रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 7 मई। विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट की अदालत ने गांजा तस्करी के मामले में आरोपी सुनील कुमार कुशवाहा को दोषी करार देते हुए 15 वर्ष के सश्रम कारावास, 1.50 लाख रुपए का अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड की राशि जमा नहीं करने पर आरोपी को अतिरिक्त एक वर्ष का सश्रम कारावास भुगतना होगा।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश श्रीमती किरण थवाईत की अदालत में हुई। अभियोजन की ओर से वकील भुवनलाल साहू ने पक्ष रखा। बताया कि 19 अप्रैल 2022 की रात जीआरपी को मुखबिर से सूचना मिली थी कि रायपुर रेलवे स्टेशन के यात्री प्रतीक्षालय में एक व्यक्ति दो बैग में भारी मात्रा में गांजा लेकर बैठा हुआ है। सूचना के बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और संदेही को पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम सुनील कुमार कुशवाहा निवासी जिला बांदा, उत्तरप्रदेश बताया। तलाशी लेने पर आरोपी के दो बैगों से पांच पैकेट बरामद हुए। जिसमें गांजा रखा होना पाया गया।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से तीन पैकेटों में 7 किलो, 2 किलो और 1 किलो और अन्य दो पैकेटों से 8 किलो और 2 किलो गांजा पाया गया। इस प्रकार आरोपी के कब्जे से 20 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। मामले की विवेचना के बाद आरोपी के विरुद्ध धारा 20 बी 2 सी के अपराध में कोर्ट में पेश किया गया। जहां सुनवाई के दौरान न्यायालय ने गवाहों और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी सुनील कुमार को दोषी होना पाया। अदालत ने आरोपी को 15 वर्ष के सश्रम कारावास और 1 लाख 50 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया।


