बस्तर
मरीजों को नहीं मिले डॉक्टर, मंगलवार से पटरी पर लौटेगी स्वास्थ्य सुविधा
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
जगदलपुर, 17 अगस्त। शनिवार की सुबह मेडिकल कॉलेज डिमरापाल के जूनियर डॉक्टरों से लेकर सीनियर डॉक्टरों की टीम गेट नंबर 2 में प्रदर्शन करते हुए नजर आए। दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की गई है। डॉक्टरों के हड़ताल के चलते मरीजों को काफी परेशानियों का सामना भी करना पड़ा।
बताया जा रहा है कि कोलकाका के मेडिकल कॉलेज में मेडिकल छात्रा के साथ रेप और हत्या के चलते पूरे भारत में आक्रोश देखा जा रहा है। देश में एक अलग ही आंदोलन शुरू हो गया है, जहां अलग-अलग जगहों पर डॉक्टरों के द्वारा प्रदर्शन किया जा रहा है, कहीं काली पट्टी तो कहीं मोमबत्ती जलाकर मेडिकल छात्रा को श्रद्धांजलि देने के साथ ही आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की जा रही है।
इसी आंदोलन के चलते शनिवार की सुबह से रविवार की सुबह बजे तक डॉक्टर हड़ताल पर हैं। डॉक्टरों के हड़ताल से मरीजों से लेकर उनके परिजनों को काफी परेशनियों का सामना करना पड़ रहा है।
मेडिकल कॉलेज के डाक्टर 24 घंटे की हड़ताल पर चले गए हैं। शनिवार सुबह से रविवार सुबह बजे तक आपातकालीन सेवाओं को छोड़ शेष सभी सेवाओं को बाधित रखे जाने की बात कही गई है।
जूडा अध्यक्ष डॉ. प्रशांत का कहना था कि इस हड़ताल में स्टॉफ नर्स और टेक्नीशियन भी शामिल रहेंगे। कोलकाता में घटित घटना और मेडिकल फील्ड से जुड़े लोगों की सुरक्षा को लेकर यह प्रोटेस्ट किया जा रहा है। जनरल सर्जन मेडिकल कॉलेज की डॉ. अंतरा का कहना था कि ओपीडी से लेकर सभी सेवाए बंद रखा गया है। इस आंदोलन को बस्तर जिला दवा विक्रेता संघ, डेंटिस्ट एसोसिएशन और कई सामाजिक संगठनों ने भी घटना की तीव्र निंदा करने के साथ ही समर्थन भी दिया है।


