छत्तीसगढ़ के चिकित्सकों को अगली पीढ़ी की तकनीकों में सक्षम बनाने प्रतिबद्ध-डॉ. दवे
रायपुर, 16 नवंबर। डॉ. संदीप दवे, मैनेजिंग एवं मेडिकल डायरेक्टर, रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल ने बताया कि हॉस्पिटल ने इन्ट्यूटिव जो रोबोटिक-असिस्टेड सर्जरी की वैश्विक अग्रणी कंपनी है, के सहयोग से 5वीं मंजि़ल के कॉन्फ्रेंस हॉल में रोबोटिक गायनेकोलॉजिकल सर्जरी पर एक अनूठा केयर एवं लाइव वर्कशॉप सफलतापूर्वक आयोजित किया।
डॉ. दवे ने बताया कि इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में जटिल गायनेकोलॉजिकल मामलों की लाइव रोबोटिक सर्जरी जैसे — रेडिकल हिस्टरेक्टॉमी, ओवेरियन सिस्टेक्टॉमी, बड़े फाइब्रॉइड्स के लिए हिस्टरेक्टॉमी एवं अन्य चुनौतीपूर्ण प्रक्रियाएँ शामिल थीं, जिससे मिनिमली इनवेसिव रोबोटिक सर्जरी में नवीनतम प्रगतियों का प्रदर्शन किया गया। रामकृष्ण ष्ट्रक्रश्व हॉस्पिटल ने एक ही दिन में 6 रोबोटिक सर्जरी कर एक और उपलब्धि हासिल की।
डॉ. दवे ने बताया कि वर्कशॉप में वरिष्ठ गायनेकोलॉजिस्ट — डॉ. मोनिका अग्रवाल, डॉ. नीना गुहा, डॉ. पलक गवरी, डॉ. प्रीति साहा, डॉ. अंशु गुप्ता तथा युवा एवं डायनेमिक सर्जन —डॉ. उमा त्रिपाठी, डॉ. मृणालिनी अग्रवाल, डॉ. किशन चिरनिया ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस कार्यक्रम का लाइव प्रसारण वैश्विक स्तर पर भी किया गया, जिसमें 250 से अधिक डॉक्टर — रेजिडेंट्स, जूनियर डॉक्टर, कंसल्टेंट्स और सर्जन—शारीरिक रूप से एवं वर्चुअली जुड़े और 500+ रोबोटिक सर्जरी करने वाले विशेषज्ञ डॉ. संदीप दवे से शिक्षण प्राप्त किया।
डॉ. दवे ने बताया कि वर्कशॉप के दौरान रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल की सूक्ष्म रोगी देखभाल और निर्बाध आयोजन की व्यापक सराहना की गई, जो रोबोटिक सर्जिकल तकनीक में अस्पताल की विशेषज्ञता को दर्शाती है। इस वर्कशॉप का मुख्य उद्देश्य था — क्लीनिकल ज्ञान को बढ़ाना, सर्जिकल कौशल को उन्नत करना और रोबोटिक-असिस्टेड मिनिमली इनवेसिव सर्जरी में नवीनतम नवाचारों का अनुभव प्रदान करना।
डॉ. दवे ने बताया कि यह शैक्षणिक कार्यक्रम छत्तीसगढ़ भर के प्रमुख गायनेकोलॉजिस्ट, सर्जन, स्नातकोत्तर विद्यार्थियों और चिकित्सा पेशेवरों को एक मंच पर लेकर आया। प्रतिभागियों ने लाइव डेमो देखे, विशेषज्ञ फैकल्टी से संवाद किया और जाना कि रोबोटिक तकनीक आधुनिक गायनेकोलॉजिकल देखभाल में सर्जिकल प्रिसीजन, सुरक्षा और पोस्ट-ऑपरेटिव रिकवरी को कैसे बदल रही है।
डॉ. दवे ने बताया कि कार्यक्रम की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि रही — रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल द्वारा 500 से अधिक रोबोटिक सर्जरी का माइलस्टोन पार करना, जिससे यह मध्य भारत के प्रमुख उन्नत रोबोटिक सर्जरी केंद्रों में से एक बन गया है। यह उपलब्धि अस्पताल की टेक्नोलॉजी-ड्रिवन, विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
डॉ. दवे ने बताया कि यह वर्कशॉप गायनेकोलॉजी विभाग और मिनिमल एक्सेस एवं रोबोटिक सर्जरी विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया गया। कार्यक्रम में शामिल विशेषज्ञ पैनल-डॉ. ज्योति जैसवाल, चेयरपर्सन, डॉ. सुबुही नक़वी, कंसल्टेंट गायनेकोलॉजी, डॉ. चेतना रमानी, कंसल्टेंट गायनेकोलॉजी, डॉ. संदीप दवे, डायरेक्टर, रोबोटिक सर्जरी, डॉ. सिद्धार्थ तामस्कर, (लैप. सर्जन), डॉ. विक्रम शर्मा, (लैप. सर्जन), डॉ. शमीक दवे, जनरल सर्जरी। प्रतिभागियों को दा विंची 4थे जेनरेशन रोबोटिक सिस्टम का अनुभव भी मिला, जो अपनी अद्वितीय डेक्स्टेरिटी, प्रिसीजन और जटिल सर्जरी को न्यूनतम इनवेसिव तरीके से करने की क्षमता के लिए विश्व प्रसिद्ध है।
डॉ. दवे ने बताया कि रोबोटिक्स अब भविष्य नहीं—आज की वास्तविकता है। रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल रायपुर ने 500 से अधिक रोबोटिक सर्जरी पूरे कर चुके हैं, और हम छत्तीसगढ़ भर के चिकित्सकों को अगली पीढ़ी की तकनीकों को अपनाने और बेहतर रोगी परिणाम देने के लिए सक्षम बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
डॉ. सिद्धार्थ तामस्कर, सीनियर कंसल्टेंट सर्जन ने बताया कि 500 सर्जरी का माइलस्टोन रामकृष्ण केयर हॉस्पिटल की रोबोटिक सर्जरी में उत्कृष्टता को दर्शाता है। सिस्टम की उन्नत डेक्स्टेरिटी एवं हमारे संस्थागत अनुभव को साझा करना इस क्षेत्र में रोबोटिक तकनीकों को अपनाने की गति को और बढ़ाएगा।
डॉ. जवाद नक़वी, सीनियर कंसल्टेंट सर्जन ने बताया कि रोबोटिक सर्जरी जटिल मामलों में अतुलनीय प्रिसीजन और नियंत्रण प्रदान करती है। ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम सर्जनों को उन्नत तकनीकों को अपनाने और मरीजों के लिए बेहतर परिणाम देने में बेहद महत्वपूर्ण हैं।
डॉ. सुबुही नक़वी, कंसल्टेंट गायनेकोलॉजी ने बताया कि दा विंची सिस्टम की प्रिसीजन क्रांतिकारी है। यह हमें गंभीर एंडोमेट्रियोसिस और जटिल हिस्टरेक्टॉमी जैसी अत्यधिक चुनौतीपूर्ण सर्जरी अत्यधिक सटीकता और कम ट्रॉमा के साथ करने में सक्षम बनाता है। ऐसे वर्कशॉप अधिक विशेषज्ञों को उन्नत देखभाल मानकों को अपनाने के लिए प्रेरित करते हैं।