धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कुरुद, 15 मई। कुरूद जनपद अंतर्गत ग्राम पंचायत कातलबोड़ में जनसमस्या निवारण शिविरों का आयोजन किया गया। जिसमें ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में अपनी मांग एवं शिकायतों से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। विधायक सहित क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने भी विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टाल का निरीक्षण कर शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ हर तबके तक पहुंचाने का निर्देश दिया।
राज्य शासन के निर्देशानुसार 1 मई से 10 जून तक आयोजित सुशासन तिहार के तहत कुरुद विकासखंड के ग्राम पंचायत कातलबोड़ में गुरुवार को जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें चर्रा, मोंगरा, कोकड़ी, बानगर, मंदरौद, कमरौद, सिंधौरीखुर्द और कला, सेलदीप, जोरातराई, गाड़ाडीह एवं परखंदा सहित 13 ग्राम पंचायतों को शामिल किया गया। शिविर में कुल 752 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 728 मांग एवं 24 शिकायतों से संबंधित थे। विधायक अजय चन्द्राकर ने विभिन्न स्टालों का निरक्षण कर योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी ली।
जनपद अध्यक्ष गीतेश्वरी साहू ने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक केन्द्र और राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचे इस उद्देश्य से गांव-गांव में शिविर लगाया जा रहा है। ताकि लोग अपने आस पास ही सभी शासकीय विभाग के अधिकारियों से मिल अपनी समस्या सुलझा सकें। इस दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा नोनी सुरक्षा योजना प्रमाण-पत्र एवं पोषण टोकरी, मत्स्य विभाग द्वारा आईस बॉक्स एवं जाल सामग्री, श्रम विभाग द्वारा श्रमिक कार्ड, समाज कल्याण विभाग द्वारा सहायक उपकरण तथा स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयुष्मान कार्ड वितरित किए गए।
शिविर में ग्रामीणों को राजस्व विभाग से सर्वाधिक शिकायत रही, क्षेत्र में धडल्ले से जारी रेत और मुरूम उत्खनन की शिकायत लेके पहुंचे ग्रामीणों को निराशा हाथ लगी क्योंकि यहाँ खनिज विभाग का कोई अता पता नहीं था। इस मौके पर जनपद सदस्य कुलेश्वरी साहू, चित्रलेखा धु्रव, कंचन साहू मंडल अध्यक्ष कृष्णकांत साहू सहित क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी कर्मचारी मौजूद थे।


