सरगुजा
छत्तीसगढ़ टीचर्स एसो. ने सौंपा ज्ञापन
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रामचन्द्रपुर, 3 फरवरी। एल.बी. संवर्ग के शिक्षकों को प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा की गणना कर पूर्ण पेंशन देने की मांग को लेकर छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन, ब्लॉक इकाई रामचन्द्रपुर द्वारा सोमवार को अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) रामचन्द्रपुर एवं विकास खण्ड शिक्षा अधिकारी रामचन्द्रपुर को ज्ञापन सौंपा गया।
ब्लॉक अध्यक्ष अंचल यादव ने बताया कि माननीय उच्च न्यायालय, छत्तीसगढ़ (बिलासपुर) द्वारा रमेश चंद्रवंशी एवं अन्य, दिलीप कुमार साहू एवं अन्य, रामलाल डडसेना एवं अन्य सहित विभिन्न पेंशन याचिकाओं पर 23 जनवरी 2026 को दिए गए निर्णय में यह स्पष्ट किया गया है कि पेंशन एक कल्याणकारी योजना है तथा यह सेवाओं के बदले दिया जाने वाला स्थगित पारिश्रमिक है। न्यायालय ने यह भी प्रतिपादित किया कि संविलियन से पूर्व दी गई दीर्घकालीन सेवाओं को अप्रासंगिक मानकर नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
उच्च न्यायालय ने पुनर्विचार के दौरान सेवा की निरंतरता, कर्तव्यों की प्रकृति, वेतन का स्रोत, प्रशासनिक नियंत्रण तथा संविधान के अनुच्छेद 14 एवं 16 के अंतर्गत समानता के सिद्धांतों को अनिवार्य रूप से ध्यान में रखने के निर्देश दिए हैं। इन्हीं निर्देशों के आधार पर छत्तीसगढ़ टीचर्स एसोसिएशन द्वारा पूरे प्रदेश में शासन से संविलियन पूर्व सेवा को पेंशन योग्य सेवा मान्य करने हेतु आदेश जारी करने की मांग की जा रही है।
अंचल यादव ने कहा कि एल.बी. संवर्ग के अनेक शिक्षक जीरो पेंशन में रिटायर हो रहे हैं, जो अत्यंत पीड़ादायक स्थिति है। वर्ष 1998 एवं 2005 में नियुक्त शिक्षक लगातार सेवानिवृत्त हो रहे हैं, लेकिन संविलियन के बाद 10 वर्ष की सेवा पूर्ण नहीं होने के कारण वे न्यूनतम पेंशन के दायरे में भी नहीं आ पा रहे हैं।
वर्ष 2018 में संविलियन हुए हजारों शिक्षक 2028 तक सेवानिवृत्त होंगे, जिनके जीरो पेंशन में रिटायर होने की आशंका है।
उन्होंने बताया कि 60 हजार से 90 हजार रुपये तक अंतिम वेतन पाने वाले शिक्षक भी जीरो पेंशन में रिटायर हो रहे हैं, जिससे उनका सामाजिक सम्मान, जीवन-स्तर और पारिवारिक स्थिति प्रभावित हो रही है। स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव में कई सेवानिवृत्त शिक्षक छोटे-मोटे कार्य करने को मजबूर हैं। यह समस्या केवल वर्तमान सेवानिवृत्त शिक्षकों की नहीं, बल्कि भविष्य में सेवानिवृत्त होने वाले सभी शिक्षकों की है।
इस अवसर पर सहायक शिक्षकों की वेतन विसंगति दूर करने की मांग भी उठाई गई।
कार्यक्रम में प्रदेश संगठन मंत्री मणि यादव, जिला उपाध्यक्ष मंटू ठाकुर, जिला महामंत्री संजय कुमार गुप्ता, ब्लॉक सचिव रमन गुप्ता सहित अजय गुप्ता, सुरेश प्रसाद गुप्ता, जय सिंह सूर्यवंशी, रमेश मिश्रा, उमेश चंद्र कौशिक, बबन सिंह, विनोद रवि, लक्ष्मी सोनी, चंद्रदीप यादव, काशी गुप्ता, शिवचन राम, सतीश यादव, अवध किशोर सिंह, प्रमेश ठाकुर, कपिल मिंज, दयानंद मिंज, इमरान खान, सुधीर यादव, दिनेश यादव सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे।


