बेमेतरा
लोगों ने पुजारी के चेहरे पर कालिख पोत निकाला जुलूस
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बेमेतरा, 8 अप्रैल। साजा स्थित मां महामाया मंदिर में नरबलि के प्रयास का मामला सामने आया है। मंदिर में तोडफ़ोड़ की घटना भी हुई है, जिसमें माता की मूर्ति खंडित हो गई है। पास में स्थित शिवलिंग में शास्त्र विरुद्ध चोला चढ़ाया गया। प्रकरण में तंत्र विद्या सीख रहे मंदिर के पुजारी धर्मेंद्र पांडेय पर विक्षिप्त युवक की बलि देने के लिए मंदिर लाने की घटना सामने आई हैं। मंदिर समिति के सदस्यों की रिपोर्ट पर पुलिस पुजारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई कर रही है। पुजारी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे 7 दिनों की रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
विक्षिप्त युवक ने मंदिर के पुजारी पर तंत्र विद्या सीखने के लगाए आरोप
जानकारी के अनुसार गुरुवार शाम करीब 6 बजे एक विक्षिप्त युवक मां महामाया मंदिर के गर्भ गृह में घुस गया। युवक ने वहां रखे माता के शस्त्र को उठा लिया। खौफ के कारण कोई भी भक्त गर्भ गृह में नहीं घुस रहा था। इस दौरान मंदिर समिति की ओर से साजा पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने विक्षिप्त युवक को मंदिर के गर्भ गृह से बाहर निकाला। इस दौरान विक्षिप्त युवक मंदिर के पुजारी को मारने व तंत्र विद्या सीखने की बात कह रहा था। पुलिस ने युवक को मंदिर से निकालने के बाद छोड़ दिया।
पुजारी नरबलि के उद्देश्य से युवक को लेकर मंदिर पहुंचा
युवक की धमकी से नाराज मंदिर के पुजारी रात करीब 1 बजे विक्षिप्त युवक को अपनी मोटरसाइकिल पर बैठाकर फिर से मंदिर ले आया। इसके बाद पुजारी ने युवक को मंदिर के गर्भ गृह में बंद कर प्रवेश द्वार पर ताला लगा दिया और अपने घर लौट गया। मंदिर के पुजारी की सारी गतिविधियां परिसर में लगे कैमरे में कैद हो गई। बताया जा रहा है कि मंदिर का पुजारी शराब के नशे में था। विक्षिप्त युवक को नरबलि के उद्देश्य से मंदिर लेकर आया था। यह बात मंदिर के पुजारी ने समिति के सदस्यों व भक्तों के समक्ष कबूल की है। शुक्रवार सुबह करीब 6 बजे मंदिर के साफ सफाई के लिए पहुंची महिला ने विक्षिप्त युवक को माता के गर्भ गृह में बंद पाया। इसके बाद महिला ने मंदिर समिति के सदस्यों को घटना की जानकारी दी। समिति के सदस्यों ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने विक्षिप्त युवक को फिर से मंदिर के गर्भ गृह से बाहर निकाला, लेकिन रात भर में विक्षिप्त युवक ने माता की प्रतिमा को नुकसान पहुंचाया था। मंदिर में गंदगी भी कर दी थी।
सीसीटीवी फुटेज में पुजारी की गतिविधियां कैद
मंदिर की इस हालत को देखकर समिति के सदस्य एवं भक्त आक्रोशित हो उठे। उन्होंने घटना की पुष्टि के लिए मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले, जिसमें इस घटना में मंदिर के पुजारी की संलिप्तता पाई गई। इसके बाद नाराज भक्तों ने मंदिर के पुजारी के मुंह पर कालिख पोत कर पूरे शहर भर में जुलूस निकालकर थाना लेकर पहुंचे। इस दौरान शहरवासी पुजारी खिलाफ जमकर नारेबाजी करने के साथ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
मंदिर का कराना होगा शुद्धिकरण
मंदिर समिति के अध्यक्ष विजेंद्र वर्मा, सदस्य डेनिश यादव समेत अन्य साजा थाना में पुजारी के खिलाफ अपराध दर्ज कराने पहुंचे थे। इस दौरान समिति के सदस्यों ने बताया कि पुजारी के इस कृत्य से शहरवासियों में खासी नाराजगी है। इसलिए कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर अपराध दर्ज कराया है। सदस्यों के अनुसार माता प्रतिमा को नुकसान पहुंचाया गया है। वहीं गर्भ गृह में विक्षिप्त युवक द्वारा गंदगी की गई है। इसलिए विधि विधान से मंदिर का शुद्धिकरण कराना होगा।
थाना प्रभारी साजा वीके पाटले ने बताया कि मंदिर के पुजारी के खिलाफ अपराध दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया। जहां से उसे 7 दिनों की रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। नरबलि के संबंध में समिति के सदस्यों से कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। मंदिर के पुजारी ने भीड़ के समक्ष भय के कारण विक्षिप्त युवक को नरबलि के उद्देश्य से लाने की बात कही, लेकिन पूरे घटनाक्रम में इस तरह की कोई गतिविधि सामने नहीं आ रही है।


