रायपुर
राहुल को विदेश में जाकर देश के खिलाफ बात करने से बचना चाहिए-सुधांशु महाराज
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 6 दिसंबर। आध्यात्मिक गुरू, और विश्व जागृति मिशन के संस्थापक सुधांशु महाराज का कहना है कि नई पीढ़ी को रील संस्कृति से बचने की जरूरत है। रील संस्कृति युवाओं को बर्बाद कर रही है। उन्होंने नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर कहा कि उन्हें विदेश में जाकर देश के खिलाफ कोई बात नहीं करनी चाहिए।
श्री सुधांशु महाराज का इंडोर स्टेडियम में प्रवचन चल रहा है। उन्होंने मीडिया से चर्चा में देश और समाज की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की। उन्होंने स्कूलों में गीता-रामायण पढ़ाने की जरूरत पर बल दिया, और कहा कि मदरसों, और कार्वेन्ट स्कूलों में धार्मिक शिक्षा दी जाती है। मगर स्कूलों में गीता नहीं पढ़ाई जाती है। वर्तमान समय में इसकी जरूरत है।
श्री सुधांशु महाराज ने कहा कि बच्चों को बचपन से ही संस्कार देने की जरूरत है। संयुक्त परिवार का चलन कम होने के कारण अब बच्चों में अच्छे संस्कार की कमी हो रही है। पहले दादा-दादी, और परिवार के बड़ों के साथ रहकर बच्चे संस्कारवान होते थे। उन्होंने वर्तमान में मोबाइल-रील के बढ़ते प्रभाव पर कहा कि यह युवाओं को बर्बाद कर रही है। इससे बचने की जरूरत है।
उन्होंने जिलों का नाम बदलने के सवाल पर कहा कि इसमें गलत कुछ भी नहीं है। फरीदाबाद का नाम पहले तिलस्थ था, जो कि बाद में फरीदाबाद कर दिया गया। नाम बदला नहीं जा रहा है, पूर्व स्थिति लाने की कोशिश की गई है।
आध्यात्मिक गुरू सुधांशु महाराज ने पीएम नरेन्द्र मोदी और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को लेकर पूछे गए सवाल पर कहा कि मोदीजी अब तक बेहतर कर रहे हैं। राहुल गांधी में काफी संभावना है, लेकिन उन्हें देश की विदेशों में जाकर आलोचना करने से बचना चाहिए। घर की बात घर में रहने देना चाहिए।
उन्होंने विश्व जागृति मिशन की गतिविधियों की भी जानकारी दी। 11 देशों में कुल 88 शाखाएं हैं। स्कूल, वृद्धाश्रम, गुरूकूल, ध्यान केंद्र आदि का संचालन मिशन द्वारा किया जा रहा है। झारखंड के पिछड़े आदिवासी क्षेत्र में मिशन द्वारा स्कूल और गुरूकूल आदि का संचालन किया जा रहा है।


