रायपुर
2019 से भर्ती नहीं-महासंघ
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 2 जून। छत्तीसगढ़ नेट- सेट पास और पीएचडी प्राप्त अभ्यर्थियों के महासंघ ने कहा कि छत्तीसगढ़ के सहायक प्राध्यापक भर्ती परीक्षा की तैयारी लंबे समय से कर रहे प्रदेश के युवा वैकेंसी नहीं आने से हताश और निराश हैं। प्रदेश में 2019 से अभी तक रिक्तियां नहीं निकालीं गई है। इस वजह से शासकीय महाविद्यालयों में 2700 में से 50त्न सहायक प्राध्यापक के पद रिक्त हैं । छत्तीसगढ़ राज्य बनने के बाद मात्र तीन बार 2009,2014,2019 में भर्ती परीक्षा आयोजित की गई है। उन्होंने एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि 2019 सहायक पद भर्ती परीक्षा रिश्तेदारों के चयन भाई-भतीजा वाद, लेन-देन, प्रश्न-पत्र में त्रुटि आदि गई विवादों से घिरा रहा जिसकी सीबीआई जांच चल रही है। उस समय युवाओं ने खासा आंदोलन एवं विरोध प्रदर्शन किया था। विपक्ष में रही भाजपा के नेताओं ने हाथों हाथ लेकर न्याय करने की बात कही थी। सरकार बदलने के बाद लंबे इंतजार तक वैकेंसी नहीं आने से युवाओं का उम्र पार हो रही है । पहले भतीं में अनियमितता से योग्य लोगों का चयन होने से वंचित रह गए। आज छत्तीसगढ़ भर के नेट सेट, पी.एचडी युवा अलग-अलग स्थानों से रायपुर में एकत्र होकर सहायक प्राध्यापक भर्ती परीक्षा के समय में निवेदन ज्ञापन दिया गया जिसमें प्रदेश के अलग अलग जिलो से गांव तहसील से एक जुट होकर युवाओं ने मांग रखी। जिनमें मुख्य रूप से दलगंजन सिंह, होरीलाल यादव, क्षमता सिंह राजपूत, मारुती सिंह, नरेश कुमार, कविता ठाकुर, तरूण कुमार गोपाल, रैन सिंह कांगे, शेष नारायण, हेमत कमलश विकास दास महंत, डेविड संदीप साहू, राजेश वर्मा श्वेता ताम्रकर आदि एकत्र होकर मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा मंत्री एवं लोक सेवा आयोग, आयुक्त उच्च शिक्षा विभाग जैसी जिम्मेदार लोगों से मिलकर अपनी परेशानियों से अवगत काराया।


