धमतरी
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
कुरुद, 23 अक्टूबर। महानदी रेत घाट से अवैध उत्खनन एवं खदान संचालक पर ग्रामीणों से मारपीट करने की शिकायत लेकर बड़ी संख्या में ग्रामीण थाना पहुंचे। अगले दिन खदान संचालक के लोगों ने ग्रामीणों पर मारपीट, तोडफ़ोड़ करने का आरोप लगाते हुए थाने में लिखित आवेदन दिया। पुलिस दोनों पक्षों की शिकायत पर जांच कर रही है।
ज्ञात हो कि कुरुद विधानसभा के ग्राम पंचायत चारभाठा के पंच सरपंच सहित सैकड़ों महिला और पुरूष 21 अक्टूबर को रात 10 बजे पुलिस थाना कुरूद पहुंच आवेदन सौंपा।
गांव वालों ने शिकायत करते हुए खनन माफिया संजय बिहारी एवं उनके आदमियों पर गाली गलौज, मारपीट, जान से मारने की धमकी, धारदार हथियारों से डराना तथा मानसिक प्रताडऩा का गंभीर आरोप लगाते हुए, आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। इतना ही नहीं अवैध रेत उत्खनन एवं परिवहन पर पूरी तरह से रोक लगाने की बात कहते हुए मांग पुरी नहीं होने पर चुनाव बहिष्कार की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों द्वारा सौंपे गए ज्ञापन की पावती मांगने पर पुलिस ने फ़ोटो कॉपी मशीन खऱाब होने का हवाला देकर उन्हें खाली हाथ ही रुखसत कर दिया।
इसके बाद रविवार को दोपहर में ग्रामीण फिर पुलिस थाना पहुंच आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग उठाई। लेकिन पुलिस कोई कार्रवाई कर पाती इससे पहले ही शाम को गांव में दोनों पक्षों के बीच लडाई झगड़ा शुरू हो गया। गुस्साए ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया।
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम, एसडीओपी, टीआई आदि अधिकारी भारी पुलिस बंदोबस्त के साथ चारभाठा पहुंचे। देर रात तक ग्रामीणों की बैठक लेकर अधिकारियों ने दोनों पक्षों की बात सुनकर निष्पक्ष कार्रवाई का भरोसा दिलाया। लेकिन ग्रामीण इस बात से नाराज़ थे कि पुलिस ने उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की, और न ही खुदाई में प्रयुक्त चैन मांउटेन जब्त हुई, गांव में आतंक फैलाने वाले किसी भी बाहरी व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया। तब कहीं जाकर थनवार साहू, भारत, उमाबाई, गायत्री, अनीता, टेकराम आदि ग्रामीणों की शिकायत पर जांच का आश्वासन दिया गया।
दूसरे पक्ष से कल्याण सिंग, विरेन्द्र निशाद, गोपाल यादव ने ग्रामीणों पर मारपीट, मशीनों में तोडफ़ोड़ करने की शिकायत की है।
इस मामले में टीआई दीपा केंवट ने बताया कि दोनों पक्षों ने शिकायती आवेदन दिया है। पीडि़तों की एमएलसी कराई गई है, जांच टीम को मौके पर भेजा गया है, जांच में जो भी दोषी होगा उनके खिलाफ निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी।


