धमतरी
'छत्तीसगढ़' संवाददाता
कुरुद, 24 मार्च। प्रदेश में कुछ जिलों में अवैध रूप से अफीम की खेती का मामला सामने आने के बाद धमतरी जिले के नगरी क्षेत्र में अफीम उगाने के आरोप लगने लगे। इसके बाद जिला प्रशासन ने जिले में व्यापक सर्वे कराया, जिसमें आरोप को निराधार बताते हुए क्लिन चीट दे दिया गया। लेकिन कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने वनांचल क्षेत्र नगरी मे सत्ता पक्ष के एक नेता के फार्म हाउस में अफीम की खेती मे रातों-रात बुलडोजर चलाकर उसे नष्ट किए जाने की बात कहते हुए प्रशासन पर लीपापोती का आरोप लगाया है।
गौरतलब है कि पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने सबसे पहले धमतरी जिले के नगरी क्षेत्र में अफीम की खेती होने बात कहते हुए खलबली मचा दी थी। इसके बाद राज्य सरकार और जिला प्रशासन हरकत में आया। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राजस्व, कृषि, वन एवं उद्यानिकी विभाग से जिले में व्यापक सर्वे कराया। जिसमें कहीं भी अफीम की खेती नहीं पाई गई। जिला प्रशासन के इस दावे से असहमति जताते हुए जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष तारिणी चंद्राकर ने कहा कि धमतरी जिले के वनांचल क्षेत्र नगरी मे भाजपा से जुड़े एक नेता के फार्म हाउस में लगी अफीम की खेती मे रातों-रात बुलडोजर चलाकर उसे नष्ट किए जाने की जानकारी प्राप्त हुई है, लेकिन सत्ता के दबाव में आकर जिला प्रशासन द्वारा कागजी सर्वे कराके पूरे जिले में कहीं भी अफीम की खेती नही होने का दावा किया जा रहा है। जिला प्रशासन थोड़ी हिम्मत जुटाकर ऐसे चिन्हॉकित जगहों पर जाकर कड़ाई से जांच करती तो सच्चाई जानता के सामने आती।
उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं के संरक्षण में दुर्ग, बलरामपुर, रायगढ़ जिला में अफीम की खेती का मामला सुर्खियां बटोर रहा है कुछ मीडिया रिपोर्ट्स ने नगरी क्षेत्र मे भाजपा के एक बड़े नेता के फार्म हाउस में अफीम की खेती होने की पुष्टि की थी। लेकिन जिला प्रशासन द्वारा कागजी रिपोर्ट के सहारे पूरे मामले को रफा-दफा करने का प्रयास किया जा रहा है।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती चंद्राकर ने आरोप लगाते हुए आगे कहा की पूरा प्रदेश नशे की गिरफ्त मे फंसता जा रहा है. युवा वर्ग प्रतिबंधित नशीले पदार्थों का सेवन कर चाकू-बाजी, हत्या, चोरी-डकैती सहित महिला उत्पीडऩ जैसे गंभीर अपराध को
अंजाम दे रहे हैं। प्रदेश में रिमोट कंट्रोल से चलने वाली साय सरकार ने धान के कटोरे को अफीम का कटोरा बना दिया है। अंतरराष्ट्रीय नियम के अनुसार अफीम की उपज एवं सेवन करना नारकोटिक्स एक्ट के तहत एक गंभीर अपराध माना गया है। लेकिन प्रदेश के दुर्ग, बलरामपुर, रायगढ़ जिलों में अफीम की खेती पकड़ी गईं है जिसमें भाजपा नेताओं का संरक्षण होने का मामला सामने आया है।
जबकि इस मामले में धमतरी कलेक्टर श्री मिश्रा ने कहना है कि जिले में कानून व्यवस्था एवं कृषि गतिविधियों की सतत निगरानी हमारी प्राथमिकता है। अवैध गतिविधियों पर पूर्णत: रोक लगाने के लिए सभी विभागों के समन्वय से कार्य किया जा रहा है। वर्तमान सर्वे में जिले में कहीं भी अफीम की अवैध खेती नहीं पाई गई है, जो कि सकारात्मक संकेत है। आगे भी सतर्कता बनाए रखते हुए नियमित निरीक्षण एवं जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा।


