रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 5 मई। अपनी ही कंपनी में बेस्ट और बिलो क्वालिटी का कोयला मिक्स कर स्टील प्रोडक्शन के लिए रिलीज़ करने वाले चार कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है। इन लोगों ने अपनी हरकत को स्वीकार कर लिया है।
धरसींवा थानेदार ने बताया कि यह हेराफेरी सिलतरा फेज़-2 स्थित सारड़ा एनर्जी एंड स्टील्स में लगातार पांच- छह वर्ष तक की जाती रही। इस मामले की कंपनी के अधिकारी विवेक चौधरी(55) ने गुरूवार को रिपोर्ट दर्ज कराई । इसके मुताबिक लीलाधर साहू,रविंद्र शर्मा, पारस राम और मेघनाथ निषाद सारडा पावर प्लांट में केमिस्ट के पद पर कार्यरत हैं। ये पुराने स्टाफ हैं। ये सभी आपसी मिली भगत से स्टील और बिजली उत्पादन के लिए कोयले मैं मिक्सिंग करने लगे। ये बेस्ट कोयले के साथ बिलो क्वालिटी का कोयला मिक्स कर प्रोडक्शन के लिए रिलीज़ करते रहे। खराब कोयले को अच्छा बताकर प्लांट के लिए रिलीज़ की यह धोखाधड़ी ये सभी जून-18 से चार मई-23 तक करीब पांच वर्ष तक करते रहे।यह हेराफेरी कल पकड़ में आई। यह कर्मचारियों से होकर प्रबंधन तक पहुंची तो चारों को पुलिस के हवाले कर धारा 420, 120 के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई । कंपनी प्रबंधन ने पुलिस को बताया कि इस मिक्सिंग के चलते पिछले कुछ महीनों से कंपनी से उत्पादित स्टील की क्वालिटी के साथ उत्पादन में भी गिरावट देखी जा रही थी। प्रबंधन को बाजार से भी क्वालिटी को लेकर फीडबैक अच्छा नहीं मिल रहा था। कंपनी ,फिलहाल इससे हुए नुकसान का आंकलन कर रही है।
व्यावसायिक प्रतिद्वंद्विता तो नहीं
कंपनी सूत्रों ने इस बात से इंकार नहीं किया है कि बिजनेस रायवलरी के चलते किसी अन्य कंपनी ने इसे अंजाम दिया हो। इन कर्मियों को हर माह कुछ इनाम या रकम देकर यह षड्यंत्र रचा हो। सारडा प्रबंधन अपने स्तर पर इसकी भी पड़ताल कर रहा है ।


