धमतरी
लापरवाह अफसरों पर होगी कार्रवाई
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
धमतरी, 11 फरवरी। जिले में बढ़ते अपराधों की रोकथाम और प्रभावी पुलिसिंग के लिए एसपी ने क्राइम बैठक ली। जिलेभर के आला पुलिस अधिकारियों को असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने सख्त निर्देश दिए।
शुक्रवार को जिला पुलिस मुख्यालय में आयोजित क्राइम बैठक में एसपी प्रशांत ठाकुर ने जिले के सभी 15 थानों और 2 पुलिस चौकी के कार्यों की बारी-बारी से समीक्षा की। उन्होंने चौकी प्रभारियों और राजपत्रित अधिकारियों को लंबित मामलों का त्वरित निराकरण करने व पेंडेंसी कम करने के लिए लगातार सुपरविजन कर काम करने का निर्देश दिया। थाना व चौकी प्रभारियों से सभी अनसुलझे व लंबित मामलों पर फौरी कार्रवाई के लिए कहा।
उन्होंने महिला एवं बच्चों से संबंधित अपराध तथा लंबित गंभीर मामलों के साथ-साथ चिटफंड कंपनी से संबंधित शिकायतों एवं आईटी एक्ट प्रकरणों की अपने स्तर पर समीक्षा कर आवश्यकतानुसार पुलिस टीम बनाकर जांच-पड़ताल की जाए। जमीन संबंधी विवादों में दोनों पक्षों पर अनिवार्यत: प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करने के लिए कहा। इस मौके पर एएसपी मेघा टेंभुरकर, डीएसपी नेहा पवार, एसडीओपी मयंक रणसिंह, कृष्ण कुमार पटेल, डीएसपी रागिनी मिश्रा, मो. मोहसीन, सारिका वैद्य, भावेश साव, आरके मिश्रा, आरआई के देवराजू, सनत वर्मा, अखिलेश शुक्ला, लक्ष्मी ध्रुव, नरेश बंजारे समेत अन्य अधिकारी-जवान आदि मौजूद रहे।
कैमरा की संख्या बढ़ाएं
क्राइम बैठक में न्यायालय की ओर से जारी समंस-वारंटों की तामीली एवं न्यायालयीन कार्यों को पूर्ण जवाबदेही के साथ समयावधि में निराकरण करने के निर्देश दिए। थानों में लंबित माल के आवश्यक निराकरण करने व क्षेत्र के सामाजिक संस्थानों, व्यापारियों एवं नागरिकों से संपर्क कर सीसीटीवी कैमरों की संख्या बढ़ाने हेतु निर्देशित किए।
बदमाशों पर रखे निगाह
एसपी ने थाना क्षेत्र के बदमाशों पर सतत निगाह रखते हुए उनकी सक्रियता पाए जाने पर विधिवत प्रतिबंधात्मक कार्यवाही करने एवं असामाजिक गतिविधियों जैसे अवैध शराब व मादक पदार्थों की बिक्री, अवैध आम्र्स, जुआ-सट्टा में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध अभियान चलाकर कार्रवाई किया जाए। वीवीआईपी, वीआईपी मूवमेंट के पहले थाना, चौकी प्रभारियों को अपने-अपने थाना क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था में विशेष सावधानी बरतने कहा गया।
बैठक में अफसरों को दिए निर्देश
थानों में लंबित अपराध, शिकायत, चिटफंड कंपनियों के खिलाफ दर्ज अपराध की समीक्षा कर निराकरण किया जाए। लूट, चोरी, धोखाधड़ी जैसे अपराध रोकने प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करें। रात की गस्त एवं पेट्रोलिंग बढ़ाए। बदमाशों पर सख्त कार्रवाई हो। शराब की अवैध बिक्री, जुआ-सट्टा में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई किया जाए। बेस्ट परफॉर्मेंस एवं सराहनीय काम करने वाले पुलिस अधिकारी व कर्मचारियों का होगा सम्मान। वीवीआईपी, वीआईपी दौरे पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था रखे जाएंगे, ताकि किसी तरह की अनहोनी न हो। महिला व बच्चों संबंधी शिकायत व रिपोर्ट पर त्वरित कार्रवाई करें। लापरवाही नहीं बरती जाए। क्षेत्र के सामाजिक संस्थानों, व्यापारियों एवं नागरिकों से संपर्क कर सीसीटीवी कैमरे लगाने उन्हें जागरूक करेंगे।


