सारंगढ़ शहरी सीमा से लगे प्रस्तावित चूना पत्थर खदान में आ
रही है 16 सौ एकड़ निजी भूमि ?
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
सारंगढ़, 27 मार्च। सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के सारंगढ़ नगर क्षेत्र से लगे इलाकों में प्रस्तावित चूना पत्थर खदानों को लेकर चर्चा सामने आई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, लगभग 730 हेक्टेयर (करीब 1800 एकड़) क्षेत्र में तीन चूना पत्थर खदानों के लिए प्रक्रिया प्रारंभिक चरण में बताई जा रही है। इस चूना पत्थर खदान में 1600 एकड़ से अधिक निजी भूमि आ रही है, जिसका अधिग्रहण किया जा सकता है।
बताया जा रहा है कि प्रस्तावित खदानों में खैरहा (लगभग 212 हेक्टेयर), खम्हारडीह (लगभग 428 हेक्टेयर) और कुटेला-दुर्गापाली (लगभग 90 हेक्टेयर) क्षेत्र शामिल हैं। इन क्षेत्रों में विभिन्न गांवों की भूमि शामिल होने की जानकारी दी जा रही है। बताया जा रहा है कि इस चूना पत्थर ब्लाक की स्वीकृति के लिए राजस्व विभाग और वन विभाग से एनओसी लेने की प्रक्रिया शुरू हो गई है तथा इसके लिए सर्वेक्षण का कार्य भी सुचारू रूप से गतिमान है।
स्थानीय स्तर पर यह भी कहा जा रहा है कि प्रस्तावित क्षेत्रों में बड़ी मात्रा में निजी भूमि शामिल हो सकती है, जिसके अधिग्रहण की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, भूमि अधिग्रहण और मुआवजे को लेकर आधिकारिक रूप से विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।
खनिज विभाग से जुड़ी प्रारंभिक प्रक्रिया, जैसे सर्वेक्षण और संबंधित विभागों से अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) लेने की कार्यवाही जारी होने की बात कही जा रही है। अंतिम स्वीकृति और खनिपट्टा आवंटन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही परियोजना की स्थिति स्पष्ट होगी।
शासन द्वारा चूना पत्थर ब्लाक खोलने का प्रस्तावत रखा गया है उसमें खैरहा चूना पत्थर खदान का नाम पहले स्थान पर है इसमें चंदाई, जूनाडीह, खैराहा, रापांगुला तथा सारंगढ़ के 212 हेक्टेयर जमीन आएगी। वहीं खम्हारडीह में भैंसथान, भोजपुर, गाताडीह, खम्हारडीह, कुटेला,पचपेड़ी और सुलौनी गांव शामिल है यह चूना पत्थर ब्लाक 428 हेक्टेयर क्षेत्रफल में प्रस्तावित है। जबकि कुटेला-दुर्गापाली चूना पत्थर खदान में हरिहरपाली, कुटेला और खम्हारडीह गांव शामिल है जहा पर 90 हेक्टेयर भूमि पर चूना पत्थर खदान की स्वीकृति की प्रक्रिया चल रही है। शासन के द्वारा जो प्रस्ताव दिया गया है उसके अनुसार चंदाई में 1.651 हे., जूनाडीह में 40.112 हेक्टेयर, खैरहा में 55.736 हेक्टेयर, रापांगुला में 95.155 हेक्टेयर तथा सारंगढ़ में 5.844 हेक्टेयर निजी भूमि आयेगा सब मिलाकर 212 हेक्टेयर जमीन में चूना पत्थर खदान खुल सकता है। वही खम्हारडीह चूना पत्थर खदान में भैंसथान में 30.279 हेक्टेयर, भोजपुर में 46.212 हेक्टेयर, गाताडीह में 105.193 हेक्टेयर, खम्हारडीह में 65.003 हेक्टेयर, कुटेला में 21.529 हेक्टेयर, पचपेड़ी में 90.655 हेक्टेयर और सुलौनी गांव में 0.425 हेक्टेयर निजी भूमि शामिल है यह चूना पत्थर ब्लाक 428 हेक्टेयर क्षेत्रफल में प्रस्तावित है। वही कुटेला-दुर्गापाली चूना पत्थर खदान में हरिहरपाली में 12.403 हेक्टेयर, कुटेला में 49.915 हेक्टेयर और खम्हारडीह गांव में 22.646 हेक्टेयर निजी जमीन शामिल है जहा पर 90 हेक्टेयर भूमि पर चूना पत्थर खदान की स्वीकृति की प्रक्रिया चल रही है। बताया जा रहा है कि उक्त निजी भूमि को शासन के द्वारा प्रति हेक्टेयर के दर से निर्धारित दर पर मुआवजा दिया जाएगा।
स्थानीय लोगों और जानकारों का कहना है कि यदि नाले और शहरी सीमा से लगे क्षेत्रों में खनन कार्य शुरू होता है, तो इससे पर्यावरण और जल निकासी पर प्रभाव पड़ सकता है। हालांकि इन आशंकाओं का आंकलन संबंधित पर्यावरणीय अध्ययन और स्वीकृति प्रक्रिया के दौरान किया जाएगा।प्रशासन या संबंधित विभागों की ओर से इस प्रस्ताव पर विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है।