बस्तर

पीडि़त परिवारों का बिजली व नल काटने की थी योजना
02-Feb-2022 9:03 PM
पीडि़त परिवारों का बिजली व नल काटने की थी योजना

भाजपा नेताओं के हस्तक्षेप के बाद रोकी कार्रवाई

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
जगदलपुर, 2 फरवरी।
संजय गांधी वार्ड में रहने वाले 40 से अधिक पीडि़त परिवारों पर बुधवार को भारी संकट पैदा हुआ। वहां रहने वाले पीडि़त परिवारों के ऊपर कांग्रेस नेताओं द्वारा स्थानीय रेलवे प्रशासन पर दबाव बनाकर सभी पीडि़त परिवार के घरों के बिजली एवं नल कनेक्शन काटा जा रहा था। इसकी जानकारी भाजपा नेताओं को मिली, जिस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए भाजपा नेताओं के हस्तक्षेप पर कार्रवाई रोकी गई।

पीडि़त परिवारों को ईस्ट कोस्ट अनुभाग अभियंता रेलवे जगदलपुर द्वारा जमीन खाली करने का नोटिस दिया गया, जिसमें कहा गया कि 15 दिन के अंदर रेलवे की जमीन खाली करने का निर्देश दिया गया, 15 दिन के अंदर अगर जमीन खाली नहीं करते हैं तो उनके ऊपर कार्रवाई करने की बात अनुभाग अभियंता रेलवे जगदलपुर द्वारा किया गया और यह भी कहा गया कि दबाव पूर्वक कार्रवाई आगे की जाएगी। जिस वक्त कार्रवाई की जा रही थी, रेलवे प्रशासन के जिम्मेदार अधिकारियों के साथ-साथ नेता रेलवे मजदूर कांग्रेस के नेता भी इस कार्रवाई में शामिल थे।

 नगर अध्यक्ष सुरेश गुप्ता ने आरोप लगाते कहा कि संजय गांधी वार्ड की पार्षद द्वारा इन पीडि़त परिवारों से प्रधानमंत्री आवास दिलाने के नाम पर 25-25 हजार की उगाही की थी। उन पीडि़त परिवार को न्याय दिलाने के लिए 12 दिनों से लगातार अनिश्चितकालीन धरना बोधघाट थाना के सामने किया जा रहा है। 280 घंटा बीत जाने के बाद भी पीडि़तों को न्याय नहीं मिला है। उस पार्षद के खिलाफ में एफआईआर दर्ज नहीं हुआ है ना ही किसी प्रकार की कोई कार्रवाई हुई है।

नेता प्रतिपक्ष संजय पांडे ने कहा, जिस प्रकार पीडि़तों के साथ अन्याय पूर्ण ढंग से कार्रवाई की जा रही थी जो सुनियोजित षड्यंत्र है। यह सीधा सीधा प्रतीत होता है कि एफआईआर में देरी एवं पीडि़तों को प्रताडि़त कर इनके मनोबल को तोडऩे का काम कांग्रेसियों द्वारा द्वारा किया जा रहा है।
 
संजय पांडे ने कहा है कि जब रेलवे की ज़मीन में 400 से अधिक मकानों पर क़ब्ज़ा है तो केवल इन पीडि़तों को ही नोटिस क्यों दिया जा रहा है। इससे स्पष्ट है कि रेलवे प्रशासन भी राजनीति का शिकार हो गया है।

पीडि़त झरना बघेल ने कहा कि नोटिस मिलने के बाद पीडि़तों द्वारा इस नोटिस का लिखित जवाब दिया गया जिसमे यह कहा गया कि हमें  पहले प्रधानमंत्री आवास दिया जाए जब तक हमें आवास उपलब्ध ना हो तब तक हमें मकान से बेदखल ना किया जाए। प्रताडि़त परिवार के मकानों पर हो रही कार्रवाई के दौरान समाजसेवी राज बहादुर सिंह राणा, संजय पांडेय, सुरेश गुप्ता,रिंकू पांडे, पंकज आचार्य, आनंद झा उपस्थित थे।

आज 12वें दिन धरने में रामाश्रय सिंह, गजेंद्र चांडक, माहेश्वरी समाज अध्यक्ष राजेश सोनी, बस्तर चेंबर ऑफ कॉमर्स सचिव जगतपाल सिंह चौहान, रोहित त्रिवेदी, संग्राम सिंह राणा, अभय दीक्षित, संतोष बाजपेई, सतीश बाजपेई, योगेश शुक्ला, नागेश्वर राव, आलोक तिवारी, राज पांडे, धनसिंह नायक, राजपाल कसेर, तरुण चोरियां आदि उपस्थित थे।


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