‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 1 अगस्त। पीसीसी चीफ दीपक बैज ने नन गिरफ्तारी मामले को लेकर आज कहा कि छत्तीसगढ़ भाजपा के कारण पूरे देश में प्रदेश की छवि खराब हुई है। नन की गिरफ्तारी एक साजिश है। प्रदेश में बजरंग दल भय और आतंक का पर्याय बन चुका है। बैज ने शुक्रवार को नियमित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने यूडीएफ सांसदों के प्रतिनिधिमंडल से कहा है कि छत्तीसगढ़ में ननों की रिहाई में मदद करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वे राज्य सरकार को कोर्ट में जमानत का विरोध नहीं करने के निर्देश देंगे।
अमित शाह के बयान से साफ हो गया कि राज्य सरकार ने बजरंग दल के दबाव में ननों को गलत ढंग से गिरफ्तार किया है। केरल भाजपा अध्यक्ष इस मामले में पहले ही कह चुके है कि दोनों नन निर्दोष हैं उसकी गिरफ्तारी गलत है।
बैज ने कहा कि बजरंग दल के द्वारा फैलाये जा रहे आतंक से प्रदेश में अल्पसंख्यक वर्ग अपने को असुरक्षित महसूस कर रहा है। बजरंग दल के लोग अल्पसंख्यकों के साथ आदिवासियों को भी परेशान कर रहे क्योंकि आदिवासियों की पूजा पद्धति अलग बेहद दुर्भाग्यजनक है कि सरकार उनको संरक्षण दे रही है। बजरंग दल पर कार्यवाही नहीं करने तथा उनके आतंक को बढ़ावा देने के विरोध में कांग्रेस मुख्यमंत्री, गृह मंत्री के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेगी।
बैज ने कहा कि विधानसभा चुनाव में भाजपा ने मितानिनों से वादा किया था वे उनके नियमित वेतन की व्यवस्था करंगे, उनका वेतन बढ़ायेंगे, उनका नियमितिकरण करेंगे। डेढ़ साल हो गया सरकार अपने वादे को पूरा नहीं कर रही। मितानिन बहनों को वेतन नहीं मिल रहा। 72000 से अधिक मितानिने हड़ताल पर है। प्रदेश के स्वास्थ्य व्यवस्था की नींव है, यह मितानिने सरकार इनकी मांग तुरंत माने। सरकार जिस प्रकार से मोदी की गारंटी भूल रही उससे लगता है ‘वादा करो भूल जाओ’ यही है मोदी की गारंटी।
प्रदेश के तहसीलदारों के हड़ताल पर बैज ने कहा कि पूरे प्रदेश में राजस्व का काम प्रभावित हो रहा है। बताते है तहसीलदारों ने नारियल की एक किस्त भी चढ़ा दिया है उसके बाद उनकी मांग नहीं मानी जा रही है। यह सरकार पूरी तरह से संवेदनहीन हो चुकी है। उसे न कर्मचारियों की चिंता है, उसे न कर्मचारियों की चिंता है और न ही आम आदमी की परेशानी की। भ्रष्टाचार, कमीशनखोरी सरकार का ध्येय वाक्य बन गया है।
माले मुफ्त दिले बेरहम
साजा विधायक ईश्वर साहू के नाम से वायरल स्वेच्छानुदान की सूची पर बैज ने कहा कि राशि का बड़ा हिस्सा अपने पीएसओ के रिश्तेदारों को बांट दिया। स्वेच्छानुदान की राशि जरूरतमंदों की मदद के लिए होता है। विधायक जी तो बंदरबांट करने में लगे है। कहावत है न कि माले मुफ्त दिले बेरहम।
गृहमंत्री शर्मा का पलटवार
रायपुर, 1 अगस्त।केरल सांसदों के डेलिगेशन के फिर से छत्तीसगढ़ पहुंचने और कांग्रेस के आज प्रदर्शन पर गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि ननों की गिरफ्तारी का मामला न्यायालय में है और इसका निर्णय भी वहीं होगा। अब ऐसी बातों पर प्रदर्शन होगा तो ये कांग्रेस ही जाने। मामला कोर्ट में है। क्या कांग्रेस प्रदर्शन के जरिए न्यायालय पर दबाव बनाना चाहती है? दुर्ग जिले में स्कूल में ‘राधे-राधे’ बोलने पर छात्र की पिटाई के मामले पर गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि इस मामले का परीक्षण किया जा रहा है और उचित कार्रवाई की जाएगी।
ई-कॉमर्स कंपनियों के माध्यम से संदिग्ध चीजों की बिक्री पर लगाई जा रही रोक पर गृहमंत्री शर्मा ने कहा कि इस दिशा में लगातार काम किया जा रहा है. इस पर कठोरता से काम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जो ऐसे सामान की सप्लाई कर रहे हैं, वे इसे बंद कर दें।
कल रात तक हुई पंचायत विभाग की समीक्षा बैठक को लेकर शर्मा ने बताया कि 50 महतारी सदन तैयार हो रहें हैं। सीएम इनका लोकार्पण करेंगे। अगले 2-3 माह में राज्यभर में 200 महतारी सदन और बनाए जाएंगे। उसके बाद 170 और सदन की मंजूरी दी जाएगी।