बेमेतरा
परिवार ने लगाया धोखे का आरोप, प्रशासन ने सावधानी बरतने की अपील की
‘छत्तीसगढ़’ संवाददाता
बेमेतरा, 24 नवंबर। नगर में घर-घर जाकर लोगों से संपर्क करने आई मध्य प्रदेश की तीन महिलाओं द्वारा स्वास्थ्य समस्याओं को ठीक करने के दावे किए जाने का मामला सामने आया है। वार्ड बाजारपारा के एक परिवार ने आरोप लगाया है कि महिलाओं ने उनकी दिव्यांग परिजन को ठीक करने का दावा किया और दवाओं की सूची देकर उनसे महंगी दवा खरीदवाई, जिसके बाद महिलाएं संपर्क से बाहर हो गईं।
परिवार का आरोप
पीडि़त परिजन रोशन कुमार यादव ने बताया कि उनके परिवार की एक महिला बोलने, सुनने और चलने में असमर्थ है। घर पहुंची तीन महिलाओं ने परिवार को यह कहते हुए दवा की सूची दी कि उससे बीमारी ठीक हो सकती है। परिवार के अनुसार, महिलाएँ 1 ग्राम की ‘कायापलट भस्म’ नामक दवा को एक दुकान से खरीदने के लिए कहकर चली गईं। दवा की कीमत 3000 रुपये प्रति ग्राम बताई गई।
परिवार ने लगभग 12 हजार रुपये खर्च कर दवा खरीदी, लेकिन लाभ न मिलने पर जब उन महिलाओं से संपर्क करने का प्रयास किया गया, तो उन्हें कोई जवाब नहीं मिला।
परिवार का कहना है कि इन महिलाओं ने अन्य लोगों को नि:संतानता और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं को भी ठीक करने का दावा किया था।
प्रशासन और पुलिस की अपील
जिला प्रशासन और पुलिस ने लोगों से ऐसे दावों से सावधान रहने की अपील की है।
जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. लोकेश साहू ने कहा कि किसी भी गारंटी वाले दावे पर विश्वास न करें। गूंगापन या बांझपन जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को गारंटी के साथ और तत्काल ठीक करने का दावा हमेशा झूठा होता है। कोई भी वैध डॉक्टर या प्रमाणित संस्थान इस तरह के दावे नहीं करता है। केवल प्रमाणित डॉक्टर से ही इलाज कराएं।
थाना प्रभारी मयंक मिश्रा ने कहा कि ऐसी स्थिति आने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें। पुलिस आवश्यक कार्रवाई करेगी। क्राइम हेल्पलाइन पर भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।


