महासमुन्द
300 मानक बोरा खरीदी का लक्ष्य
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
महासमुंद, 3 मई। चालू सीजन के लिए जिले में इसी सप्ताह से तेंदूपता की तोड़ाई और खरीदी कर कार्य शुरू होने वजा रहा है। लघु वनोपज संघ ने इसकी तैयारी पूरी कर ली है। इस साल जिले में कुल 91 हजार 300 मानक बोरा तेंदूपता खरीदी का लक्ष्य रखा गया है। लघु वनोपज संघ के एसडीओ एआर अंजारे ने बताया कि जिले की कुल 15 प्राथमिक वनोपन समितियों के अंतर्गत 786 फड़ों में तेंदूपत्ता की खरीदी की जाएगी।
इन सभी कड़ों के लिए अग्रिम क्रे ताओं की नियुक्ति पहले ही की जा चुकी है। शासन की और से तेंदूपत्ता की खरीदी पिछले साल की तरह 5 हजार 500 रुपए प्रति मानक बोरे की दर से की जाएगी। इस हिसाब से संग्रहकों को 100 गड्डी प्रति सैकड़ा तेंदूपत्ता जमा करने पर 550 रुपए का भुगतान किया जाएगा। महासमुंद जिले में करीब 90 हजार संग्राहक इस संग्रहण कार्य से जुड़ेंगे। जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर रोजगार का सूजन होगा। प्रत्येक फ ड़ में पत्ते ेखरीदी और रिकॉर्ड संधारण के लिए मुंशियों की नियुक्ति की गई है। इन फड़ मुंशियों को खरीदी दिवस तक 7 हजार 200 रुपए का मानदेय दिया जाता है। खरीदी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने और गुणमता बनाए रखने के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं।
तेंदूपता संग्राहक परिवार के मुखिया की असमय मृत्यु होने पर 2 लाख रुपए और दुर्घटना में मृत्यु होने पर भी 2 लाख रुपए की बीमा राशि प्रदान की जाती है। इसके अलावा परिवार के सदस्यों को 12 हजार रुपए की सहायता दी जाती है। संग्राहक परिवारों के बच्चों को पढ़ाई में मदद के लिए प्रवृति और मेधावी छात्रवृत्ति योजना का लाभ दिया जाता है। इसके तहत कक्षा 10वीं और 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को विशेष प्रोत्साहन राशि मिलती है। जंगलों में पत्ता तोडऩे के दौरान संग्राहकों के पैरों की सुरक्षा के लिए चरण पादुका योजना के तहत जूते और चप्पलों का वितरण किया गाया है। पिछले सत्र में जिले के कुल 92 हजार 58 संघाकों को चरण पादुका का वितरण किया गया था।


