ये बच्चा खो गया तो इसकी मां इलाके में लोगों के लिए खतरा पैदा कर सकती है. बाद में राघव रेड्डी एक अस्पताल भी गए जहां उन्हें TT का इंजेक्शन लिया. वन विभाग के अधिकारी अभी उस तेंदुए के बच्चे को तलाश रहे हैं. (news18.com)


18-Oct-2021 7:40 PM (72)

बस्तर आईजी करेंगे जांच
'छत्तीसगढ़' संवाददाता
रायपुर, 18 अक्टूबर।
सीएम भूपेश बघेल ने अपने ड्राइवर के साथ मारपीट करने के मामले में नारायण पुर एसपी उदय किरण के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैंl उन्होंने आईजी के सुंदरराज से पूरे मामले की जांच कर रिपोर्ट मांगी हैl

सीएम ने कहा कि कोई भी कानून से ऊपर नहीं हैl दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगीl


18-Oct-2021 7:40 PM (33)

जयपुर. मेघालय के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने केन्द्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे किसानों का समर्थन करते हुए कहा है कि अगर किसानों की नहीं सुनी गई तो यह केंद्र सरकार दोबारा नहीं आयेगी. रविवार को झुंझुनूं में संवाददाताओं से बातचीत में मलिक ने कहा कि लखीमपुर खीरी मामले में केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा का इस्तीफा उसी दिन होना चाहिए था.

लखीमपुर खीरी मामले में मिश्रा के इस्तीफा नहीं दिए जाने पर मलिक ने कहा ‘‘बिल्कुल गलत है यह, लखीमपुर मामले में मिश्रा का इस्तीफा उसी दिन होना चाहिए था. वो वैसे ही मंत्री होने लायक नहीं हैं.’’ मलिक ने कहा कि ‘‘जिनकी सरकारें होती हैं उनका मिजाज थोड़ा आसमान में पहुंच जाता है उन्हें यह दिखता नहीं है कि इनकी तकलीफ कितनी है, लेकिन वक्त आता है जब उन्हें देखना भी पड़ता है और सुनना भी पड़ता है. अगर किसानों की नहीं मानी गई तो यह सरकार दोबारा नहीं आयेगी.’’

मलिक ने किसानों से जुडे़ एक अन्य सवाल के जवाब में कहा, ’’किसानों के साथ ज्यादती हो रही है, वो 10 महीने से पड़े हैं, उन्होंने घर बार छोड़ रखा है, फसल बुवाई का समय है और वे अब भी दिल्ली में पड़े हैं तो उनकी सुनवाई करनी चाहिए सरकार को.’’

किसानों का साथ देने के लिए अगर पद छोड़ना पड़े, तो वह भी छोड़ दूंगा
राज्यपाल का पद पद छोड़कर उनके साथ खड़ा होने के लिये अगर उन्हें कहा जाये तो, इस पर मलिक ने कहा, “मैं तो खड़ा ही हूं उनके साथ, पद छोड़ने की उसमें कोई जरूरत नहीं है, जब जरूरत पडे़गी तो वो भी छोड़ दूंगा.. लेकिन मैं उनके साथ हूं .. उनके लिये मैं प्रधानमंत्री, गृह मंत्री सबसे झगड़ा कर चुका हूं. सबको कह चुका हूं कि यह गलत कर रहे हो यह मत करो.” उन्होंने कहा कि वो प्रधानमंत्री से मिलकर अपने विचार बतायेंगे चाहे वो कश्मीर के हो या किसी भी चीज के हो.

किसानों की मांगें नहीं मानी गईं, तो यह सरकार दोबारा नहीं आयेगी
क्या वजह है कि सरकार अभी तक किसानों को मनवा नहीं पायी.. मलिक ने कहा कि “देखो, सरकारें जितनी भी होती हैं उनका मिजाज थोड़ा आसमान में हो जाता है उन्हें यह दिखता नहीं है कि इनकी तकलीफ कितनी है, लेकिन वक्त आता है फिर उनको देखना भी पड़ता है सुनना भी पड़ता है.. यही सरकार का होना है… अगर किसानों की मांगें नहीं मानी गई तो यह सरकार दोबारा नहीं आयेगी.”

‘मेरठ में भाजपा का नेता किसी गांव में नहीं घुस सकता’
उत्तर प्रदेश में आगामी चुनाव में किसान आंदोलन का प्रभाव पड़ेगा… इसके जवाब में मलिक ने कहा यह तो यूपी वाले बतायें कि प्रभाव पड़ेगा कि नहीं, मैं तो मेरठ का हूं मेरे यहां तो कोई भाजपा का नेता किसी गांव में घुस नहीं सकता है… मेरठ , बागपत, मुज्जफरनगर.. घुस नहीं सकते है.

