‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बचेली, 30 दिसंबर। बचेली नगर के एनएमडीसी कर्मचारी आवसीय कॉलोनी सुभाषनगर व टाइप-टू कॉलोनी क्षेत्र में दिन के उजाले में हुई एक गंभीर घटना ने पूरे नगर को दहशत में डाल दिया है। कॉलोनी के बाहर खड़ी चारपहिया वाहनों में जमकर तोडफ़ोड़ की गई, जिसमें करीब 12 चार पहिया वाहनो को नुकसान पहुंचाया गया है। यह घटना सोमवार को दोपहर लगभग 2 से 3 बजे के बीच की बताई जा रही है।
कॉलोनीवासियों के अनुसार, हमलावर ने कुछ वाहनों के सामने के शीशे तोड़े, तो कुछ के पीछे के कांच क्षतिग्रस्त किए। घटना की जानकारी मिलने के बाद एक पीडि़त द्वारा थाना बचेली पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई गई।
थाना प्रभारी मधुनाथ धु्रव ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह कृत्य असामाजिक तत्वों अथवा किसी मानसिक रूप से विक्षिप्त व्यक्ति द्वारा किया गया प्रतीत होता है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने में जुटी है, ताकि आरोपी की पहचान की जा सके।
दिनदहाड़े हुई इस घटना से नगरवासियों में भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है। लोगों का कहना है कि बचेली नगर में इस तरह की घटना पहली बार हुई है, जिससे आमजन में चिंता बढ़ गई है। खासतौर पर एनएमडीसी टाउनशिप क्षेत्र में, जहां सुरक्षा के नाम पर कर्मचारियों से प्रतिमाह धनराशि की कटौती की जाती है और प्रबंधन द्वारा लाखों रुपये सुरक्षा व्यवस्था पर खर्च किए जाते हैं, वहां इस तरह की घटना होना कई सवाल खड़े करता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब इतनी बड़ी संख्या में गाडिय़ों को नुकसान पहुंचाया जा रहा था, उस समय सुरक्षा गार्ड क्या कर रहे थे? यदि दिन के समय ऐसी घटना हो सकती है, तो रात में वाहनों की सुरक्षा को लेकर आम नागरिक खुद को और अधिक असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। लोगों ने मांग की है कि आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए और सुरक्षा व्यवस्था की गहन समीक्षा की जाए।
उल्लेखनीय है कि टाउनशिप की सुरक्षा व्यवस्था सीडीओ कंपनी के जिम्मे है, जिनके सुरक्षा गार्ड क्षेत्र में तैनात रहते हैं।
सुरक्षा गार्ड के इंचार्ज से दूरभाष पर संपर्क करने पर उन्होंने बताया कि वे वर्तमान में बचेली से बाहर हैं और उन्हें घटना की जानकारी मिली है। उन्होंने कहा कि बचेली पुलिस मामले की जांच कर रही है, जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि घटना को किसने अंजाम दिया। उनके अनुसार, इससे पहले इस तरह की कोई घटना सामने नहीं आई है।
वहीं, इस संबंध में एनएमडीसी के संबंधित अधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनके बैठक में व्यस्त होने के कारण संपर्क नहीं हो सका।
नगरवासियों का कहना है कि पूर्व में भी चोरी की घटनाएं सामने आती रही हैं, लेकिन उन पर प्रभावी अंकुश नहीं लग पाया है। अब इस ताजा घटना ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। जनता की मांग है कि पुलिस और एनएमडीसी प्रबंधन मिलकर कड़ी कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और नगर में फिर से सुरक्षा का भरोसा कायम हो सके।