सूरजपुर

पशु तस्करी, अवैध परिवहन में इस्तेमाल ट्रक राजसात
07-Dec-2025 10:11 PM
 पशु तस्करी, अवैध परिवहन में इस्तेमाल ट्रक राजसात

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

सूरजपुर, 7 दिसंबर। जिले में पशु क्रूरता और अवैध पशु परिवहन के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रवैया अपनाया है। छत्तीसगढ़ कृषक पशु परीरक्षण अधिनियम के तहत दर्ज एक महत्वपूर्ण प्रकरण में जब्त किए गए ट्रक को शासन के पक्ष में राजसात करने का आदेश कलेक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट एस. जयवर्धन ने जारी कर दिया है। यह आदेश एसएसपी प्रशांत कुमार ठाकुर द्वारा भेजे गए प्रतिवेदन के आधार पर जारी किया गया है।

एसएसपी प्रशांत कुमार ठाकुर ने बताया कि 11 जून 2025 को पशु तस्करी की यह बड़ी कार्रवाई तब सामने आई, जब खोपा की ओर से आ रहे ट्रक क्रमांक यूपी 64 बीटी 1334 को लोधिमा चौक के पास पुलिस ने संदेह के आधार पर रोका था।

जांच के दौरान अधिकारी भी चकित रह गए क्योंकि ट्रक की क्षमता से कई गुना अधिक 16 भैंस, 4 भैंसे व 1 पडिय़ा को ठूंसकर भरा गया था। मवेशियों को मारपीट कर, क्रूरता से, बिना किसी अनुमति के कानपुर ले जाया जा रहा था।

पूछताछ में ट्रक मालिक मो. रहीम जियावन जिला सिंगरौली मप्र ने स्वीकार किया कि वह अपने साथियों के साथ अवैध रूप से पशुओं की ढुलाई कर रहा था। मामले में चौकी बसदेई में पशु क्रूरता अधिनियम धारा 11(1) (घ), छग कृषक पशु परीरक्षण अधिनियम की धारा 4, 6, 10 के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया था।

इस मामले में मो. रहीम, तनवीर अहमद, खालिद हुसैन सभी निवासी जिला सिंगरौली मप्र को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया था। कलेक्टर सूरजपुर एस जयवर्धन ने पूरे प्रकरण की सुनवाई पूरी कर गत दिनों 3 दिसंबर को ट्रक को राजसात करने का आदेश जारी कर दिया है। अब यह वाहन शासन की संपत्ति माना जाएगा और जल्द ही इसकी नीलामी की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। नीलामी से प्राप्त धनराशि शासन के निर्धारित मद में जमा होगी। साथ ही यदि भविष्य में माननीय न्यायालय से किसी प्रकार का निर्देश प्राप्त होता है, तो प्रशासन उसी के अनुरूप आगे की कार्रवाई करने की बात कही गई है।

ज्ञात हो कि जिला प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि पशु क्रूरता और अवैध तस्करी के मामलों में किसी भी व्यक्ति को राहत नहीं मिलेगी। ऐसी गतिविधियों में शामिल व्यक्तियों पर आगे भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।


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