दुर्ग
गांधी प्रतिमा के पास एकत्रित होकर योजना को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम रखने किया प्रदर्शन
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
दुर्ग, 22 दिसंबर। मनरेगा योजना का नाम बदलने पर कांग्रेसियों ने रोष व्यक्त किया है। दुर्ग जिला ग्रामीण युवा कांग्रेस अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने मनरेगा में ग्रामीणों को रोजगार देने को लेकर भाजपा सरकार की नियत में खोट बताया।
कांग्रेसियों ने गांधी प्रतिमा के पास एकत्रित होकर धरना प्रदर्शन करते हुए मनरेगा योजना को राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर ही रखने मांग की। इस दौरान कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा की केंद्र सरकार द्वारा राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम की मजदूरों को रोजगार देने की महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी का नाम बदलकर जी राम जी योजना करने पर जमकर भडक़े। उन्होंने गांधी प्रतिमा के सामने रघुपति राघव राजाराम, नरेंद्र मोदी को सद्बुद्धि दे भगवान भजन गाया। इस दौरान मौजूद दुर्ग जिले के कांग्रेस के सभी वरिष्ठ नेता व प्रतिनिधि सभी ने इसे गलत बताया है और इसकी कड़ी भत्र्सना की।
दुर्ग जिला ग्रामीण कांग्रेस अध्यक्ष राकेश ठाकुर ने कहा यह सरकार जब से केंद्र और राज्य में आई है तब से यह नहीं चाहती कि ग्रामीणों की आर्थिक व्यवस्था सुधरे मनरेगा में रोजगार देने की भाजपा की नियत में खोट है। उन्होंने कहा कि पूर्व में भूपेश बघेल की सरकार में 45 लाख कार्य दिवस मनरेगा में होते थे, जिसमें कटौती कर प्रथम वर्ष में 32 लाख कर किया गया और इस वर्ष 16 लाख कार्य दिवस कर दिया गया।
केंद्र सरकार मनरेगा में पहले 80 और 20 के आधार पर केन्द्र सरकार 80 प्रतिशत राशि देती थी अब केंद्र सरकार 60 प्रतिशत राशि दे रही है। राज्य सरकार पर 40 प्रतिशत का बोझ डाल दी जबकि राज्य सरकार के पास फंड की कमी है। मनरेगा का नाम जी राम जी करना केंद्र की सरकार राजनीति में सरकार के कार्यों में धर्म का और राम जी के नाम का इस्तेमाल कर रही है। राम के भक्ति सिर्फ यह नहीं है देश के सारे हिंदू और हम भी राम भक्त हैं यह सिर्फ राम नाम का उपयोग और लाभ लेने वाली सरकार है।
पूर्व विधायक अरुण वोरा ने कहा कि जब से यह सरकार आई है। पिछले 11 वर्षों से इन्होंने बस कांग्रेस की योजनाओं का नाम बदलने का और कांग्रेस की योजनाओं की झूठी वाह वाही लेने का कार्य किया है। यह सरकार न तो ग्रामीणों के प्रति ईमानदार है न किसानों के प्रति न ही आम आदमी के प्रति ईमानदार है। महात्मा गांधी का स्वप्न था कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था सुदृढ़ हो और लोगों को रोजगार मुहैया हो उसके लिए केंद्र की कांग्रेस सरकार ने महात्मा गांधी राष्र्टीय रोजगार गारंटी की योजना शुरू की, जिससे हमेशा गांव वालों को ग्रामीणों को फायदा हुआ।
दुर्ग शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष धीरज बकरीवाल ने कहा कि मनरेगा का नाम बदलना केवल ग्रामीणों के रोजगार को खत्म करने की साजिश नहीं बल्कि राष्ट्रपति महात्मा गांधी का भी बहुत बड़ा अपमान है। धरना प्रदर्शन के दौरान आर एन वर्मा, दीपक दुबे, लक्ष्मण चंद्राकर, अल्ताफ अहमद, रिवेंद्र यादव, अजय मिश्रा, राजकुमार पाली, नासिर खोखर, सुशील भारद्वाज, संजय कोहले, प्रेमलता साहू, संदीप वोरा, कमलेश साहू, संतोष बाफना, निकिता मिलिंद, राकेश हिरवानी, रत्ना नारमदेव, पालेश्वर ठाकुर, हितेश निर्मलकर, विनोद सेन, आयुष शर्मा, चिराग शर्मा, यश बाकलीवाल, गौरव उमरे, त्रिशरण डोंगरे, निक्की सिंह सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसी उपस्थित रहे।


