रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 13 जून। प्रदेश में रेत खदानों में अवैध खनन को लेकर पीसीसी दीपक बैज ने कहा कि भाजपा के नेताओं को खदानें चलाने की छूट दी गई है।
हमारी सरकार ने इनके लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई थी। सरकार को राजस्व मिल रहा था। किसी तरह की दिक्कत नहीं थी। बैज ने पूछा कि इतनी खदानों का पैसा आखिर जा कहां रहा है।
वनमंत्री केदार कश्यप, बस्तर सांसद महेश कश्यप और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरविंद नेताम को जारी मानहानि नोटिस पर बैज ने कहा कि झूठ भ्रामक रूप से धर्म को लेकर टिपण्णी की।राजनीति से हट कर टिप्पणी की जिससे आहत हुआ हूं। साक्ष्य प्रस्तुत करे या माफी मांगने कहा था।ऐसा नहीं हुआ तो नोटिस दिया , माफी मांगे या कानूनी कार्यवाही होगी । प्रदेश कांग्रेस में जिला अध्यक्षों की नियुक्ति में देरी पर गृह मंत्री विजय शर्मा के बयान पर बैज ने कहा अपने पार्टी की सरकार में दो मंत्री नियुक्त नहीं कर पा रहे है बीजेपी में तो अध्यक्ष (राष्ट्रीय) ही नहीं है।सीएम रिमोट कंट्रोल अध्यक्ष रिमोट कंट्रोल से चल रहे। शर्मा का विभाग तो उनसे संभल नहीं रहा है।
इस नोटिस पर वनमंत्री केदार कश्यप ने पलटवार करते हुए दावा किया कि बैज मतांतरित हो चुके हैं। मेरे पास इसके सबूत हैं। बैज ने आदिवासी संस्कृति के साथ खिलवाड़ किया है। कश्यप ने कहा बैज धर्मांतरण को बढ़ावा देने वालों को पोषित कर रहे हैं।


