धमतरी

अक्ति तिहार के दिन देशी अंदाज में दिखे धमतरी विधायक
10-May-2024 6:24 PM
अक्ति तिहार के दिन देशी अंदाज में दिखे धमतरी विधायक

‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
धमतरी, 10 मई।
अक्ति तिहार छत्तीसगढ़ के प्रमुख त्योहारों में से एक है। इस अवसर पर धमतरी विधायक ओंकार साहू का देशी अंदाज देखने को मिला।

उन्होंने दिन कि शुरूआत गांव के ठाकुर देव की पूजा-अर्चना से की। इस अवसर पर उन्होंने  अपने हाथों से दोना पत्तल बनाकर उसमें धान का बीज डालकर गांव के ठाकुर देव में भोग के रूप में चढ़ाया और ठाकुर देव से कामना की कि क्षेत्र के सभी लोग धन-धान्य से समृद्ध रहे।

धमतरी विधायक ने कहा कि ग्रामीण जनजीवन में कृषि का अपना विशेष महत्व होता है इसलिए गांव में शुभ कार्यों कि शुरूआत ग्राम देवता ठाकुर देव कि पूजा अर्चना करके ही की जाती है इन दिनों गांव - गांव में  गांव बनाने कि परम्परा का निर्वहन किया जाता है इस दिन को छत्तीसगढ़ के प्रत्येक गांव में त्योहार के रूप में मनाया जाता है साथ ही एक दिन पूर्व घरों व गली- मोहल्ले की साफ - सफाई की जाती है। अक्ति के दिन अन्य किसानी कार्य नहीं किया जाता है यहां तक कि पीने का पानी भी ठाकुर देव की पूजा के बाद ही भरा जाता है।

परम्परा अनुसार पत्ते से बने दोने में धान भरकर भगवन को भोग लगाया जाता है व भगवान को भोग के रूप अर्पित कि धान को नयी टोकरी में मिलाते है तत्पश्चात कृषि कार्य से संबंधित बोवाई,निदाई , गुड़ाई, सिंचाई आदि को सांकेतिक रूप से ठाकुर देव के समक्ष किया जाता है। इस भोग लगे धान को किसान बीज के रूप खेत में बुवाई करते हैं तथा पूजा के दौरान ग्रामीण सामूहिक रूप से मिजयी सहाड़ा देव के समक्ष सांकेतिक रूप से करते हैं। 

धमतरी विधायक ओंकार साहू ने कहा कि इस दिन से नये फसल कि तैयारी कि शुरूआत हो जाती है मिट्टी के गुड्डे-गुडिय़ों की शादी कि परम्परा भी हमारे पूर्वजों ने इस त्यौहार को धरती से जोड़ा है जिससे हम जीवन के आधार माटी को जीवंत मानकर उसका सम्मान करें। 

इस दिन बच्चे मिट्टी के गुड्डे-गुडिय़ा बनाकर व गुड्डे-गुडिय़ों की शादी रचाकर अच्छी फसल के लिए अन्नपूर्णा माता से  आशीर्वाद मांगते हैं  वहीं सात प्रकार के बीजों का प्रसाद बनाकर लोगों को वितरण करते हैं  तथा इसके लिए बच्चों ने आम के पत्ते का मंडप सजाया गया और अन्य वर्षों की तुलना यह पर्व अधिक उत्साह के साथ मनाया। बच्चे गुड्डे-गुडिय़ों पर शादी के रस्म के रूप में तेल - हल्दी चढ़ाकर , मुकुट बांधकर  मंडप में बैठाया, लोकगीत गायन किया गया। 

बच्चे मायन नाचे में गाजे बाजे के साथ जमकर थिरके और घराती बराती कि रस्म गांव के बुजुर्गो पड़ोसियों और धमतरी विधायक ओंकार साहू ने निभाया और बच्चों को आशीर्वाद प्रदान  करते हुए बच्चों का मनोबल बढ़ाया।
                                 
धमतरी विधायक ओंकार साहू ने भगवान विष्णु के छठवें अवतार भगवान परशुराम की जयंती पर समस्त क्षेत्र वासियों को शुभकामनाएं दी। और कहा कि भगवान परशुराम पराक्रम का प्रतीक है। अन्याय के विरोध और मानवहित के लिए किये गये कार्यों के लिए उन्हें जाना जाता है।


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