रायपुर

अवैध शराब बिक्री रोकने में प्रशासनिक नाकामी ग्रामीण व्यवस्था के तहत प्रतिबंध का प्रस्ताव
26-Aug-2025 9:17 PM
अवैध शराब बिक्री रोकने में प्रशासनिक नाकामी ग्रामीण व्यवस्था के तहत प्रतिबंध का प्रस्ताव

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता

रायपुर, 26 अगस्त। लगातार ध्यानाकर्षण के बाद भी अवैध शराब बिक्री रोकने में शासन - प्रशासन की असफलता के चलते नाराज ग्रामीणों ने ग्रामीण व्यवस्था के तहत इस पर प्रतिबंध लगाने का निर्णय ले बकायदा ग्राम सभा में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर इस पर रोक लगा दिया है । लिये गये निर्णय के अनुसार अवैध शराब बिक्री करते पकड़वाने वाले को पुरस्कृत व बेचने वाले को दंडित किया जावेगा । यह पूरा मामला मंदिर हसौद थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले राज्यपाल रहे रमेश बैस के ग्राम गोढ़ी का है ।

लगभग 5 हजार की आबादी वाले ग्राम गोढ़ी के ग्रामीण अवैध शराब बिक्री की वजह से ग्राम में व्याप्त अशांति से लंबे अरसे से आक्रोशित हैं । ठोस व प्रभावी कार्यवाही न? होने से उत्साहित  कोचियों  की संख्या एक - दूसरे के ?देखादेखी  दर्जन भर से ऊपर हो चला है । पूर्व के पंचायतों सहित वर्तमान पंचायत द्वारा शासन - प्रशासन का लगातार ध्यानाकर्षण कराये जाने के बाद भी इस पर रोक न लगने से व्यथित  ग्रामीणों का आक्रोश आयोजित ग्रामसभा की बैठक में फूट पड़ा । ग्रामीणों के आक्रोश व सुझाव पर इस पर ग्रामीण व्यवस्था के तहत ही रोक लगाने का पहल करने का निर्णय लिया गया । साथ ही  पकड़ाये जाने वाले विक्रेताओं का  जमानत किसी भी ग्रामवासी द्वारा न लिये जाने ?का आग्रह करने व खिलाफ जाने वाले के विरुद्ध ?भी कार्यवाही  का निर्णय लिया गया। इस संबंध में ग्राम में मुनादी करा ग्रामवासियों को सूचित करने व कोचियों को आगाह करने का भी निर्णय लिया गया है । बीते कल गोढ़ी पहुंचे क्षेत्र में शराब विरोधी मुहिम में सक्रिय किसान संघर्ष समिति के संयोजक भूपेंद्र शर्मा को ग्राम प्रमुखों ने यह जानकारी दी । श्री शर्मा ने पहल के लिये बधाई देते हुये इसकी जानकारी क्षेत्रीय सांसद बृजमोहन अग्रवाल व क्षेत्रीय विधायक  मंत्री गुरु खुशवंत साहेब को भी दे उनका समर्थन लेने व एक बार फिर पुलिस महानिदेशक अमरेश मिश्रा , पुलिस अधीक्षक डा लाल उमेद सिंह , नया रायपुर में पदस्थ अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विवेक शुक्ला व थाना प्रभारी आशीष यादव को दे असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाने पुख्ता प्रबंध करने का आग्रह ज्ञापन सौंप करने का सुझाव दिया । साथ ही उन्होंने क्षेत्रीय जिला पंचायत व जनपद सदस्य से भी आग्रह किया है कि वे ग्रामहित के निर्णय को समर्थन दे सक्रिय सहयोग प्रदान करें ।


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