धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
धमतरी, 18 सितंबर। गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ... के जयकारों के साथ श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश को विदाई देना शुरू किया। रुद्री स्थित महानदी स्थित रुद्रेश्वर घाट में विसर्जन किया। नगर निगम के साथ ही पुलिस बल मौजूद रहे। सीसी टीवी कैमरे से निगरानी रखी गई। बड़ी मूर्तियों का विसर्जन निगम ने क्रेन से कराई।
17 सितंबर से विसर्जन का सिलसिला शुरू हो गया है। दिनभर में 50 से अधिक बड़ी मूर्तियों का विसर्जन किया गया। छोटी मूर्तियों का विसर्जन करने गोताखोरों की टीम भी तैनात थीं। करीब 10 से अधिक गोताखोर मौजूद थे, जिन्होंने दिनभर में 200 से अधिक छोटी मूर्तियां का विसर्जन किया। सुबह 10 बजे से रुद्री में विसर्जन का दौर शुरू हुआ। दिनभर यहां श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही।
नगर निगम ने पिछले 4 साल से शहर के तालाबों में विसर्जन पर प्रतिबंध लगाया है। शहर के प्रमुख तालाब आमातालाब, बनिया तालाब, शीतला तालाब समेत अन्य तालाबों के पास निगम की टीम मौजूद रहीं। वार्डों से पहुंचने वाले लोगों से मूर्तियां एकत्रित कर शाम को रुद्रेश्वर घाट में विसर्जित किया। 20 से अधिक मूर्तियों को निगम की टीम ने विधि-विधान से विसर्जन कराया। कई श्रद्धालु स्वयं रुद्री पहुंचकर विसर्जन किए।
विसर्जन के दौरान पूजा सामग्री के लिए अलग से कुंड बनाया गया था।


