महासमुन्द

महासमुंद मेडिकल कॉलेज के प्रस्तावित हॉस्पिटल, सहित अन्य सुविधाओं का जायजा लेने पहुंची एनएमसी की टीम
24-Aug-2021 5:59 PM
महासमुंद मेडिकल कॉलेज के प्रस्तावित हॉस्पिटल, सहित अन्य सुविधाओं का जायजा लेने पहुंची एनएमसी की टीम

संसदीय सचिव अफसरों से मिलने पहुंचेे

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
महासमुंद, 24 अगस्त।
नए मेडिकल कॉलेज के निरीक्षण के लिए सोमवार को नेशनल मेडिकल काउंसिल (एनएमसी की टीम) महासमुंद पहुंची। तीन सदस्यीय इस टीम ने यहां मेडिकल कॉलेज के लिए प्रस्तावित हॉस्पिटल, कॉलेज भवन, लैब, मेस सहित अन्य सुविधाओं का जायजा लिया। टीम ने यहां करीब 10 घंटे का समय बिताया। 

बताया गया है कि यह टीम मंगलवार को भी यहां मौजूद हैं और विभिन्न विषयों पर अधिकारियों से जानकारी लेकर उसका निरीक्षण कर रही है। चर्चा है कि आज होने वाले निरीक्षण के बाद एनएमसी की टीम मेडिकल कॉलेज के डीन सहित अन्य अधिकारियों के साथ मिलकर रिपोर्ट तैयार करेगी और यह रिपोर्ट मेडिकल काउंसिल को सबमिट की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग के संसदीय सचिव विनोद सेवनलाल चंद्राकर ने मेडिकल कॉलेज पहुंचकर अधिकारियों से मुलाकात की। उन्होंने छत्तीसगढ़ से कहा है कि तैयार होने वाले रिपोर्ट के आधार पर जो भी कमियां नजर आएगी, उसे शासन-प्रशासन स्तर पर प्रयास कर पूरा किया जाएगा।

सोमवार को एनएमसी की टीम अचानक सप्राइज विजिट पर महासमुंद पहुंची। टीम में डॉ. गुरुदत्त कर्नाटक, डॉ. शैलेष एम पटेल गुजरात और डॉ. शैलेष गोयल दिल्ली शामिल हैं। टीम ने सबसे पहले डीन डॉ.पीके निगम से मुलाकात की। इसके बाद टीम सीधे मेडिकल कॉलेज के लिए प्रस्तावित कॉलेज भवन जीएनएम बिल्डिंग पहुंची। यहां लेक्चर हॉल और उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया। मेस की व्यवस्था को भी टीम ने ओके किया। मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. पीके निगम ने बताया कि एनएमसी की टीम प्रस्तावित कॉलेज कैंपस और हॉस्पिटल का जायजा लिया है। टीम आज भी निरीक्षण करेगी, इसके बाद फाइनल रिपोर्ट सबमिट करेगी। इस दौरान सीएमएचओ डॉ. एनके मंडपे, प्रो. डॉ. ए आर वर्मा मौजूद थे।

जानकारी मिली है कि मंगलवार को टीम नए मेडिकल कॉलेज भवन, हॉस्पिटल के लिए प्रस्तावित जमीन की प्रोग्रेस रिपोर्ट, स्टीमेट और ड्राइंग डिजाइन का निरीक्षण कर सकती है।
जिला अस्पताल के ब्लड बैंक का भी एनएमसी की टीम निरीक्षण करेगी। चर्चा में तो यह भी है कि मेडिकल कॉलेज की मान्यता को लेकर फैकल्टी की कमी बड़ी परेशानी बन सकती है। मेडिकल कॉलेज के लिए स्टॉफ की नियुक्ति की जा चुकी है, लेकिन सोमवार तक 15 डॉक्टरों ने अपनी ज्वाइनिंग नहीं दी थी।


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