बलौदा बाजार
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बलौदाबाजार, 11 अगस्त। बलौदाबाजार के लवन गांव की रहने वाली 28 वर्षीय गर्भवती और उसके नवजात बच्चे की प्रसव के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने इस घटना के लिए जिला अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया हैं।
जानकारी के अनुसार संतोषी साहू को प्रसव पीड़ा होने पर सबसे पहले लवन के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया था। वहां प्रारंभिक इलाज के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बलौदाबाजार के जिला अस्पताल रेफर किया कर दिया गया।
परिजनों का कहना है कि संतोषी को शाम 7 बजे के करीब जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी तबीयत और भी बिगडऩे लगी। इस दौरान एक नर्स ने उसे दो इंजेक्शन लगाए। परिजनों का आरोप है कि इन इंजेक्शनों के बाद संतोषी की हालत में सुधार होने की बजाय वह और भी खराब हो गई।
रायपुर भेजा, रास्ते में मौत
जब संतोषी की हालत ज्यादा बिगड़ गई तो जिला अस्पताल के कर्मचारियों ने परिजनों को उन्हें किसी बड़े अस्पताल ले जाने की सलाह दी।
इसके बाद परिजन संतोषी को लेकर रायपुर के लिए निकले, लेकिन रास्ते में पलारी के पास ही उसकी मौत हो गई। इस दुखद घटना में उसका बच्चा भी जीवित न नहीं रह सका।
इस घटना के बाद संतोषी के परिजनों में गहरा आक्रोश हैं। उन्होंने जिला अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि अगर सही समय पर उचित इलाज मिलता तो संतोषी और उसके बच्चे की जान बचाई जा सकती थी। परिजनों ने इस मामले की गहन जांच की मांग की है और न्याय की गुहार लगाई है।


