गरियाबंद
भारतमाला मुआवजा घोटाला
झूठे प्रकरण में फंसाने और जानमाल के खतरे की जताई आशंका
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
नवापारा-राजिम, 7 जून। भारतमाला सडक़ परियोजना मुआवजा घोटाले में महत्वपूर्ण दस्तावेजी और गोपनीय जानकारी उपलब्ध कराने वाले ग्राम चंदना चौकी करेलीबड़ी निवासी कृष्ण कुमार साहू ने स्वयं एवं अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर पुलिस प्रशासन से सुरक्षा की मांग की है। उन्होंने आशंका जताई है कि घोटाले में संलिप्त प्रभावशाली लोग उन्हें झूठे मामलों में फंसाने और नुकसान पहुंचाने की साजिश रच रहे हैं।
कृष्ण कुमार साहू ने बताया कि वे खेती-किसानी का कार्य करते हैं तथा समय-समय पर विभिन्न अपराधों और अनियमितताओं की जानकारी शासन को उपलब्ध कराते रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि भारतमाला सडक़ परियोजना मुआवजा घोटाले में धमतरी, रायपुर, दुर्ग और राजनांदगांव जिले में मुआवजा वितरण में व्यापक गड़बड़ी कर शासन को अरबों रुपये की आर्थिक क्षति पहुंचाई गई है।
उन्होंने कहा कि उनके द्वारा उपलब्ध कराई गई सूचनाओं के आधार पर राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो, एंटी करप्शन ब्यूरो तथा प्रवर्तन निदेशालय द्वारा लगातार जांच की जा रही है। जांच एजेंसियों ने कई आरोपियों के यहां छापेमारी, गिरफ्तारी और अवैध संपत्ति जब्ती जैसी कार्रवाई भी की है। मामला वर्तमान में जांच एजेंसियों और न्यायालय में विचाराधीन है। ईडी की कार्रवाई के बाद कुछ प्रभावशाली लोग बौखला गए हैं और अब उनके खिलाफ षड्यंत्र रच रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि गांव और आसपास के क्षेत्रों में कुछ लोगों को प्रलोभन देकर उनके खिलाफ झूठी शिकायत और बनावटी प्रकरण दर्ज कराने की कोशिश की जा रही है।
कृष्ण कुमार साहू ने पुलिस अधीक्षक धमतरी, रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, रायपुर तथा ईडी के क्षेत्रीय कार्यालय रायपुर को आवेदन सौंपकर सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है। उन्होंने प्रशासन से आग्रह किया है कि उनके खिलाफ किसी भी शिकायत की सूक्ष्म जांच के बाद ही कार्रवाई की जाए तथा प्रकरण के निराकरण तक उन्हें नियमित पुलिस सुरक्षा प्रदान की जाए।
उन्होंने कहा कि समय रहते सुरक्षा उपलब्ध नहीं कराई गई तो उनके एवं उनके परिवार के साथ किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना घट सकती है।


