ताजा खबर
कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर के आरएसएस और अल-क़ायदा से जुड़े बयान पर बीजेपी की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया आ रही है.
मणिकम टैगोर ने रविवार को कहा था, "आरएसएस एक नफ़रत वाला संगठन है. नफ़रत फैलाता है, नफ़रत का बीज बोता है, नफ़रत का प्रोपैगैंडा करता है. अल-क़ायदा जैसा एक संगठन है. अल-क़ायदा नफ़रत फैलाता है, आतंक फैलाता है. वो भी सुनियोजित है."
कांग्रेस नेता के इस बयान पर बीजेपी समेत कई दलों की प्रतिक्रिया आ रही है.
हरियाणा सरकार में मंत्री रणबीर सिंह ने कहा, "ये दुर्भाग्य है कि कांग्रेस पार्टी के लोगों की ऐसी सोच है. यही कारण है कि देश के अंदर निरंतर कांग्रेस पार्टी का ग्राफ़ गिरता जा रहा है. आरएसएस एक ऐसी संस्था है जो राष्ट्र प्रथम रखकर काम करती है."
बीजेपी नेता और उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा, "कांग्रेस प्रतिबंध लगाए हुए थी. हमेशा से हम लोगों के ख़िलाफ़ रही है. कांग्रेस कभी भी राष्ट्र के साथ नहीं रही. जिन लोगों ने देश और राष्ट्र के लिए काम किया, उनके लिए कुछ भी नहीं किया."
बीजेपी नेता गुरु प्रकाश पासवान ने कहा, "संघ को किसी से प्रमाण पत्र लेने की आवश्यकता नहीं है... मणिकम टैगोर हों या दिग्विजय सिंह हों, उनको आत्मअवलोकन करने की आवश्यकता है."
वहीं, एनडीए के सहयोगी दल रिपब्लिकन पार्टी ऑफ़ इंडिया के अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कहा, "ये लोग झूठे आरोप लगाते रहते हैं. मुझे लगता है कि आरएसएस को अल-क़ायदा बोलना ठीक नहीं है. आरएसएस के साथ मतभेद हो सकते हैं, लेकिन अल-क़ायदा का उदाहरण देना बिल्कुल ठीक नहीं है." (bbc.com/hindi)


