कोण्डागांव
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कोण्डागांव, 14 दिसंबर। भाई के हत्यारे को आजीवन कारावास की सजा कोर्ट ने सुनाई है।इस प्रकरण के संबंध में लोक अभियोजक दिलीप जैन ने बताया कि आरोपी आरोपी लच्छूराम नेताम मांझीआठगांव, (29) मृतक बालसिंह का बड़ा भाई है। घटना 20 जून 2020 को शाम करीब चार बजे बालसिंह खाना खाकर घर पर सो रहा था। तभी आरोपी लच्छूराम नेताम ने खेत खार का काम नहीं करते हो तुम्हारे छोटे-छोटे बच्चे हैं, शराब पीकर पड़े रहते हो, ऐसा कहकर सो रहे बालसिंह पर टंगिया से वार किया, तत्पश्चात फरार हो गया।
प्रार्थिया फुण्डीबाई नेताम चार बजे नल में पानी लेने गई थी। करीब आधा घण्टा बाद जब फुण्डीबाई नेताम पानी भरकर घर वापस आई तो उसी समय घर के अंदर से उसक बड़ा पुत्र लच्छूराम नेताम हाथ में टंगिया लेकर बाहर निकलते देखा।
फुंडीबाई जब घर के अंदर गई तो देखी कि बालसिंह के चेहरे एवं सिर पर कई गहरे चोट के निशान थे, उसकी सांस चल रही थी, वह बात नहीं कर पा रहा था। फुंडीबाई फिर जब घर से बाहर निकलकर देखी तो उसकी बहू प्रतिमा नेताम अपने बच्चों को खेला रही थी, तब उसने लच्छूराम द्वारा बालसिंग को टंगिया से काट देने वाली बात उसे कहने पर प्रतिमा नेताम द्वारा उक्त घटना के बारे में अपने चाचा रामाराम को बताया। रामाराम ने गांव के अन्य लोगों को बताकर 108 एम्बुलेंस वाहन को बुलाया गया। 108 एम्बुलेंस वाहन के पहुंचने पर डॉक्टर द्वारा बालसिंह को मृत घोषित किया गया।
विवेचना के दौरान यह तथ्य आया कि घटना के दिन सुबह मृतक व आरोपी में काम नहीं करने की बात को लेकर झगड़ा हुआ था। संपूर्ण विवेचना उपरांत आरोपी के विरूद्ध पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर धारा 302 भादवि के अपराध में अभियोग पत्र न्यायालय में पेश किया गया।
कोण्डागांव जिले के अपर सत्र न्यायाधीश के पी सिंह भदौरिया ने आरोपी को धारा 302 के आरोप में आजीवन सश्रम करावास एवं 10000 दस हजार रुपए के अर्थदण्ड से दण्डित किया है। अर्थदण्ड की राशि अदा नहीं होने के व्यतिक्रम पर छ: माह के अतिरिक्त सश्रम कारावास पृथक से भुगताने का निर्णय पारित किया गया।


