ताजा खबर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बिलासपुर, 2 मई। राज्य के सभी जिलों की तरह बिलासपुर में भी शुक्रवार से राष्ट्रीय जनगणना का कार्य शुरू हो गया है। पहले चरण के तहत प्रगणक घर-घर जाकर परिवारों से निर्धारित जानकारी एकत्र कर रहे हैं। यह प्रक्रिया पूरे मई माह तक जारी रहेगी।
जिला कलेक्टर एवं प्रमुख जनगणना अधिकारी संजय अग्रवाल ने बिल्हा तहसील के हिर्री गांव पहुंचकर जनगणना कार्य का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रगणक अंजुबाला जायसवाल द्वारा एक परिवार की जानकारी डिजिटल माध्यम से दर्ज करने की प्रक्रिया को मौके पर देखा। लगभग पांच मिनट में 33 बिंदुओं से संबंधित जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज की गई।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने गृहस्वामी रामकृष्ण राजपूत को बधाई देते हुए कहा कि जनगणना देश के विकास और योजनाओं की रूपरेखा तय करने का महत्वपूर्ण आधार है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे सही और पूरी जानकारी देकर इस कार्य में सहयोग करें।
कलेक्टर अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि जनगणना के दौरान ली गई सभी जानकारी पूरी तरह गोपनीय रखी जाती है। यह डेटा किसी व्यक्ति या संस्था को साझा नहीं किया जाता और न ही सूचना के अधिकार के तहत उपलब्ध होता है। इसका उपयोग केवल सरकारी नीतियां बनाने में किया जाता है।
जिले में जनगणना कार्य के लिए 4,000 से अधिक अधिकारी-कर्मचारियों की तैनाती की गई है, जिनमें लगभग 3,500 प्रगणक और 500 पर्यवेक्षक शामिल हैं। इससे पहले 15 दिनों तक सेल्फ एन्यूमरेशन की सुविधा दी गई थी, जिसका लाभ जिले के 6,677 लोगों ने उठाया।
इस दौरान जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल, अतिरिक्त कलेक्टर एवं जिला जनगणना अधिकारी शिवकुमार बनर्जी, तहसीलदार राजेंद्र भारत सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।


