रायपुर
'छत्तीसगढ़' संवाददाता
रायपुर, 23 सितंबर। पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने मंगलवार को शराब घोटाला प्रकरण पर राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया है, और जांच पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा, कि घोटाले के एक आरोपी लक्ष्मीनारायण बंसल के बयान के आधार पर चैतन्य बघेल की गिरफ्तारी की गई। बंसल के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी हुआ है। बंसल परिवार के साथ है, लेकिन उसकी गिरफ्तारी नहीं हो रही है।
बघेल ने मीडिया से चर्चा में शराब घोटाला प्रकरण में जांच एजेंसियों की भूमिका पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि ईओडब्लयू-एसीबी ने नकली होलोग्राम बनाकर घोटाला होना बताया है। मगर सरकार बदलने के बाद होलोग्राम बनाने वाली कंपनी को बकाया भुगतान कर दिया गया।
उन्होंने सवाल उठाया कि शराब फैक्ट्री मालिकों के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
पूर्व सीएम ने आगे कहा कि प्लेसमेंट एजेंसी के खिलाफ प्रकरण तो दर्ज किया गया लेकिन ये कंपनियां अभी भी काम कर रही हैं। उन्हें बदला नहीं गया है।
उन्होंने चैतन्य की गिरफ्तारी मामले पर कहा कि लक्ष्मीनारायण बंसल के बयान पर चैतन्य की गिरफ्तारी की गई। खास बात ये है कि जिस कोर्ट से चैतन्य की जमानत अर्जी खारिज हुई है, उसी कोर्ट से बंसल के खिलाफ वारंट जारी हुआ है लेकिन उसकी गिरफ्तारी नहीं हुई है। पूर्व सीएम ने कहा कि बंसल को डरा धमकाकर बयान लिए गए हैं। बघेल ने कहा कि ईओडब्लयू-एसीबी अफसरों के खिलाफ काफी कुछ है, इस पर आने वाले समय में जरूर सामने लाएंगे।


