खैरागढ़-छुईखदान-गंडई
थाना तक पहुंचा मामला
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
गंडई, 23 मार्च। वार्ड नंबर 15 में सागर बर्छिहा निवासी आमदी नगर भिलाई के नाम से अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी होने को लेकर पंचायत में गहमा-गहमी का माहौल निर्मित हो गया है। मामले का सार्वजनिक होने के बाद पंचायत के अध्यक्ष व पार्षद ने अपने स्तर पर जांच की, जिसमें अनुज्ञा जारी किया जाना पाया।
अध्यक्ष व पार्षदों द्वारा अपने स्तर पर जांच किए जाने पर सार्थक परिणाम सामने नहीं आया, वहीं मामले पर नगर पंचायत गंडई के सीएमओ ने गंडई थाना में लिखित शिकायत की है कि थोक एवं चिल्हर मुर्गी दुकान को लेकर अनुज्ञा जारी हुआ है। जिसमें मेरा फर्जी हस्ताक्षर किया गया है। मामले पर जांच कर दोषी कर्मचारी या व्यक्ति के ऊपर कार्रवाई किया जाए।
मिली जानकारी के अनुसार 1 दिसंबर 2022 को सागर बर्छिहा निवासी आमदी नगर भिलाई के नाम पर नगर पंचायत द्वारा अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी कर दिया गया है। जिसमें बकायदा सीएमओ गंडई का दस्तखत और सील लगा हुआ है। जबकि थोक एवं चिल्हर मुर्गी दुकान के लिए नगर पंचायत को प्राप्त हुए आवेदन को परिषद के बैठक में निरस्त कर दिया गया था। जिसके बाद अब मामले पर बहुत सी बातें निकल कर सामने आ रही है।
सीएमओ नगर पंचायत गंडई के कुलदीप झा ने कहा कि उक्त दस्तखत मेरा नहीं है। किसी कर्मचारी या व्यक्ति ने मेरा फर्जी दस्तखत किया है। इस मामले पर जांच के लिए मैंने गंडई थाना में लिखित आवेदन भी किया है।
वहीं पार्षदों ने बताया कि जब हम लोगों को पता चला कि अनुज्ञा जारी किया गया है, हमने फाईल चेक किया। जिसमें अनुज्ञा जारी किए जाने का फार्म दिखा। मामले पर अपने स्तर पर जांच किए तो सीएमओ का कहना था कि मेरा दस्तखत नहीं है, मैंने जारी नहीं किया है। उक्त दस्तखत के पास कमल किशोर नेताम राजस्व विभाग प्रभारी का भी दस्तखत है। जिसमें पूछने पर उन्होंने बताया कि सीएमओ ने दस्तखत किए हैं, तब मैंने किया है। अब पुलिस जांच के बाद ही मामला साफ हो पाएगा। सीएमओ ने फर्जी दस्तखत को लेकर जांच के लिए गंडई थाना में आवेदन किए हैं।


