सूरजपुर

वन विश्रामगृह अश्लील डांस पार्टी: दो अफसर निलंबित, रेंजर को नोटिस
13-Jan-2026 10:21 PM
 वन विश्रामगृह अश्लील डांस पार्टी: दो अफसर निलंबित, रेंजर को नोटिस

प्रदेश भर के रेस्ट हाउसों में सीसीटीवी अनिवार्य

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

सूरजपुर,13 जनवरी। सूरजपुर जिले के रामानुजनगर सर्किल अंतर्गत वन विभाग के कुमेली विश्राम गृह में आयोजित अश्लील डांस पार्टी का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद वन विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। मामले में डिप्टी रेंजर रविशंकर तिवारी एवं वनपाल शैलेश टीना लकड़ा को निलंबित कर दिया गया है, जबकि रामानुजनगर के तत्कालीन रेंजर आर.सी. प्रजापति को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए जिला वन मंडलाधिकारी (डीएफओ)ने वीडियो में दिखाई दे रहे लोगों की पहचान कर प्राथमिकी दर्ज कराने हेतु पुलिस अधीक्षक को पत्र भी लिखा है। बताया गया कि कुमेली वन विश्राम गृह में बार बालाओं के ठुमकों के साथ शराब-कबाब पार्टी का वीडियो दो दिन पूर्व वायरल हुआ था, जिससे जिले में हडक़ंप मच गया।

इधर, इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश स्तर पर भी सख्ती बरती गई है। प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख छत्तीसगढ़ वी. श्रीनिवास राव ने 12 जनवरी को प्रदेश के सभी मुख्य वन संरक्षक एवं जिला वन मंडलाधिकारियों को पत्र जारी कर सभी वन विश्राम गृहों एवं निरीक्षण कुटीरों में सीसीटीवी कैमरे अनिवार्य रूप से लगाने के निर्देश दिए हैं।

जारी आदेश में कहा गया है कि वन विश्राम गृहों एवं निरीक्षण कुटीरों में अधिकारी, कर्मचारी एवं आगंतुकों का नियमित आवागमन होता है, ऐसे में सुरक्षा, अनुशासन, संपत्ति संरक्षण एवं किसी भी अप्रिय घटना की रोकथाम के लिए प्रवेश द्वार, रिसेप्शन, पार्किंग स्थल, कॉरिडोर सहित अन्य संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं। इसके साथ ही रेस्ट हाउस में ठहरने या आने-जाने वाले सभी व्यक्तियों की पहचान पत्र (आधार कार्ड) की प्रविष्टि रजिस्टर में संधारित करना अनिवार्य किया गया है।

पत्र में यह भी स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि भविष्य में यदि किसी भी वन निरीक्षण कुटीर या विश्राम गृह में अनधिकृत प्रवेश अथवा अनुशासनहीनता पाई जाती है, तो संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम-3 के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। हालांकि वन अमले का दावा है कि वायरल वीडियो डेढ़-दो वर्ष पुराना है, लेकिन मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने जांच प्रारंभ कर दी है और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की बात कही है।


अन्य पोस्ट