बस्तर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
जगदलपुर, 14 जनवरी। नक्सलियों के साथ हमेशा से कंधे से कंधा मिलाकर चलने वाले अन्य नक्सलियों को कुछ समय के बाद अपने संगठन के वरिष्ठ नक्सलियों से अक्सर भेदभाव, उपेक्षा के साथ ही तिरिस्कार देखने को मिलता है, जिसके बाद इन नक्सलियों द्वारा शीर्ष नक्सलियों का साथ छोडक़र पुलिस का दामन पकड़ लेते है। नक्सलियों को खोखली विचारधारा को छोडक़र लाल सलाम की जगह वंदे मातरम की गूंज इनकी जुबान पर आ जाता है, ऐसे ही 4 नक्सलियों ने भी शुक्रवार को बड़े नक्सलियों का साथ ना देने की बात कहते हुए पुलिस अधिकारियों के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। इन आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में दो नक्सलियों पर 5 लाख का इनाम था, जबकि 1 के ऊपर 2 लाख का इनाम घोषित किया गया था।
समर्पण करने वाले नक्सलियों के बारे में बीजापुर एसपी आंजनेय ने बताया कि मद्देड एरिया कमेटी सदस्य, भोपालपटनम एलओएस कमाण्डर, नेशनल पार्क एरिया कमेटी अन्तर्गत प्लाटून नम्बर 2 के पीएलजीए सदस्य एवं मिलिशिया प्लाटून सेक्शन कमाण्डर द्वारा आत्मसमर्पण किया गया। छत्तीसगढ़ शासन की आत्मसमर्पण और पूनर्वास नीति के तहत आत्म समर्पित माओवादियों पर कुल 12 लाख का इनाम घोषित है।
बीजापुर जिला में चलाये जा रहे माओवादी उन्मूलन अभियान के तहत मद्देड एरिया कमेटी कमेटी अन्तर्गत एरिया कमेटी सदस्य राकेश माड़वी उर्फ जोगा माड़वी (33) मोदकपाल जिला बीजापुर, नेशनल पार्क एरिया कमेटी अन्तर्गत प्लाटून नम्बर 2 का पीएलजीए सदस्य दुला पूनेम (34) मनकेली थाना बीजापुर , मद्देड एरिया कमेटी अन्तर्गत भोपालपटनम् एलओएस कमाण्डर सोमारू उर्फ किशोर कारम (26) तिमेनार गायतापारा थाना मिरतुर, एवं गंगालूर एरिया कमेटी अन्तर्गत मिलिशिया प्लाटून सेक्शन कमाण्डर सुरेश माडवी उर्फ सुक्का (24)पुजारी पारा गोरना द्वारा थाना बीजापुर में अधिकारियों के समक्ष माओवादियो की खोखली विचारधारा, भेदभाव पूर्ण व्यवहार एवं उपेक्षा व प्रताडऩा से तंग आकर एवं छत्तीसगढ़ शासन के पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर आत्मसमर्पण किया।


