धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
नगरी, 10 जुलाई। शासकीय कन्या माध्यमिक शाला मगरलोड में विदाई एवं सम्मान समारोह का आयोजन शाला विकास समिति के द्वारा किया गया।
संस्था की वरिष्ठ शिक्षिका चंद्रकुमारी साहू जी का अर्धवार्षिकी सेवा 30 जून को पूर्ण हुआ। जिसके पूर्णता के अवसर पर उनके सेवा तथा शैक्षणिक विकास के उनके योगदान एवं प्रयासों को यादगार बनाने एवम आभार हेतु सम्मान समारोह का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत ज्ञान दायिनी मां सरस्वती के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर माल्यार्पण और दीप वंदना के साथ प्रारंभ हुआ। सर्वप्रथम कार्यक्रम में स्वागत भाषण शाला विकास समिति के अध्यक्ष नोहर निषाद के द्वारा दिया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मगरलोड विकासखंड शिक्षा अधिकारी मनीष ध्रुव ने चंद्रकुमारी द्वारा एक शिक्षक के तौर पर किए गए कार्यों की सराहना की एवं उनके शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ उनके जीवन के अनेक गुणों का उन्होंने वर्णन किया, जिसमें उन्होंने उनके अनुशासन और समय पालन का विशेष रूप से उल्लेख किया तथा उनके जीवन को सफल और उपलब्धियां से भरा हुआ बताया।
अध्यक्षता कर रहे विकासखंड स्त्रोत समन्वय समग्र शिक्षा टामेश्वर ठाकुर ने भी चंद्रकुमारी के जीवन से जुड़े हुए अनेक पहलुओं को प्रकाशित किया और उनके द्वारा किए गए समाज सेवा का उन्होंने उल्लेख करते हुए आदिवासी समाज के बालिकाओं के प्रति साहू जी के सेवा कार्यों को स्मरण किया।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों ने चंद्रकुमारीजी के संघर्षों को याद करते हुए उनके संपूर्ण जीवन को परोपकारी और उनके व्यक्तित्व सरल और सहज बताया।
अंत में चंद्र कुमारी साहू ने उपस्थित छात्र-छात्राओं को अपने जीवन से जुड़े हुए अनेक संस्मरण सुनाए और विद्यार्थियों को सतत प्रयत्नशील होने का उन्होंने संकल्प दिलवाया। साहू जी ने शैक्षिक जीवन के साथ-साथ अपने पारिवारिक जीवन को कैसे बेहतर तालमेल से संस्कार युक्त जीवन बच्चो में दिया जा सकता है। इसका उदाहरण अपने परिवार से ही दिया।
ज्ञात हो कि उनकी सुपुत्री भारत की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा आईएएस उत्तीर्ण होकर सफलता प्राप्त की है। जिसका उन्होंने जिक्र किया और अपने लिए गौरव का विषय बताया। इसके पश्चात शाला विकास समिति एवं अनेक लोगों ने साहू जी को शाल श्रीफल एवं अनेक प्रकार के अंग वस्त्र नारियल पुष्प गुच्छ भेंटकर सम्मान दिया।
इस अवसर पर शिक्षक वीरेंद्र सरल, अर्चना, शकुंतला साहू, यशवंत साहू, बेणीराम साहू, चंद्रकला साहू, तुलाराम टंडन, कमलेश कुमार साहू, बीनू सोनी, फूलकुमारी पटेल, ज्योति, सुरुचि सावित्री विश्वकर्मा, मुनिया यादव, गिरजा सिन्हा सहित सभी अध्यनरत छात्र एवं छात्राएं उपस्थित थे।


