रायपुर
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
रायपुर, 9 अगस्त। बिहार में विशेष मतदाता पुनरीक्षण के नाम पर बिहार में 65 लाख मतदाताओं के नाम काटने सहित अन्य ज्वलंत मुद्दों पर माकपा के राष्ट्रीय आव्हान पर शुक्रवार को राजधानी के आंबेडकर चौक में प्रदर्शन किया । अन्य मुद्दों में प्रदेश में अल्पसंख्यकों पर जारी हमलों पर रोक लगाने, दुर्ग में झूठे आरोपों पर ननों पर दर्ज प्रकरण वापस लेकर उनसे दुर्व्यवहार करने वालों पर प्रकरण वापस लेने, बांग्लादेशी के नाम पर बांग्ला भाषियों के साथ जारी अमानवीय उत्पीडऩ, हसदेव के जंगलों की अडाणी द्वारा जारी अंधाधुंध कटाई को केंट परियोजना की मंजूरी देकर छत्तीसगढ़ के पर्यावरण को खतरे में डालने का फैसला वापस लेने, प्रदेश की साय सरकार द्वारा बिजली दरों में वृद्धि एवं हाफ बिजली बिल को 400 यूनिट से घटकर 100 यूनिट करना शामिल है।
सभा को संबोधित करते राज्य सचिव मंडल सदस्य धर्मराज महापात्र ने कहा कि बिहार में एस आई आर की आड में जारी खेल भारत के लोकतांत्रिक इतिहास का सबसे बड़ा अपराधिक कृत्य है।
यह भारतीय लोकतंत्र का काला अध्याय है और इसके खिलाफ संघर्ष तेज किया जाएगा। प्रदर्शन व सभा का संचालन माकपा जिला सचिव राजेश अवस्थी ने किया। इस प्रदर्शन में माकपा नेता एम के नंदी, नवीन गुप्ता, साजिद रजा, पत्रकार शकील साजिद, महिला नेत्री शालिनी टोप्पो, मारुति डोंगरे, सुरेंद्र शर्मा, राजेश पराते, संदीप सोनी, गजेन्द्र पटेल सहित कई जन संगठन के नेता शामिल थे।


