धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कुरूद, 10 अक्टूबर। कुरुद तहसील साहू समाज का चुनाव लोकतांत्रिक तरीके से हुआ। जिसमें 6 परिक्षेत्र के 569 मतदाताओं में से 531 लोगो ने ही अपना मतदान का प्रयोग कर भाजपा मंडल अध्यक्ष कृष्णकांत साहू की अगुवाई वाले पैनल को एकतरफा जनादेश दिया। परिणामों की घोषणा उपरांत जिलाध्यक्ष ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शपथ दिलाई।
गुरुवार को छत्तीसगढ़ महतारी मंदिर कुरूद में हुये तहसील साहू समाज के चुनाव में कुरूद, बानगर, दरबा, मौरीखुर्द, बगौद, चिंवरी परिक्षेत्र के ग्रामीण संगठन महिला, पुरुष वर्ग के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव एवं आजीवन सदस्यो ने मतदान कर तहसील साहू समाज के लिए महिला एवं पुरुष संगठन के हेतु अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं सचिव का चुनाव किया। इस चुनाव में 569 मतदाताओं में से 531 लोगो ने मतदान में भाग लिया।
तहसील साहू समाज के अध्यक्ष पद हेतु दो उम्मीदवार कृष्णकांत साहू एवं राधेश्याम साहू आमने सामने थे, जिसमें कृष्णकांत साहू को 281मत और राधेश्याम साहू को 244 मत मिले, इस प्रकार 37 मतों से कृष्णकांत साहू विजयी हुए।
उपाध्यक्ष पद हेतु लेखराम साहू को 294 मत और तुलेंद्र साहू को 229 मत प्राप्त हुये,जिसमें लेखराम 65 मतों से विजयी हुये।
सचिव पद के लिए कुलदीप साहू को 308 एवं प्रकाश साहू को 216 मत मिले। इस प्रकार कुलदीप साहू 92 मतों से विजयी रहे।
महिला उपाध्यक्ष हेतु गायत्री साहू व यमुना साहू के बीच मुकाबला था। जिसमें से 280 मत हासिल कर गायत्री साहू ने 36 मतो से जीत अपने नाम की। सचिव पद हेतु आमने सामने हुई अन्नपूर्णा साहू को 239 और नंदनी साहू को 285 मत मिले इस तरह नंदनी 46 मतों से विजयी हुई।
कुरुद तहसील साहू समाज के लिए नये पदाधिकारी चुनाव के लिए 3 अक्टूबर को नामांकन एवं 4 को मतदान की तिथि निर्धारित की गई थी। इस बीच दोनों पक्षों ने अपनी जीत सुनिश्चित करने हर तरह की युक्ति अपनाई, लेकिन परिणाम आने के बाद कृष्णकात पैनल के सभी प्रत्याशी विजय हुये।
चुनाव संपन्न होने के बाद जिलाध्यक्ष अवनेंद्र साहू ने सभी विजयी प्रत्याशी को प्रमाण प्रत्र प्रदान कर समाज के नियमानुसार गोपनीयता एवं पद की शपथ दिलाई।
नव निर्वाचित तहसील अध्यक्ष ने समाज के सभी लोगों का आभार व्यक्त करते हुए दलगत भावना से उपर उठकर समाजहित में काम करने का भरोसा दिलाया। इस अवसर पर प्रदेश साहू समाज उपाध्यक्ष मालकराम साहू, पूर्व विधायक लेखराम साहू, दयाराम साहू, चितरंजन साहू, तोरण साहू, प्रेमचंद साहू, दुर्गेश, रामचंद, रमेशर, देवव्रत, मनीष, प्रमोद, ताराचंद, पुरानिक, टेकराम, गणेश, लखन, रामप्यारे, रिखीराम, गोकुल, उत्तम, डुमेश, कुष्णा, लोकेश साहू सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित थे।


