रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 6 जनवरी। मंदिरहसौद के ग्राम चीचा में तीन वर्ष पूर्व हत्या करने की नीयत से युवक पर जानलेवा हमला करने वाले लोकू उर्फ लोकेशवर ध्रुव को द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश जितेन्द्र कुमार सिंह ने सजा सुनाई है। अदालत ने दो में से एक को दोष मुक्त किया, वहीं दूसरे को हत्या का प्रयास में दोषी ठहराते हुए 5 साल का कठोर कारावास और अर्थदंड से दंण्डित किया है।
ग्राम चीचा निवासी सागर डहरिया 26 दिसम्बर 2021 रिपोर्ट दर्ज कराई कि गांव में सतनाम प्रांगण में जयंती कार्यक्रम के दौरान रात 8 बजे रात को उसे खबर मिली कि तालाब के पास उसके चाचा का बेटा तुकेश और गांव के भूपेन्द्र का झगड़ा हो रहा है। तब वह अपने साथी टंगू मतवाले और भोजराज मतवाले के साथ वहां झगड़ा शांत कराने गया था। वहीं पर लोकू गोंड, छबि यादव, सुरेन्द्र यादव तुकेश के साथ झगड़ा कर रहे थे। इस बीच लोकू गोंड उसे जान से मारने की नीयत से अपने पास रखे चाकू से उसके पेट में मारकर प्राणघातक हमला कर दिया। छबि और सुरेन्द्र यादव हाथ-मुक्का से मारपीट किए। घायल को इलाज के लिए मंदिर हसौद शासकीय अस्पताल ले जाया गया। जिसके बाद उसे मेकाहारा में भर्ती कराया गया। सूचना पर पुलिस पीडि़त का बयान लेकर आरोपियों के खिलाफ धारा 307/34 का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया। विवेचना के दौरान विधि से संघर्षरत बालक को गिरफ्तार कर किशोर न्याय बोर्ड पेश करने पर सम्प्रेक्षण गृह में निरुद्ध किया गया। वहीं अभियुक्त छबि यादव व लोकू उर्फ लोकेश्वर धु्रव के न्यायालय के समक्ष आत्मसमर्पण किये जाने पर गिरफ्तार कर घटना में प्रयुक्त लोहे का धारदार बटनदार चाकू जप्त किया गया।
अभियुक्त के विरुद्ध अभियोग पत्र पेश किया गया है तथा विधि विरुद्ध संघर्षरत बालक के विरुद्ध पूरक अभियोग पत्र तैयार किया गया। अदालत ने अभियुक्त छबि यादव को धारा 307/34 के आरोप में दोषमुक्त करते हुए अभियुक्त लोकू उर्फ लोकेश्वर को इस आरोप में दोषसिद्ध किया पाया। जिसे अदालत ने 5 साल का कठोर कारावास और अर्थ दंण्ड से दंण्डित किया।


