रायपुर
एक दिवसीय कार्यशाला
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 29 अगस्त। जिला पुलिस एवं जिला न्यायालय ने संयुक्त रूप से एन.डी.पी.एस. एक्ट की विवेचना के संबंध में पुलिस अधिकारियों के लिये मार्गदर्शन सत्र का आयोजन किया। इस मौके पर एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह सहित जिले के समस्त एएसपी , डीएसपी , थाना प्रभारी एवं विवेचक एवं प्र.आर. माल मोहर्रिर उपस्थित रहे। एसएसपी
डॉ. सिंह ने कहा कि कार्यशाला में उपस्थित समस्त अधिकारी/कर्मचारी को इसे गंभीरता से लेते हुये आने वाले समय में जो भी प्रक्रियात्मक त्रुटियां होती है उसे समाप्त करते हुये अधिक से अधिक सजा दिलाने की दिशा में कार्य करने कहा। प्रधान न्यायाधीश वर्मा ने कहा कि एन.डी.पी.एस. एक्ट में लगातार कार्यवाही करते हुये रायपुर जिला को नशे से मुक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा, कार्यवाही के दौरान होने वाली प्रक्रियात्मक त्रुटि एवं छोटी-छोटी तथ्यों को ध्यान में रखने से विवेचना स्तर उत्कृष्ट होगा।
विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट/एससी-एसटी एक्ट पंकज कुमार सिन्हा द्वारा विस्तार पूर्वक एन.डी.एस.एक्ट के प्रावधानों का उल्लेख करते हुये पुलिस के द्वारा की जाने वाली विवेचना में होने वाली त्रुटियों व कमियों को बताते हुये व्याख्यान दिया गया।
इसी प्रकार अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश रायपुर श्रीमती किरण थवाईत ने एन.डी.एस.एक्ट के रेग्युलेशन, नियम व धाराओं के प्रावधान पर बारिकी से गंभीरता पूर्वक चर्चा करते हुये उपस्थित अधिकारियों/कर्मचारियों को जानकारी दी । विवेचना के दौरान की जाने वाली त्रुटियों के संबंध में भी अवगत कराया। उपस्थित पुलिस अधिकारियों/कर्मचारियों के प्रश्नों का जवाब देने के साथ ही एन.डी.एस.एक्ट के विवेचना के दौरान आने वाली समस्याओं के संबंध में भी जानकारी देते हुये मार्गदर्शन दिया गया। जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश गिरीश मण्डावी तथा मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आनंद कुमार सिंह ने संबोधित किया।


