रायपुर

खर्च को लेकर वित्त सचिव का एसीएस, पीएस को पत्र... यह उचित नहीं
03-Dec-2025 6:58 PM
खर्च को लेकर वित्त सचिव का एसीएस, पीएस को पत्र... यह उचित नहीं

राज्य पोषित योजनाओं की राशि के लिए जस्ट इन टाइम प्रणाली 31 तक सभी विभागों में लागू करेंगे

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 3 दिसंबर। वित्त विभाग ने राज्य पोषित योजनाओं की राशि के लिए जस्ट इन टाइम प्रणाली लागू करने कहा है। सभी विभागीय एसीएस पीएस और सचिव से कहा है कि 31 दिसंबर तक यह प्रणाली लागू किया जाना है। 

 वित्त सचिव ने कहा है कि कोई भी राशि कोषालय से तब तक आधरित नहीं की जायगी जब तक कि  तत्काल संवितरण किया जाना आवश्यक नहीं। मांग की प्रत्याशा में या बजट अनुदानों को व्यपगत होने से बचाने कोषालय से अग्रिम निकालना एक गम्भीर अनियमितता है। भारत सरकार द्वारा केन्द्र प्रवर्तित योजनाओं के लिये जस्ट इन टाइम प्रणाली पर आधारित एसएनए स्पर्श  मॉडल लागू किया गया है जिसकी इन योजनाओं में अग्रिम आहरण पर नियंत्रण संभव हो सका है। वर्तमान में विभिन्न राज्य पोषित योजनाओं के क्रियान्वयन के लिये राशि कोषालय से आहरित कर बैंक खातों में रखी जाती है। अग्रिम आहरण के कारण अप्रयुक्त राशि बैंक खातों में आइडिल पड़ी रह जाती  है।

मुख्य सचिव विकास शील ने निर्देश दिये हैं कि केन्द्र प्रवर्तित योजनाओं की भांति राज्य पोषित योजनाओं के लिए भी  Just in Time प्रणाली पर आधारित  Mother Child Account  व्यवस्था लागू की जाए।

इसे स्पष्ट करते हुए वित्त सचिव ने कहा है कि उदाहरण के लिए नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा नगरीय निकायों के अधोसंरचना विकास, मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना आदि के अंतर्गत नगरीय निकायों में कार्य स्वीकृत करते हुए राशि का अग्रिम आहरण कर बैंक खाते में रखी जाती है एवं संबंधित नगरीय निकायों के खातों में बाद में राशि किश्तों में अंतरित की जाती है। इसी प्रकार पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के द्वारा मूलभूत कार्यों हेतु अनुदान, मुख्यमंत्री समग्र ग्रामीण विकास योजना आदि के अंतर्गत ग्राम पंचायत क्षेत्रों में कार्य स्वीकृत करते हुए राशि अग्रिम आहरण कर जिला पंचायत के बैंक खाते से स्वीकृत की जाती है तथा संबंधित ग्राम पंचायत को बाद में राशि किश्तों में दी जाती है। यह प्रक्रिया उचित नहीं है तथा किसी भी स्वीकृत कार्य में कार्य की प्रगति के आधार पर राशि का भुगतान संबंधित एजेंसी को किया जाना चाहिए। सभी विभागों से अनुरोध है कि कृपया विभागीय बजट में राज्य योषित योजनाओं के लिए Just in Time प्रणाली आधारित Mother Child Account 31 दिसंबर तक लागू की जाये। इसके लिए संचालनालय कोष एवं लेखा द्वारा ई कोष में आवश्यक अवस्था की जाएगी। तदनुसार इस संबंध में समन्वय स्थापित कर शीघ्र कार्यवाही करने का कष्ट करें।


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