गरियाबंद
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
राजिम,4 मई। छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशानुसार सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जन शिकायतों के त्वरित निराकरण हेतु विशेष अभियान प्रारंभ किया गया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में यह अभियान 1 मई से 10 जून 2026 तक पूरे प्रदेश में संचालित किया जा रहा है, जिसके तहत ग्राम पंचायत स्तर से लेकर नगरीय निकायों तक व्यापक स्तर पर जन समस्या निवारण शिविर लगाए जा रहे हैं। राजिम विधानसभा क्षेत्र के विधायक रोहित साहू ने इस अभियान को जनहित का महत्वपूर्ण अवसर बताते हुए क्षेत्र की जनता से अधिक से अधिक संख्या में शिविरों में पहुंचकर अपनी समस्याएं दर्ज कराने की अपील की है। उन्होंने कहा कि शासन का उद्देश्य पारदर्शी, संवेदनशील एवं त्वरित सेवाएं उपलब्ध कराना है, ताकि आम नागरिकों की समस्याओं का समय-सीमा में समाधान सुनिश्चित हो सके। जारी आदेश के अनुसार अभियान में भूमि संबंधी प्रकरण जैसे नामांतरण, बंटवारा एवं सीमांकन, विभिन्न हितग्राही मूलक योजनाओं के लंबित प्रकरण,जाति-निवास प्रमाण पत्र, बिजली, ट्रांसफार्मर, पेयजल, हैंडपंप सुधार, राशन कार्ड, आयुष्मान भारत, सामाजिक सुरक्षा पेंशन सहित अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं से जुड़े मामलों का प्राथमिकता से निराकरण किया जाएगा। अभियान के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में प्रत्येक 15 से 20 ग्राम पंचायतों के समूह स्तर पर तथा नगरीय क्षेत्रों में वार्ड क्लस्टर के आधार पर शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में प्राप्त आवेदनों का अधिकतम एक माह के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं तथा प्रत्येक आवेदक को उसके आवेदन की स्थिति की जानकारी देना भी अनिवार्य किया गया है।
उन्होंने बताया कि शिविरों में ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से आवेदन स्वीकार किए जा रहे हैं और अधिक से अधिक लोगों तक योजनाओं की जानकारी पहुंचाने के लिए विशेष जन-जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है। साथ ही, पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ वितरण भी शिविरों के माध्यम से किया जाएगा।उन्होंने यह भी कहा कि अभियान के दौरान मंत्री, सांसद, विधायक एवं वरिष्ठ अधिकारी समय-समय पर शिविरों में शामिल होकर व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे। जिला स्तर पर लगातार समीक्षा बैठकें आयोजित कर प्राप्त आवेदनों के निराकरण की प्रगति पर नजर रखी जाएगी।विधायक ने आश्वस्त किया कि राजिम क्षेत्र के सभी वैध प्रकरणों पर व्यक्तिगत रूप से निगरानी रखी जाएगी और शासन से समन्वय कर उनका त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने जनता से अपील करते हुए कहा कि यह अभियान आपकी समस्याओं के समाधान का सुनहरा अवसर है, इसलिए देरी न करें और अपने सभी लंबित प्रकरण शिविरों में अवश्य दर्ज कराएं।
अंत में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में सुशासन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है और यह अभियान उसी दिशा में एक सशक्त कदम है, जिससे हर नागरिक तक शासन की योजनाओं का लाभ समय पर पहुंच।


