दुर्ग
यह महिला आरक्षण नहीं, परिसीमन बिल था
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
दुर्ग, 21 अप्रैल। भाजपा पर महिला आरक्षण के मुद्दे पर देश को गुमराह कर रही है भाजपा झूठ बोल रही है महिला आरक्षण बिल (नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023)116 वां संविधान संशोधन वर्ष 2023 में संसद के दोनों सदनों से पारित होकर कानून बन चुका यह महिला आरक्षण नहीं, परिसीमन बिल था, जिसे विपक्ष ने एकजुट होकर सदन में हरा कर गिरा दिया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने कांग्रेस भवन में प्रेसवार्ता के दौरान खुलासा करते हुए उक्त बातें व्यक्त की उन्होंने कहा कांग्रेस हमेशा से महिला आरक्षण की प्रबल समर्थक रही है और आज भी अपने रुख पर कायम है।
आज जिला कांग्रेस कमेटी दुर्ग (ग्रामीण) के जिलाध्यक्ष राकेश ठाकुर, दुर्ग शहर अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल एवं भिलाई नगर अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर ने संयुक्त रूप से प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा भाजपा महिला आरक्षण के मुद्दे पर देश देश में भ्रम फैला रहा कि कांग्रेस व विपक्षी दलों ने महिला आरक्षण बिल का समर्थन नहीं किया इस लिए संसद में बिल पास नहीं हो सका
प्रेस वार्ता में बताया गया कि 16 अप्रैल 2026 को पेश किया गया विधेयक परिसीमन से संबंधित था, जिसमें लोकसभा सीटों को 850 तक बढ़ाने (815 राज्य, 35 केंद्र शासित प्रदेश) तथा 2011 की जनगणना को आधार बनाने का प्रस्ताव शामिल था। साथ ही पांडुचेरी, दिल्ली और जम्मू-कश्मीर से संबंधित कानूनों में संशोधन की बात भी रखी गई थी।
दुर्ग शहर अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल ने सवाल उठाया कि जब नई जनगणना (2026-27) प्रस्तावित है, तो 2011 के पुराने आंकड़ों के आधार पर परिसीमन क्यों किया जा रहा है? उन्होंने यह भी पूछा कि महिला आरक्षण को वर्तमान लोकसभा में ही 33 प्रतिशत लागू क्यों नहीं किया जा सकता उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने जानबूझकर महिला आरक्षण को परिसीमन से जोडक़र इसके क्रियान्वयन में देरी करने की कोशिश की है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 लागू होने के बावजूद इसे पूरी तरह लागू करने में 2036 तक का समय बताया जाना महिलाओं के अधिकारों के साथ अन्याय है।
कांग्रेस के ट्रैक रिकॉर्ड को रेखांकित करते हुए भिलाई नगर अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर ने कहा कि पार्टी ने हमेशा महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा दिया है। 1989 में पंचायत एवं नगर निकायों में 33 प्रतिशत आरक्षण की शुरुआत और 1993 में इसे संवैधानिक दर्जा देने का कार्य कांग्रेस सरकार ने किया, जिसके परिणामस्वरूप आज देशभर में 15 लाख से अधिक महिला जनप्रतिनिधि सक्रिय हैं।
दुर्ग ग्रामीण महामंत्री योगिता चंद्राकर ने कहा कि कांग्रेस महिला आरक्षण की मजबूत पक्षधर है, जबकि भाजपा परिसीमन के जरिए राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है और महिला आरक्षण के नाम पर देश को गुमराह कर रही है। इस दौरान पूर्व महापौर आरएन वर्मा, महामंत्री राम सुर्यवंशी, जामवंत गजपाल, जमुना साहू, रायसिंह धिकोला, कन्या ढीमर, आनंद ताम्रकर, गजानंद साहू, हेमा साहू, नासिर खोखर, पालेश्वर ठाकुर,अभिषेक जांगड़े, श्यामाचरण मनहर, सुमित नारंग, आनंद कपूर ताम्रकार, शिशिर कांत कसार, मोहित वालदे, सुनीत घोष, लव सोनी, मोनू साहू सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन मौजूद रहे ।


