कोण्डागांव
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कोण्डागांव, 24 दिसंबर। जिला अंतर्गत बेरोजगारी से परेशान रेडी टू ईट का संचालन करने वाली महिला स्व सहायता समूह की सैकड़ों महिलाओं ने नगर के वीर नारायण सिंह वाटिका चौपाटी मैदान में तीन दिवसीय धरना दिया।
21 से 23 दिसंबर तक चले इस धरना प्रदर्शन में क्षेत्र की सैकड़ों महिलाओं ने धरना दिया। महिलाओं का कहना है कि पूर्व सरकार ने उन्हें रोजगार देते हुए रेडी टू ईट फूड निर्माण का कार्य देते हुए रोजगार दिया था, लेकिन वर्तमान कि कांग्रेस भूपेश सरकार ने उनका कार्य उनसे छीनते हुए उन्हें बेरोजगार कर दिया है। ऐसे में वे अपनी बेरोजगारी से परेशान होकर तीन दिवसीय धरना प्रदर्शन कर रही हैं।
जिले के 58 महिला स्व सहायता समूह को आंगनबाड़ी केन्द्रों में वितरित किए जाने वाला रेडी टू ईट पोषण आहार बनाने का जिम्मेदारी दिया गया था। इस कार्य के चलते 580 से अधिक महिलाओं को स्व सहायता समूह के माध्यम से रोजगार प्राप्त हुआ था। लेकिन हाल ही में छत्तीसगढ़ की प्रदेश कांग्रेस सरकार ने रेडी टू ईट पोषण आहार निर्माण का कार्य बीज निगम के हाथों सौंप दिया है और समूह को एक फरवरी से एक निर्माण का कार्य बंद करने के निर्देश दिए गए हैं। बीज निगम के हाथों रेडी टू ईट निर्माण का कार्य सौंपे जाने से रेडी टू ईट निर्माण कार्य से जुड़ी 580 से अधिक महिला स्व सहायता समूह की महिलाएं बेरोजगार हो चुकी हैं।
अपने बेरोजगारी से परेशान समूह की महिलाओं ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और नगर के चौपाटी मैदान में तीन दिवसीय धरना प्रदर्शन किया।
धरना प्रदर्शन कर रहीं महिला स्व सहायता समूह के पदाधिकारियों ने कहा कि पूर्व की सरकार ने उन्हें रोजगार दिया था। इसी रोजगार के भरोसे उनके समूह ने बैंक लोन लिया था। अब जब बैंक लोन पटाने की बारी आई तो छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार ने उनका रोजगार छीन लिया है। वे बेरोजगार तो हो ही चुकी हैं साथ ही बैंक की कर्जदार भी हो चुकी हैं। ऐसे में समूह के समक्ष स्वयं के रोजगार और बैंक कर्ज अदा करने दो तरह की समस्याएं आ चुकी हैं। धरना प्रदर्शन के पूर्व महिलाओं ने कोण्डागांव के विधायक व छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम समेत जिला के कलेक्टर व अन्य अधिकारियों के समक्ष भी अपनी समस्याओं को रखा था। लेकिन अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के समक्ष समस्या को रखने के बाद भी इसका समाधान अब तक नहीं हो पाया है।


