‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कोण्डागांव, 7 सितम्बर। कलेक्ट्रेट के सभागार में आयोजित समय सीमा बैठक में कलेक्टर पुष्पेन्द्र कुमार मीणा द्वारा विभाग प्रमुखों को जनहित के प्रकरणों को त्वरित गति से निपटारा करने के निर्देश दिये गये।
समय सीमा बैठक में लंबित आवेदनों में समस्त विभागों के कुल 30 आवेदन थे। इनमें जिले के अतिसंवेदन शील क्षेत्रों में बेहतर विकास की प्रक्रिया के तहत् चरण बद्ध कार्य किये जाने के लिए स्थलों का चिन्हांकन, तहसील मुख्यालय में प्रशिक्षण सह कार्यशाला का आयोजन, राजस्व अभिलेख में दर्ज वन अधिकार मान्यता पत्र धारकों की प्रविष्टि भुईया रिकार्ड में किये जाने, गोधन न्याय योजना अंतर्गत स्वालम्बी गोठानों का निर्धारण, उर्वरकों की वैकल्पिक व्यवस्था, वर्मी कम्पोस्ट/सुपर कम्पोस्ट का क्रय के्रडिट पर कृषकों को उपलब्ध कराये जाने जैसे अनेक प्रकरण शामिल थे।
कलेक्टर द्वारा एजेंडा क्रमवार सभी प्रकरणों के अद्यतन प्रगति की जानकारी अधिकारियों से चाही गई। इसके अलावा बैठक में शामिल अन्य मुद्दे जैसे जिले के सभी लोक सेवा केन्द्रों में आयुष्मान कार्ड बनाने, कोरोना काल में राम जी स्व सहायता समूह द्वारा प्रदाय किये गये खाद्य सामग्री (उड़द दाल) का मूल्य भुगतान, जिला में शिक्षक स्थानांतरण, मांग संलग्नी करण, सुपोषण मित्रों का मानदेय भुगतान, शाला त्यागी बच्चों की जानकारी, थानों में महिला प्रसाधन कक्षों हेतु राशि स्वीकृत करने, नक्सली पीडि़त परिवारों हेतु बने पूर्ण आवासों में उनकी बसाहट, चारागाह में नेपियर घास का रोपण, ग्राम हाड़ीगांव में विद्यतु लाईन का विस्तार, जिले में बाई पास रोड़ हेतु भू अर्जन मॉनिटरिंग आदि के संबंध में भी उन्होंने अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई करने को कहा।
शिक्षा विभाग से संबंध में उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि शिक्षक विहीन, एकल शिक्षक शालाओं के अलावा जर्जर शालाओं के स्थानों नये भवन के निर्माण संबंधी जानकारी उनके समक्ष आगामी बैठक में रखे जाये। साथ ही उन्होंने कहा कि आश्रमों छात्रावासों में शौचालय, बिस्तर, मच्छरदानी, नहाने धोने के साबून, विद्युत व्यवस्था, फर्नीचर जैसी आवश्यक व्यवस्थाओं का आंकलन शीघ्र ही किये जाये, ताकि समय रहते इसकी पूर्ति की जा सके।
बैठक में सीईओ जिला पंचायत डीएन कश्यप, सहित समस्त विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।