‘जिसकी सरकार होती है उसको बहुत घमंड होता है’
किसान आंदोलन को लेकर सरकार समझ क्यों नहीं पा रही है, इस पर मलिक ने कहा कि “जिसकी सरकार होती है उसको बहुत घमंड होता है. वह समझते नहीं जब तक कि पूरा सत्यानाश ना हो जाये.” केंद्र सरकार के घमंड में होने के सवाल पर मलिक ने कहा कि “वह नहीं, उनको जो सलाह देते है, उनके इर्द गिर्द हैं वो गलत सलाह दे रहे हैं.”

किसान और सरकार के बीच मध्यस्थता के सवाल पर मलिक ने कहा कि ‘‘कोई मुझे कहे तो कि आप मध्यस्थ हैं.. मैं तो कर दूंगा मध्यस्थता लेकिन किसानों ने तो कह दिया कि हम मानने को तैयार हैं सरकार भी कह दे.. मैं बैठकर एक चीज है जिससे हल हो जायेगा.. आप न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की गारंटी कर दो.. तीनों कानूनों को लेकर मैं किसानों को मनवा लूंगा कि ये तीनों कानून लंबित हैं छोड़ दो इसको अब.”  (news18.com)


18-Oct-2021 7:38 PM (23)

दुनिया में कई रेल रूट हैं जो काफी फेमस हैं. कुछ खूबसूरत तो कुछ अजीबोगरीब रास्तों के लिए जाने जाते हैं. कई ट्रेनें तो इतने दुर्गम इलाकों से होकर गुजरती हैं कि अगर आप उनमें बैठेंगे तो रास्ता देखकर डर जाएंगे. ऐसा ही एक ट्रेन रूट काफी फेमस है जो थाइलैंड के बैंगकॉक में मौजूद है. यहां एक रेल मार्ग बीच बाजार से होकर गुजरता है. ये इतना फेमस है कि दुनिया से लोग इसे देखने आते हैं और इसका अनुभव लेना चाहते हैं.

थाइलैंड के सैमुट सॉन्गख्रम प्रोविंस में माइकलॉन्ग रेलवे स्टेशन है. स्टेशन के पास की पटरियां शहर के बीचोंबीच से होकर गुजरती हैं. हैरानी की बात ये है कि पटरी पर ही यहां की सबसे बड़ी सब्जी मंडी लगती है. इस मार्केट का नाम फोल्डिंग अंब्रेला मार्केट है. अब आप सोचेंगे कि इसका ऐसा नाम क्यों है. दरअसल, एक सकरे रास्ते से गुजरने वाली ट्रेन की पटरी के अगल-बगल सब्जी की दुकानें लगाई जाती हैं. जैसे ही ट्रेन यहां से गुजरती है, वैसे ही दुकानादार अपनी दुकान के पर्दे फोल्ड कर के हटा लेते हैं जिससे ट्रेन आसानी से निकल जाए. यहां ग्राहक सब्जियां खरीदने भी आते हैं मगर उनसे भी ज्यादा टूरिस्ट इस जगह को देखने के लिए आते हैं जो काफी हैरान रह जाते हैं.

आपको बता दें कि ये फोल्डिंग मार्केट सुबह के 6 बजे से शाम के 6 बजे तक लगती है. सब्जियों के अलावा यहां फल, मीट, सी फूड आदि भी मिलता है. थाइलैंड टूरिज्म अथॉरिटी के अनुसार ये दृश्य एक दिन में 8 बार देखने को मिलता है. यानी ट्रेन कुल 4 बार महाचाई से माइकलॉन्ग जाने के लिए यहां से गुजरती है और फिर माइकलॉन्ग से वापिस महाचाई लौटती है. सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार माइकलॉन्ग स्टेशन बैंगकॉक से करीब 80 किलोमीटर दूर है. इस रास्ते को बिना ट्रेन से पार करने पर डेढ़ घंटे का वक्त लग सकता है इसलिए ट्रेन से ही ज्यादातर यात्री सफर करना चाहते हैं. इसके अलावा इस इलाके में एमफावा फ्लोटिंग मार्केट भी स्थित है जो फ्राइडे से संडे तक, दिन के 2 बजे से रात के 3 बजे तक खुला रहता है. (news18.com)