धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
नगरी, 22 जून। जगन्नाथ यात्रा हर साल आषाढ़ माह की द्वितीया तिथि से भव्य आयोजन होता है। जगन्नाथ यात्रा का त्यौहार भगवान जगन्नाथ उनके भाई बलभद्र और छोटी बहन सुभद्रा को समर्पित होता है। पवित्र ग्रंथों के अनुसार भगवान जगन्नाथ और भाई बलभद्र की बहन सुभद्रा पुरी की यात्रा करना चाहती थी। जहां उनकी मौसी रहती थीं। उसकी इच्छा पूरी करने के लिए दोनों भाई रथ पर सवार होकर नगर की ओर चल पड़े।
इसी दिन से पूरे भारत वर्ष में रथयात्रा त्यौहार मनाने की अद्भुत परंपरा की शुरुआत हुई। नगर में इस त्यौहार को बड़े धूमधाम से मनाया जाता है। इस अवसर पर राजाबाड़ा स्थित दंतेश्वरी मंदिर में नगर पुरोहित पंडित ठाकुरीधर शर्मा के कर कमलों द्वारा वृहद रूप से पूजा अर्चना की गई, जिसमें नगर पंचायत नगरी की अध्यक्ष आराधना शुक्ला, नगर व्यवस्था समिति के अध्यक्ष नंद यादव उपाध्यक्ष बृजलाल सार्वा, सुरेश साहू ,ललीत निर्मलकर, होरी लाल पटेल,सचिव प्रदीप जैन, सहसचिव दीनदयाल सरपा, कोषाध्यक्ष ज्वाला प्रसाद साहू, पूर्व अध्यक्ष नगर पंचायत नागेंद्र शुक्ला, एल्डरमेन नरेश छेदैहा, विशेष रूप से शामिल हुए। रथयात्रा कांजी हाउस,गौरथ पथ रानी दुर्गावती चौक बस स्टैंड बजरंग चौक से होकर दंतेश्वरी मंदिर राजाबाड़ा में समाप्त हुई।
इस महोत्सव को आकर्षक रुप देने के लिए हिमांशु सोनी वेणुशंकर ध्रुव योगेन्द्र यादव और मनीषा की संगीत टीम को आमंत्रित किया गया था, जिनकी मधुर गीत संगीत ने सबका दिल जीत लिया। वहीं बागबाहरा के नर्तक दल ने आकर्षक वेशभूषा के साथ भावपूर्ण नृत्य की प्रस्तुति देकर समा बांध दिया।


