कोण्डागांव
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कोण्डागांव, 21 फरवरी। 188 बटालियन सीआरपीएफ द्वारा पुसपाल घाट, बस्तर में 18 फरवरी को सिविक एक्शन कार्यक्रम और नि:शुल्क मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम कमांडेंट भवेश चौधरी के निर्देशन में सहायक कमांडेंट बन्नाराम, वाहिनी चिकित्सा अधिकारी डॉ. राहुल चंद्रन, थाना प्रभारी बुद्धाराम कोमरे (टीआई, घोटिया), 188 बटालियन के अन्य अधिकारी, जवानों और स्थानीय ग्रामीणों की उपस्थिति में संपन्न हुआ।
जरूरतमंद ग्रामीणों को सहायता सामग्री वितरित
सिविक एक्शन कार्यक्रम के तहत नक्सल प्रभावित तिरथा, रतेंगा, परोदा, ककनार और पुसपाल पालम महिमा गांवों के जरूरतमंद ग्रामीणों को कपड़े, साड़ी, लुंगी, पानी की टंकी, खाना पकाने के बर्तन, सोलर लालटेन, गैती-फावड़ा आदि वितरित किए गए। इसके अलावा बच्चों को थाली-गिलास, खेलकूद की पोशाक, स्कूल बैग, कॉपी-किताबें, पेंसिल और रबर भी प्रदान किए गए।
मुफ्त मेडिकल कैंप में 1000 ग्रामीण लाभान्वित
मेडिकल कैंप में डॉ. राहुल चंद्रन और उनकी टीम द्वारा ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और आवश्यक दवाइयां नि:शुल्क वितरित की गईं। इस दौरान करीब 1000 ग्रामीणों ने चिकित्सा सुविधा का लाभ उठाया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी ग्रामीणों को भोजन भी कराया गया।
सुरक्षा बलों और नागरिकों के बीच विश्वास, सहयोग और मधुर संबंध स्थापित
कमांडेंट भवेश चौधरी ने कहा कि सीआरपीएफ का उद्देश्य केवल सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि स्थानीय समुदायों को बुनियादी सुविधाएं, शिक्षा, स्वास्थ्य और कौशल विकास के अवसर प्रदान कर युवाओं को मुख्यधारा से जोडऩा और नक्सलवाद से दूर रखना है।
इस प्रकार के कार्यक्रमों से सुरक्षा बलों और स्थानीय नागरिकों के बीच आपसी विश्वास, सहयोग और मधुर संबंध स्थापित होते हैं।
ग्रामीणों ने की सराहना
ग्रामीणों, शिक्षकों और छात्रों ने सीआरपीएफ द्वारा समय-समय पर आयोजित किए जाने वाले ऐसे कार्यक्रमों की सराहना की। स्थानीय लोगों ने कहा कि इससे उन्हें कई जरूरी सुविधाएं मिलती हैं, जिससे उनका जीवन स्तर बेहतर हो रहा है। ग्रामीणों और बच्चों में सहायता सामग्री पाकर खुशी का माहौल देखने को मिला।
इस तरह के सिविक एक्शन कार्यक्रमों से न केवल सुरक्षा का माहौल मजबूत होता है, बल्कि सामाजिक और आर्थिक विकास को भी बढ़ावा मिलता है।


