रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 27 सितम्बर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और मुख्य सचिव अमिताभ जैन को सौंपे पत्र में छत्तीसगढ़ अधिकारी कर्मचारी फेडरेशन ने स्थायी कर्मचारियों के लिए छत्तीसगढ़ पुलिस के समान संशोधित वेतन पैकेज की सुविधा प्रदान करने की मांग की है। फेडरेशन ने कहा कि भारतीय स्टेट बैंक द्वारा एक संशोषित वेतन पैकेज का प्रस्ताव छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग को बीते मार्च और 17 सितंबर को में प्रेषित कर चुकी है।
इस प्रस्ताव के अंतर्गत न तो राज्य शासन और न ही कर्मचारी/अधिकारी से कोई वितीय योगदान लिया जाएगा। सभी व्यय भारतीय स्टेट बैंक वहन करेगा।
इसके क्रियान्वयन हेतु राज्य शासन एवं भारतीय स्टेट बैंक के मध्य एक समझौता ज्ञापन किया जाना आवश्यक है। इसके तहत बैंक को कर्मचारियों से संबंधित आयु, पदस्थापना एवं कार्य प्रकृति आदि की जानकारी की आवश्यकता है ताकि जी.टी.एल.आई. (त्रञ्जरुढ्ढ) की प्रीमियम गणना की जा सकेगी। इसी तरह से
बैंक को कर्मचारियों की नियुक्ति, सेवा समाप्ति, सेवानिवृत्ति आदि की अद्यतन जानकारी समय-समय पर संबंधित विभागों द्वारा प्रदान की जानी है। बैंक के इस आफर पर ऐसा एमओयू झारखण्ड, आंध्रप्रदेश, नागालैंड, असम, तमिलनाडु में योजना सफलतापूर्वक लागू किया जा चुका है। छत्तीसगढ़ में लागू करने पर राज्य के 4 लाख से अधिक स्थायी कर्मचारी एवं उनके परिवार इस योजना से सीधे लाभान्वित होंगे। यह सुविधा उनके जीवन स्तर, सुख्खा एवं मनोबल को सशक्त बनाए?गी। परिणामस्वरूप, छत्तीसगढ़ सरकार का यह ऐतिहासिक निर्णय देश के लिए एक मिसाल बनेगा।
फेडरेशन ने सीएम से कहा कि इस विषय में आवश्यक पहल कर भारतीय स्टेट बैंक के प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान कर, शीघ्र एमओयू करने हेतु वित्त विभाग को निर्देशित करें।


