रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 9 फरवरी। छत्तीसगढ़ संस्कृत शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने स्पीकर डॉ. रमन सिंह से मुलाकात कर संस्कृत विषय को बचाने के लिए मांग पत्र सौंपा है। उनका कहना है कि माध्यमिक शिक्षा मंडल के पाठ्यक्रम से कक्षा छठवीं से दसवीं तक संस्कृत विषय को हटाया जा रहा है, जो अनुचित है।
संस्कृत शिक्षक संघ के पदाधिकारी दौलतराम साहू, नारायण साहू, और मनोज वर्मा ने मांग की है कि संस्कृत को पूर्व की भांति हरियाणा राज्य के तर्ज पर अनिवार्य विषय किया जाए और संस्कृत के विकल्प के रूप में नवीन व्यावसायिक शिक्षा लागू करने के बजाय उसे सातवें विषय के रूप में स्थान दिया जाए।
उन्होंने बताया कि इस मांग को लेकर वे पहले ही कई अधिकारियों और नेताओं से मिल चुके हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। उनका कहना है कि संस्कृत भाषा भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल है और इसका अपमान असंवैधानिक है।


