दुर्ग
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
दुर्ग, 20 अगस्त। भिलाई टाउनशिप एरिया में साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल एवं अन्य विषयों को लेकर कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने बीएसपी प्रबंधन एवं जिला प्रशासन के अधिकारियों की संयुक्त टीम को टाउनशिप एरिया में बुनियादी सुविधाओं का निरीक्षण कर रिपोर्ट देने कहा था।
सोमवार को टीम ने निरीक्षण किया और इसकी रिपोर्ट प्रस्तुत की। कलेक्टर ने आज रिपोर्ट पर विस्तृत चर्चा की और जहां जहां खामी पाई गई वहां बेहतर कार्य करने के निर्देश दिये। निरीक्षण प्रतिवेदन में पाया गया था कि सेक्टर 6 ए मार्केट एरिया में साफ-सफाई की स्थिति मुकम्मल नहीं है। मार्केट के चारों ओर कचरा फैला पाया गया और डस्टबीन के बाहर भी कचरा पाया गया।
पानी टंकी के पास मलबा पाया गया और खाने पीने के विक्रेताओं द्वारा कचरा फैलाना पाया गया। कलेक्टर ने इस संबंध में बीएसपी अधिकारियों को साफ-सफाई की आवृत्ति बढ़ाने के निर्देश दिये। कलेक्टर ने राजीव गांधी आश्रय योजना के अंतर्गत पात्र हितग्राहियों के चिन्हांकन के कार्य की समीक्षा भी की। उन्होंने अधिकारियों को अधिकाधिक संख्या में पात्र हितग्राहियों को पट्टा प्रदाय करने के निर्देश दिये। बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री ऋतुराज रघुवंशी ने विस्तार से निगम द्वारा किये जा रहे कार्यों की जानकारी दी। कलेक्टर ने जनदर्शन में भी लोगों की समस्याओं को सुना एवं मौके पर ही इनके क्रियान्वयन के निर्देश दिये।
बड़े डस्टबीन हटायें, स्वच्छ भारत अभियान करता है मनाही- सेक्टर 4 की सडक़ों में बड़े डस्टबीन पाये गये। स्वच्छ भारत अभियान इसकी मनाही करता है। यह डस्ट बीन फ्री सिटी को प्रोत्साहित करता है। सिविक सेंटर के मार्केट एरिया में भी कचरा पाया गया। सेक्टर 4 में महिला समाज के भवन के सामने ड्रेनेज की दिक्कत पाई गई। कलेक्टर ने इसे ठीक करने के निर्देश दिये। डोर टू डोर अपशिष्ट प्रबंधन के संग्रहण के कार्य को भी बेहतर तरीके से करने के निर्देश दिये गए।
कलेक्टर ने बैठक में बीएसपी प्रबंधन को मुनादी की व्यवस्था करने के निर्देश दिये ताकि लोग खुले में कचरा फैलाने से हिचकें।
पानी का सैंपल लिया, लोगों ने फीडबैक में बताया अभी पानी की गुणवत्ता से संतुष्ट- टीम को विशेष रूप से शुद्ध जल के संबंध में नागरिकों के फीडबैक लेने एवं पानी के सैंपल लेने के निर्देश दिये गये थे। सेक्टर 6 के रहवासियों ने बताया कि कुछ दिनों से पानी स्वच्छ आ रहा है। सेक्टर 4 के कुछ क्षेत्रों में भी पानी का सैंपल लिया गया। कलेक्टर ने कहा कि शुद्ध पेयजल की मानिटरिंग सबसे अहम है। नियमित रूप से सैंपल लें, इसकी गुणवत्ता की जांच करें और नागरिकों से फीडबैक लेते रहें।


